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अमरोहा में खादर में बीमारियां पसार रहीं पांव, स्वास्थ्य विभाग चुप
ब्यूरो/अमर उजाला, गजरौला।
Updated Fri, 05 Oct 2018 01:10 AM IST
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बुखार से पीड़ित भाई बहन।
- फोटो : amar ujala
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खादर में बुखार, वायरल और मलेरिया का प्रकोप बढ़ता जा रहा है, लेकिन स्वास्थ्य विभाग इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि टीम गांव में जाती है लेकिन खानापूर्ति करके आ जाती है। खून के नमूनों के आधार पर विशेषज्ञ डाक्टरों की टीम अब तक क्षेत्र में नहीं पहुंची है।
खादर क्षेत्र के गांव टीकोवाली, जाटोवाली, ढाकोवाली आदि में संक्रमित बीमारियां बढ़ती जा रही है। पिछले एक सप्ताह में खादर क्षेत्र में पांच लोगों की जान भी जा चुकी है। इसमें चार लोगों की मौत बुखार के कारण से हुई। जबकि एक की मौत की पुष्टि टीबी के कारण होने की बात स्वास्थ्य अधिकारियों ने स्वीकार की। इसके बावजूद केवल एक दिन कैंप लगाया गया। मंडी धनौरा सीएचसी के सीएमएस का दावा था कि गांव से खून के नमूने लिए गए हैं। लेकिन अब तक उनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर गांव में दवा वितरण के लिए कोई नहीं गया।
जाटोवाली में कई लोग मलेरिया और बुखार से पीड़ित हैं। इनमें रोशनी (13), राजकली (15), नरदेव (45), पुष्पेंद्र (18) के अलावा कई दूसरे लोग हैं। जबकि गांव ढाकोवाली में पूजा (9), निर्मल (50), चंचल (10), कुंवर पाल भी मलेरिया और बुखार से पीड़ित हैं।
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कुंवरपाल की पत्नी मोहनदेई इसी सप्ताह बुखार और टीबी के चलते अपनी जान गंवा चुकी है। जबकि उसकी भतीजी भी जान भी बुखार के चलते गई थी। सीएमओ ने इसकी पुष्टि की थी। कुंवरपाल का पूरा परिवार बुखार की चपेट में है।
ग्रामीणों ने कई बार स्वास्थ्य विभाग को इससे अवगत कराया है। लेकिन अब तक विभाग ने कोई ठोस रूपरेखा नहीं बनाई है।
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खादर क्षेत्र के गांव टीकोवाली, जाटोवाली, ढाकोवाली आदि में संक्रमित बीमारियां बढ़ती जा रही है। पिछले एक सप्ताह में खादर क्षेत्र में पांच लोगों की जान भी जा चुकी है। इसमें चार लोगों की मौत बुखार के कारण से हुई। जबकि एक की मौत की पुष्टि टीबी के कारण होने की बात स्वास्थ्य अधिकारियों ने स्वीकार की। इसके बावजूद केवल एक दिन कैंप लगाया गया। मंडी धनौरा सीएचसी के सीएमएस का दावा था कि गांव से खून के नमूने लिए गए हैं। लेकिन अब तक उनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर गांव में दवा वितरण के लिए कोई नहीं गया।
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जाटोवाली में कई लोग मलेरिया और बुखार से पीड़ित हैं। इनमें रोशनी (13), राजकली (15), नरदेव (45), पुष्पेंद्र (18) के अलावा कई दूसरे लोग हैं। जबकि गांव ढाकोवाली में पूजा (9), निर्मल (50), चंचल (10), कुंवर पाल भी मलेरिया और बुखार से पीड़ित हैं।
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कुंवरपाल की पत्नी मोहनदेई इसी सप्ताह बुखार और टीबी के चलते अपनी जान गंवा चुकी है। जबकि उसकी भतीजी भी जान भी बुखार के चलते गई थी। सीएमओ ने इसकी पुष्टि की थी। कुंवरपाल का पूरा परिवार बुखार की चपेट में है।
ग्रामीणों ने कई बार स्वास्थ्य विभाग को इससे अवगत कराया है। लेकिन अब तक विभाग ने कोई ठोस रूपरेखा नहीं बनाई है।