{"_id":"581b82de4f1c1b5465435aa0","slug":"constable-shoot-to-self-cause-of-dipression","type":"story","status":"publish","title_hn":"संतान नहीं होने से दुखी सिपाही ने खुद को गोली से उड़ा लिया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संतान नहीं होने से दुखी सिपाही ने खुद को गोली से उड़ा लिया
ब्यूरो/अमर उजाला अमरोहा
Updated Fri, 04 Nov 2016 12:03 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संतान न होने से मानसिक रूप से परेशान सिपाही ने छत पर सिर में तमंचे से गोली मार कर खुदकुशी कर ली। पत्नी छत पर सूर्य को अर्घ्य देने पहुंची तो खून से लथपथ पड़ा देखा। महिला की चीख सुनकर पहुंचे परिजन उसेे लेकर अस्पताल जा रहे थे, मगर रास्ते में शरीर ठंडा पड़ गया। पुलिस ने मौके से तमंचा भी बरामद कर लिया है।
देहात थाना क्षेत्र के मझोला खुर्द गांव निवासी किसान मुखराम सिंह यादव का 42 वर्षीय बेटा सुधीर कुमार यादव उत्तर प्रदेश पुलिस का सिपाही था। वर्तमान में वह रामपुर जिले की सैफनी पुलिस चौकी में तैनाती था। वह 24 अक्तूबर को तीन दिन की छुट्टी लेकर आया था। घर आकर तीन दिन की छुट्टी और ले ली। उसे 31 अक्तूबर को वापस ड्यूटी पर जाना था, लेकिन मानसिक परेशानी के चलते वह जा नहीं सका।
दो दिन लेट होने से और तनाव में आ गया। बताया जा रहा है कि, बृहस्पतिवार सुबह किसी समय वह दो मंजिले मकान की छत पर पहुंच गया। यहां उसने तमंचे से सिर में गोली मार कर आत्महत्या कर ली। पत्नी मंजू का कहना है कि, उसने शोर सुना मगर उसे लगा कि दिवाली है, इसलिए किसी ने पटाखा छोड़ा होगा। पूजा पाठ करने के बाद वह छत पर सूर्य को अर्घ्य देने पहुंची तो पति सुुधीर को खून से लथपथ देखा।
विज्ञापन
इससे उसकी चीख निकल गई। उसके शोर मचाने पर परिजन और पड़ोसी भी आ गए। उस दौरान शरीर कुछ गर्म था, परिजन उसे उपचार के लिए ले जा रहे थे, मगर कैलसा बार्डर पर शरीर ठंडा हो गया। सिपाही की खुदकुशी की खबर गांव में फैल गई। परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पाकर एसओ मोहित चौधरी थाना पुलिस के साथ गांव में पहुंचे। पुलिस ने मौके से तमंचा बरामद कर लिया।
कुछ देर बाद अपर पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह गांव पहुंचे। सिपाही के परिजनों से उन्होंने आत्महत्या करने के बारे में जानकारी की। सीओ सिटी शील कुमार भी गांव गए। परिजनों से सिपाही सुधीर की आत्महत्या की बाबत जानकारी जुटाई। सूचना पर बुलाई अपने जिले और मुरादाबाद की फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सबूत एकत्र किए। पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
शादी के 18 साल बाद भी नहीं हुई थी औलाद
तमंचे से खुदकुशी करने वाले सिपाही सुधीर कुमार यादव की शादी 18 साल पूर्व बिजनौर के सैदपुर भट्टा गांव निवासी मंजू से हुई है। बताया जा रहा है कि, शादी को लंबा समय बीत गया, लेकिन उनको संतान नहीं हुई। इसके कारण वह बेहद परेशान था।
उसने बड़े भाई सुरेंद्र सिंह और पिता मुखराम सिंह से अलग दो मंजिला मकान बनाया था। नौकरी के साथ ही खेतीबाड़ी भी अच्छी है। औलाद को छोड़ घर में किसी चीज की कमी नहीं है। गांव के ही उसके दोस्त सिपाही मुनिदेव ने बताया कि संतान नहीं होने से सुधीर डिप्रेशन में रहता था। बुधवार को उससे बात हुई तो वह बेहद परेशान नजर आ रहा था। मुरादाबाद के मस्तिष्क रोग विशेषज्ञ से उसका उपचार भी चल रहा था।
देहात थाने के मझोला खुर्द गांव निवासी उत्तर प्रदेश पुलिस के सिपाही सुधीर ने तमंचे से खुदकुशी कर ली। शादी को लंबा समय बीत जाने के बाद संतान नहीं होने के कारण वह मानसिक रूप से तनाव में रहता था। मौके से पुलिस ने घटना में प्रयोग किया गया तमंचा बरामद कर लिया है। शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
-नरेंद्र प्रताप सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक, अमरोहा
विज्ञापन
देहात थाना क्षेत्र के मझोला खुर्द गांव निवासी किसान मुखराम सिंह यादव का 42 वर्षीय बेटा सुधीर कुमार यादव उत्तर प्रदेश पुलिस का सिपाही था। वर्तमान में वह रामपुर जिले की सैफनी पुलिस चौकी में तैनाती था। वह 24 अक्तूबर को तीन दिन की छुट्टी लेकर आया था। घर आकर तीन दिन की छुट्टी और ले ली। उसे 31 अक्तूबर को वापस ड्यूटी पर जाना था, लेकिन मानसिक परेशानी के चलते वह जा नहीं सका।
विज्ञापन
दो दिन लेट होने से और तनाव में आ गया। बताया जा रहा है कि, बृहस्पतिवार सुबह किसी समय वह दो मंजिले मकान की छत पर पहुंच गया। यहां उसने तमंचे से सिर में गोली मार कर आत्महत्या कर ली। पत्नी मंजू का कहना है कि, उसने शोर सुना मगर उसे लगा कि दिवाली है, इसलिए किसी ने पटाखा छोड़ा होगा। पूजा पाठ करने के बाद वह छत पर सूर्य को अर्घ्य देने पहुंची तो पति सुुधीर को खून से लथपथ देखा।
विज्ञापन
इससे उसकी चीख निकल गई। उसके शोर मचाने पर परिजन और पड़ोसी भी आ गए। उस दौरान शरीर कुछ गर्म था, परिजन उसे उपचार के लिए ले जा रहे थे, मगर कैलसा बार्डर पर शरीर ठंडा हो गया। सिपाही की खुदकुशी की खबर गांव में फैल गई। परिजनों में कोहराम मच गया। सूचना पाकर एसओ मोहित चौधरी थाना पुलिस के साथ गांव में पहुंचे। पुलिस ने मौके से तमंचा बरामद कर लिया।
कुछ देर बाद अपर पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह गांव पहुंचे। सिपाही के परिजनों से उन्होंने आत्महत्या करने के बारे में जानकारी की। सीओ सिटी शील कुमार भी गांव गए। परिजनों से सिपाही सुधीर की आत्महत्या की बाबत जानकारी जुटाई। सूचना पर बुलाई अपने जिले और मुरादाबाद की फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सबूत एकत्र किए। पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
शादी के 18 साल बाद भी नहीं हुई थी औलाद
तमंचे से खुदकुशी करने वाले सिपाही सुधीर कुमार यादव की शादी 18 साल पूर्व बिजनौर के सैदपुर भट्टा गांव निवासी मंजू से हुई है। बताया जा रहा है कि, शादी को लंबा समय बीत गया, लेकिन उनको संतान नहीं हुई। इसके कारण वह बेहद परेशान था।
उसने बड़े भाई सुरेंद्र सिंह और पिता मुखराम सिंह से अलग दो मंजिला मकान बनाया था। नौकरी के साथ ही खेतीबाड़ी भी अच्छी है। औलाद को छोड़ घर में किसी चीज की कमी नहीं है। गांव के ही उसके दोस्त सिपाही मुनिदेव ने बताया कि संतान नहीं होने से सुधीर डिप्रेशन में रहता था। बुधवार को उससे बात हुई तो वह बेहद परेशान नजर आ रहा था। मुरादाबाद के मस्तिष्क रोग विशेषज्ञ से उसका उपचार भी चल रहा था।
देहात थाने के मझोला खुर्द गांव निवासी उत्तर प्रदेश पुलिस के सिपाही सुधीर ने तमंचे से खुदकुशी कर ली। शादी को लंबा समय बीत जाने के बाद संतान नहीं होने के कारण वह मानसिक रूप से तनाव में रहता था। मौके से पुलिस ने घटना में प्रयोग किया गया तमंचा बरामद कर लिया है। शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
-नरेंद्र प्रताप सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक, अमरोहा