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पांच दिन बाकी, 600 शौचालय को बनाना चुनौती
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अमरोहा। तिगरी मेला में अफसरों की लापरवाही सामने आ रही है। डेडलाइन में महज पांच दिन और हैं, लेकिन मेला परिसर में अभी 600 शौचालय बनाए जाने बाकी हैं। शौचालय में विलंब हुआ तो श्रद्धालुओं को दिक्कत हो सकती है। क्योंकि अगले सप्ताह से लोगों का आना शुरू हो जाएगा। मेला परिसर में कराए जा रहे कार्यों की समीक्षा 31 अक्तूबर को होनी है। इसके चलते संबंधित अफसर हलकान हैं।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में तिगरी मेला की लोकप्रियता सबसे अधिक है। कार्तिक पूर्णिमा पर स्नान किया जाता है। आस पास के जिलों के लगभग 20 लाख श्रद्धालु शामिल होते हैं। प्रदेश सरकार ने इस बार राजकीय मेला का दर्जा दिया है। ऐसे में कोई कमी न रह जाए। इसके लिए सभी पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है। जिला पंचायत को नोडल विभाग बनाया गया है। मेला परिसर को 11 सेक्टर में बांटा गया है। श्रद्धालुओं के लिए 1100 शौचालय बनाए जाने है ताकि श्रद्धालुओं को सहूलियत मिल सके। इसके लिए चार नवंबर की डेडलाइन तय की गई है। इस अवधि में सभी कार्यों को पूरा करना है, लेकिन अभी महज 500 शौचालय पूरे किए गए हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष सरिता चौधरी ने कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने मेला परिसर में कराए जा रहे कार्यों में प्रगति लाने का निर्देश दिया। कहा कि अविलंब शौचालय का निर्माण पूरा कर लिया जाए। इसमें किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मेला परिसर में कार्य कराए जा रहे हैं। अभी 500 शौचालय बनाए जा चुके हैं। निर्धारित अवधि में शौचालय बना लिए जाएंगे। ठेकेदार और संबंधित अफसरों को निर्देश दिया गया है। हरमिक सिंह, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत।
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पश्चिमी उत्तर प्रदेश में तिगरी मेला की लोकप्रियता सबसे अधिक है। कार्तिक पूर्णिमा पर स्नान किया जाता है। आस पास के जिलों के लगभग 20 लाख श्रद्धालु शामिल होते हैं। प्रदेश सरकार ने इस बार राजकीय मेला का दर्जा दिया है। ऐसे में कोई कमी न रह जाए। इसके लिए सभी पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है। जिला पंचायत को नोडल विभाग बनाया गया है। मेला परिसर को 11 सेक्टर में बांटा गया है। श्रद्धालुओं के लिए 1100 शौचालय बनाए जाने है ताकि श्रद्धालुओं को सहूलियत मिल सके। इसके लिए चार नवंबर की डेडलाइन तय की गई है। इस अवधि में सभी कार्यों को पूरा करना है, लेकिन अभी महज 500 शौचालय पूरे किए गए हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष सरिता चौधरी ने कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने मेला परिसर में कराए जा रहे कार्यों में प्रगति लाने का निर्देश दिया। कहा कि अविलंब शौचालय का निर्माण पूरा कर लिया जाए। इसमें किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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मेला परिसर में कार्य कराए जा रहे हैं। अभी 500 शौचालय बनाए जा चुके हैं। निर्धारित अवधि में शौचालय बना लिए जाएंगे। ठेकेदार और संबंधित अफसरों को निर्देश दिया गया है। हरमिक सिंह, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत।
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