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जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव का कार्यक्रम जारी, 19 मार्च को होगी वोटिंग
ब्यूरो/ अमर उजाला अमरोहा।
Updated Wed, 28 Feb 2018 02:48 AM IST
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जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी खाली होने के तीस घंटों बाद ही राज्य निर्वाचन आयुक्त ने जिला पंचायत अध्यक्ष के रिक्त पद के लिए उपचुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया है। कुर्सी के दावेदार 12 मार्च को नामांकन कराएंगे। जबकि इसके बाद नामांकन पत्रों की जांच होगी।
15 मार्च को नाम वापसी की प्रक्रिया होगी। जरूरत पड़ी तो 19 मार्च की सुबह 11 से 3 बजे तक जिला पंचायत सदस्य अपना अध्यक्ष चुनने के लिए वोटिंग करेंगे। मतदान खत्म होने के तत्काल बाद मतपत्रों की गिनती कराने के बाद विजयी उम्मीदवार की घोषणा होगी। चुनाव की प्रक्रिया जिला निर्वाचन अधिकारी व डीएम नवनीत सिंह चहल की मौजूदगी में होगी।
सूबे में भाजपा की सरकार बनने के बाद सपा की जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी डगमगाने लगी थी। कई बार कुर्सी को गिराने की कोशिश की गई। लेकिन, बार-बार कुर्सी गिरने से बच जाती थी। लेकिन, 31 जनवरी को भाजपा नेता भूपेंद्र चौधरी ने पत्नी जिपं सदस्य सरिता चौधरी की अगुवाई में 16 सदस्यों ने डीएम नवनीत सिंह चहल को जिला पंचायत अध्यक्षा रेनू चौधरी के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पत्र सौंप दिया था। जिसके बाद डीएम ने अविश्वास प्रस्ताव को लेकर वोटिंग के लिए 26 फरवरी निधार्रित की थी।
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फिलहाल सोमवार को अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान कराया गया। जिसमें 28 में से 15 सदस्यों ने वोटिंग के जरिए अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन कर दिया। जिसके बाद जिपं अध्यक्ष का पद खाली हो गया था। सीट खाली होने के करीब तीस घंटे बाद राज्य निर्वाचन आयुक्त मनोज कुमार ने जिलाधिकारी को निर्देशित कर दिया कि प्रदेश के आठ जिलों में जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए उपचुनाव होंगे। लिहाजा अमरोहा सीट पर भी 19 फरवरी को ही चुनाव कराया जाएगा। जिसकों लेकर जिला प्रशासन तैयारियों में जुट गया है।
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15 मार्च को नाम वापसी की प्रक्रिया होगी। जरूरत पड़ी तो 19 मार्च की सुबह 11 से 3 बजे तक जिला पंचायत सदस्य अपना अध्यक्ष चुनने के लिए वोटिंग करेंगे। मतदान खत्म होने के तत्काल बाद मतपत्रों की गिनती कराने के बाद विजयी उम्मीदवार की घोषणा होगी। चुनाव की प्रक्रिया जिला निर्वाचन अधिकारी व डीएम नवनीत सिंह चहल की मौजूदगी में होगी।
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सूबे में भाजपा की सरकार बनने के बाद सपा की जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी डगमगाने लगी थी। कई बार कुर्सी को गिराने की कोशिश की गई। लेकिन, बार-बार कुर्सी गिरने से बच जाती थी। लेकिन, 31 जनवरी को भाजपा नेता भूपेंद्र चौधरी ने पत्नी जिपं सदस्य सरिता चौधरी की अगुवाई में 16 सदस्यों ने डीएम नवनीत सिंह चहल को जिला पंचायत अध्यक्षा रेनू चौधरी के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पत्र सौंप दिया था। जिसके बाद डीएम ने अविश्वास प्रस्ताव को लेकर वोटिंग के लिए 26 फरवरी निधार्रित की थी।
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फिलहाल सोमवार को अविश्वास प्रस्ताव पर मतदान कराया गया। जिसमें 28 में से 15 सदस्यों ने वोटिंग के जरिए अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन कर दिया। जिसके बाद जिपं अध्यक्ष का पद खाली हो गया था। सीट खाली होने के करीब तीस घंटे बाद राज्य निर्वाचन आयुक्त मनोज कुमार ने जिलाधिकारी को निर्देशित कर दिया कि प्रदेश के आठ जिलों में जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए उपचुनाव होंगे। लिहाजा अमरोहा सीट पर भी 19 फरवरी को ही चुनाव कराया जाएगा। जिसकों लेकर जिला प्रशासन तैयारियों में जुट गया है।