{"_id":"684356edd0b0a2531a0b4ad0","slug":"four-accused-in-assault-sentenced-to-one-year-imprisonment-jpnagar-news-c-284-1-smbd1013-141344-2025-06-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amroha News: मारपीट में चार दोषियों को एक साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amroha News: मारपीट में चार दोषियों को एक साल की सजा
Sat, 07 Jun 2025 02:30 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Sat, 07 Jun 2025 02:30 AM IST
विज्ञापन
अमरोहा। छह साल पुराने मारपीट के मामले में न्यायालय ने चार दोषियों को एक साल की सजा सुनाई है। साथ ही आठ हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। सभी दोषी जमानत पर जेल से बाहर थे।
मारपीट की यह घटना रजबपुर गांव में हुई थी। यहां पर अनुसूचित जाति के रवि का परिवार रहता है। 12 जुलाई 2018 की शाम 8:30 बजे मोहल्ले में रहने वाले अकील, जुगनू, नवील और जुबेर शराब पीकर हुड़दंग कर रहे थे। साथ ही गांव निवासी रवि के घर के बाहर गाली-गलौज कर रहे थे। रवि ने विरोध किया तो आरोपियों ने मारपीट की।
लाठी-डंडों से बुरी तरह पीटकर घायल कर दिया। मामले में पुलिस ने अकील, जुगनू, नवील और जुबेर के खिलाफ मारपीट और एससी-एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था। बाद में पुलिस ने सभी आरोपियों का चालान कर दिया था। फिलहाल चारों जमानत पर जेल से बाहर थे।
विज्ञापन
मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं स्वास्थ्य न्यायाधीश विशेष एससी-एसटी एक्ट संजय चौधरी की अदालत में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी मनोज सक्सेना पैरवी कर रहे थे। शुक्रवार को न्यायालय ने मुकदमे में भी आखिरी सुनवाई की और साक्ष्यों व सबूतों के आधार पर अकील, जुगनू, नवील और जुबेर को दोषी करार दिया। साथ ही चारों को एक साल की सजा सुनाई और दो-दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
विज्ञापन
मारपीट की यह घटना रजबपुर गांव में हुई थी। यहां पर अनुसूचित जाति के रवि का परिवार रहता है। 12 जुलाई 2018 की शाम 8:30 बजे मोहल्ले में रहने वाले अकील, जुगनू, नवील और जुबेर शराब पीकर हुड़दंग कर रहे थे। साथ ही गांव निवासी रवि के घर के बाहर गाली-गलौज कर रहे थे। रवि ने विरोध किया तो आरोपियों ने मारपीट की।
विज्ञापन
लाठी-डंडों से बुरी तरह पीटकर घायल कर दिया। मामले में पुलिस ने अकील, जुगनू, नवील और जुबेर के खिलाफ मारपीट और एससी-एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था। बाद में पुलिस ने सभी आरोपियों का चालान कर दिया था। फिलहाल चारों जमानत पर जेल से बाहर थे।
विज्ञापन
मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं स्वास्थ्य न्यायाधीश विशेष एससी-एसटी एक्ट संजय चौधरी की अदालत में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी मनोज सक्सेना पैरवी कर रहे थे। शुक्रवार को न्यायालय ने मुकदमे में भी आखिरी सुनवाई की और साक्ष्यों व सबूतों के आधार पर अकील, जुगनू, नवील और जुबेर को दोषी करार दिया। साथ ही चारों को एक साल की सजा सुनाई और दो-दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।