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जैविक खेती की और कदम बढ़ाएं किसान : डीएम
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अमरोहा।
डीएम निधि गुप्ता वत्स ने कहा कि किसान जैविक खेती की ओर कदम बढ़ाएं। खेती में रसायनों का बढ़ता प्रयोग सेहत को नुकसान पहुंचा रहा है। साथ ही उन्होंने किसानों से कृषि विभाग की ओर से चलाई जा रही योजनाओं का लाभ लेने को कहा।
कलक्ट्रेट परिसर में आयोजित फसल अवशेष प्रबंधन व जैविक/प्राकृतिक कृषि जागरूकता गोष्ठी आयोजित हुई। इसकी शुरुआत डीएम ने की। उन्होंने वहां लगाए गए स्टॉल का भी निरीक्षण किया। डीएम ने कहा कि आने वाले पीढ़ी के लिए रसायनिक उर्वरकों का कम इस्तेमाल कर जैविक खेती को बढ़ावा दें। रसायनिक खेती से तैयार उत्पाद हमारी सेहत को भी नुकसान पहुंचा रहे हैं। डीएम ने किसानों से रोगीले गन्ने की प्रजाति 0238 की बुवाई न करने को कहा।
उन्होंने पराली और गन्ने की पत्ती को ना जलाने के साथ ही उसको खेत में सड़ाकर खाद के रूप में प्रयोग करने को कहा। कहा कि इससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति भी बढ़ेगी और रासायनिक खाद का भी इस्तेमाल नहीं करना होगा। कृषि उपनिदेशक डॉ. राम प्रवेश ने डीएम को कृषि विभाग की योजनाओं के बारे में जानकारी दी। बाद में डीएम ने कृषि विभाग के पराली ,गन्ना पत्ती अपशिष्ट प्रबंधन जागरूकता मोबाइल वैन को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर परियोजना निदेशक अमरेंद्र प्रताप सिंह भी मौजूद रहे।
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डीएम निधि गुप्ता वत्स ने कहा कि किसान जैविक खेती की ओर कदम बढ़ाएं। खेती में रसायनों का बढ़ता प्रयोग सेहत को नुकसान पहुंचा रहा है। साथ ही उन्होंने किसानों से कृषि विभाग की ओर से चलाई जा रही योजनाओं का लाभ लेने को कहा।
कलक्ट्रेट परिसर में आयोजित फसल अवशेष प्रबंधन व जैविक/प्राकृतिक कृषि जागरूकता गोष्ठी आयोजित हुई। इसकी शुरुआत डीएम ने की। उन्होंने वहां लगाए गए स्टॉल का भी निरीक्षण किया। डीएम ने कहा कि आने वाले पीढ़ी के लिए रसायनिक उर्वरकों का कम इस्तेमाल कर जैविक खेती को बढ़ावा दें। रसायनिक खेती से तैयार उत्पाद हमारी सेहत को भी नुकसान पहुंचा रहे हैं। डीएम ने किसानों से रोगीले गन्ने की प्रजाति 0238 की बुवाई न करने को कहा।
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उन्होंने पराली और गन्ने की पत्ती को ना जलाने के साथ ही उसको खेत में सड़ाकर खाद के रूप में प्रयोग करने को कहा। कहा कि इससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति भी बढ़ेगी और रासायनिक खाद का भी इस्तेमाल नहीं करना होगा। कृषि उपनिदेशक डॉ. राम प्रवेश ने डीएम को कृषि विभाग की योजनाओं के बारे में जानकारी दी। बाद में डीएम ने कृषि विभाग के पराली ,गन्ना पत्ती अपशिष्ट प्रबंधन जागरूकता मोबाइल वैन को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर परियोजना निदेशक अमरेंद्र प्रताप सिंह भी मौजूद रहे।
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