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निर्दोष पिता-पुत्र और रिश्तेदार की रिहाई की सुनवाई अब 31 को
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अमरोहा। लापता किशोरी को ऑनरकिलिंग बताकर पिता-पुत्र और रिश्तेदार को जेल भेजने के मामले में उनकी उनकी रिहाई के लिए शुक्रवार को सुनवाई हुई, जिसमें कोई निर्णय नहीं हो सका। अब निर्दोषों की रिहाई में सुनवाई 31 अगस्त सोमवार को होगी।
आदमपुर थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी किसान की नाबालिग बेटी 17 महीने पहले अचानक लापता हो गई थी। किशोरी के भाई ने पांच लोगों के खिलाफ अपहरण की एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने नामजद दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। बाद में तत्कालीन इंस्पेक्टर अशोक शर्मा ने प्रकरण की जांच की और किशोरी के परिजनों की तरफ से दर्ज एफआईआर की पूरी थ्योरी बदल डाली थी। पुलिस ने किशोरी की हत्या होना दर्शाकर उसके पिता-भाई और रिश्तेदार को ऑनरकिलिंग में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। निर्दोष होने के बाद भी पिछले सात महीने से वह जेल में बंद हैं। इस मामले में पुलिस जेल भेजे गए परिजनों के निर्दोष होने का प्रार्थना पत्र न्यायालय में पेश कर चुकी है। यह प्रकरण सत्र न्यायालय में विचाराधीन है। पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता पंकज, कुलदीप चौधरी, मोहम्मद ताहिर और मोहम्मद सुलेमान ने बताया कि गुरुवार को जेल में बंद निर्दोषों परिजनों की रिहाई के लिए सुनवाई हुई। इसके बाद न्यायालय ने शुक्रवार को सुनवाई के लिए तिथि नियत की थी। लेकिन, अब 31 अगस्त सोमवार को सुनवाई होगी। इस मामले में तीन फाइल चल रही है। इसलिए निर्दोष परिजनों की रिहाई में देरी हो रही है।
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आदमपुर थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी किसान की नाबालिग बेटी 17 महीने पहले अचानक लापता हो गई थी। किशोरी के भाई ने पांच लोगों के खिलाफ अपहरण की एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने नामजद दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। बाद में तत्कालीन इंस्पेक्टर अशोक शर्मा ने प्रकरण की जांच की और किशोरी के परिजनों की तरफ से दर्ज एफआईआर की पूरी थ्योरी बदल डाली थी। पुलिस ने किशोरी की हत्या होना दर्शाकर उसके पिता-भाई और रिश्तेदार को ऑनरकिलिंग में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। निर्दोष होने के बाद भी पिछले सात महीने से वह जेल में बंद हैं। इस मामले में पुलिस जेल भेजे गए परिजनों के निर्दोष होने का प्रार्थना पत्र न्यायालय में पेश कर चुकी है। यह प्रकरण सत्र न्यायालय में विचाराधीन है। पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता पंकज, कुलदीप चौधरी, मोहम्मद ताहिर और मोहम्मद सुलेमान ने बताया कि गुरुवार को जेल में बंद निर्दोषों परिजनों की रिहाई के लिए सुनवाई हुई। इसके बाद न्यायालय ने शुक्रवार को सुनवाई के लिए तिथि नियत की थी। लेकिन, अब 31 अगस्त सोमवार को सुनवाई होगी। इस मामले में तीन फाइल चल रही है। इसलिए निर्दोष परिजनों की रिहाई में देरी हो रही है।
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