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हापुड़ में लाठीचार्ज के विरोध में कलमबंद हड़ताल पर रहेंगे अधिवक्ता : संजय शर्मा
Fri, 01 Sep 2023 01:31 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Fri, 01 Sep 2023 01:31 AM IST
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अमरोहा। बार एसोसिएशन की आपात बैठक में पदाधिकारियों ने हापुड़ में लाठी चार्ज करने वालों पर कार्रवाई होने तक कलमबंद हड़ताल का निर्णय लिया है। अधिवक्ताओं ने कहा कि जांच के लिए गठित एसआईटी कमेटी में पुलिस अधिकारियों को शामिल किया गया है। जिससे जांच प्रभावित होगी।
बृहस्पतिवार को बार एसोसिएशन के अध्यक्ष के आवास पर एक आपात बैठक आयोजित हुई। अध्यक्ष संजय कुमार शर्मा ने कहा कि हापुड़ में अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज की जांच के लिए मुख्यमंत्री द्वारा एसआईटी का गठन किया गया है। इसमें पुलिस अधिकारियों को शामिल किया गया है। जांच समिति में पूर्व न्यायाधीश और बार काउंसिल के अध्यक्ष या अन्य किसी पदाधिकारी को शामिल किया जाना चाहिए था। जिससे जांच निष्पक्ष होने की संभावना रहती। मगर ऐसा नहीं हुआ है। सचिव नरेंद्र पोसवाल ने कहा कि तीन सदस्यीय एसटीआई में पुलिस अधिकारी शामिल हैं। जांच समिति में हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज को शामिल किया जाए। प्रदेश सरकार जिस तरह से अधिवक्ताओं के साथ व्यवहार करा रही है, वह सही नहीं है। इसके अंजाम लोकसभा चुनाव में भुगतने होंगे। अधिवक्ताओं के मान सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। इस दौरान जयप्रकाश यादव, दिनेश चौहान, मनु शर्मा, पंकज कुमार सिंह, दलपत सिंह, कपिल चिकारा, पुलकित शर्मा, जितेंद्र विधूड़ी, धमेंद्र पवार, आलोक सिंह आदि मौजूद रहे।
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बृहस्पतिवार को बार एसोसिएशन के अध्यक्ष के आवास पर एक आपात बैठक आयोजित हुई। अध्यक्ष संजय कुमार शर्मा ने कहा कि हापुड़ में अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज की जांच के लिए मुख्यमंत्री द्वारा एसआईटी का गठन किया गया है। इसमें पुलिस अधिकारियों को शामिल किया गया है। जांच समिति में पूर्व न्यायाधीश और बार काउंसिल के अध्यक्ष या अन्य किसी पदाधिकारी को शामिल किया जाना चाहिए था। जिससे जांच निष्पक्ष होने की संभावना रहती। मगर ऐसा नहीं हुआ है। सचिव नरेंद्र पोसवाल ने कहा कि तीन सदस्यीय एसटीआई में पुलिस अधिकारी शामिल हैं। जांच समिति में हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज को शामिल किया जाए। प्रदेश सरकार जिस तरह से अधिवक्ताओं के साथ व्यवहार करा रही है, वह सही नहीं है। इसके अंजाम लोकसभा चुनाव में भुगतने होंगे। अधिवक्ताओं के मान सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। इस दौरान जयप्रकाश यादव, दिनेश चौहान, मनु शर्मा, पंकज कुमार सिंह, दलपत सिंह, कपिल चिकारा, पुलकित शर्मा, जितेंद्र विधूड़ी, धमेंद्र पवार, आलोक सिंह आदि मौजूद रहे।
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