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Amroha News: जिले में बढ़े डिप्रेशन के मरीज, चिकित्सक दे रहे फोन से दूर रहने की सलाह

Thu, 20 Feb 2025 02:56 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा Updated Thu, 20 Feb 2025 02:56 AM IST
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Depression patients increased in the district, doctors are advising to stay away from mobile
अमरोहा।
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मोबाइल फोन का अधिक उपयोग मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी खतरा बन रहा है। जिला अस्पताल में डिप्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ी। बच्चे भी इसकी चपेट में आ रहे है। ओपीडी में पहले जहां करीब 50 डिप्रेशन के मरीज पहुंच रहे थे। अब इनकी संख्या 100 के पार पहुंच गई है। चिकित्सक एंग्जायटी डिसऑर्डर, डिप्रेशन जैसी बीमारी का मुख्य कारण मोबाइल मान रहे हैं। वे मरीजों को स्मार्टफोन से दूर रहने की सलाह दे रहे है।
जिला अस्पताल में तैनात मनोरोग चिकित्सक डॉ. लक्ष्मी ने बताया कि अस्पताल में रोजाना डिप्रेशन व एंग्जायटी डिसऑर्ड से संबंधी बीमारी के 100 से ज्यादा मरीज पहुंचे रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसका मुख्य कारण मोबाइल है, जिससे लोग कई बीमारियों का भी शिकार हो रहे हैं। अक्सर देखा जाता है कि जो लोग अकेले हैं या फिर भावानात्मक रूप से कमजोर हो रहे हैं, उनमें चिंता और तनाव का स्तर सामान्य लोगों के मुकाबले कई गुना अधिक होता जा रहा है। व्यक्ति डिप्रेशन में होता है, तो सिगरेट, शराब या अन्य नशीले पदार्थों के सेवन की लत लग जाती है। जिससे सेहत पर बुरा असर पड़ने लगता है।
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केस -1

अमरोहा के ही एक गांव की रहने वाली नवविवाहिता जब अपने ससुराल में पहुंची तो वह अधिक परेशान रहने लगी। हर छोटी बात पर विवाद करती थी, जिसके कारण डिप्रेशन से जूझने लगी। ससुराल पक्ष के लोग उसे अस्पताल में उपचार के लिए लाए। मोबाइल से दूरी बनवाते हुए करीब आठ माह तक उसका उपचार चलाया। अब विवाहिता ससुराल में अच्छा समय व्यतीत करने लगी है।
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केस- 2

जिले का ही एक एक बच्चा अधिक मोबाइल देखता था, उसके परिजनों को चिंता हुई और बच्चे को मोबाइल देना बंद कर दिया। जिससे बच्चा अवसाद में रहने लगा और खाना पीना भी छोड़ दिया। जिसका अस्पताल में इलाज किया गया और काउंसलिंग कराई तो बच्चे में काफी सुधार आया है।

केस- 3
गजरौला के एक युवक ने परास्नातक की पढ़ाई की हुई है, जो नौकरी नहीं मिलने और घर के खर्चे नहीं चलने के कारण परेशान था। घर में चुप रहना और चेहरे से हसी खत्म होना जैसे लक्षण आए। जिनको उपचार दिलाया। जिसके बाद सुबह शाम को व्यायाम करने के लिए प्रेरित किया, तब से उनकी सेहत में काफी सुधार है।

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डिप्रेशन से कैसे बचें
- घर से बाहर निकलें और साथियों के साथ समय व्यतीत करें
- अच्छी डाइट लें, किसी चुनौती से डरें न उसका सामना करें

- अनावश्यक रूप से मोबाइल न चलाएं, व्यायाम अवश्य करें
- दोरा या अन्य कोई एंग्जायटी की समस्या आए तो चिकित्सक से मिलें

- खाली समय में धार्मिक ग्रंथ पढ़ें, मनोरंजन के लिए गाने सुनें
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ड्रिपेशन के रोगियों की संख्या बढ़ रही है। बेचैनी और नींद नहीं आने की समस्या रहती है। जिन मरीजों की दवाई चल रही है वह लेते रहें। इसके अलावा लोग अपने मन की बात दूसरों के साथ साझा जरूर करें। कम से कम आधा घंटा व्यायाम जरूर करें। फास्ट फूड से परहेज करें। पानी ज्यादा से ज्यादा पीयें। सोने से करीब डेढ़ घंटा पहले मोबाइल छोड़ दें। - डॉ. लक्ष्मी, मनोरोग चिकित्सक
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