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Amroha News: 2.10 करोड़ खर्च फिर भी साफ जल का मिशन अधूरा
Thu, 23 Apr 2026 12:17 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
Updated Thu, 23 Apr 2026 12:17 AM IST
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डिडौली (अमरोहा)। जोया ब्लॉक के गांव पूरनपुर में 2.10 करोड़ रुपये खर्च करने के बाद भी ग्रामीणों को साफ जल मुहैया कराने का मिशन अधूरा है। करोड़ों की लागत से बन रहा ओवरहेड टैंक लंबे समय से अधूरा पड़ा है। योजना के अधर में लटकने से ग्रामीणों में नाराजगी है।
जल जीवन मिशन योजना के तहत पूरनपुर में 2023 में ओवरहेड टैंक का निर्माण शुरू हुआ था, लेकिन जिम्मेदारों की लापरवाही से आज तक पूरा नहीं हो सका है। ग्रामीणों का कहना है कि जब इस योजना की शुरुआत हुई थी, तब उन्हें उम्मीद थी कि गांव में पेयजल की समस्या दूर हो जाएगी और घर-घर पानी पहुंचेगा। लेकिन दो साल बीत जाने के बाद भी यह योजना जमीन पर नहीं उतर सकी।
ग्रामीणों के मुताबिक तीन महीनों से निर्माण कार्य बंद पड़ा है। ओवरहेड टैंक का अधूरा ढांचा खड़ा है, लेकिन न तो टैंक चालू हो पाया है और न ही पाइपलाइन के जरिये पानी की आपूर्ति शुरू हो सकी है। एक या दो बार सबमर्सिबल से सीधे पानी चलाने का प्रयास किया गया, लेकिन जगह-जगह से पाइपलाइन लीकेज होने के कारण घरों तक पानी नहीं पहुंच सका।
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गर्मी के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो गई है, क्योंकि जलस्तर गिरने से हैंडपंप भी पर्याप्त पानी नहीं दे पाते। लोगों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कई जगह पर कनेक्शन देने का काम भी अधूरा छोड़ दिया गया है और घटिया सामग्री का उपयोग किया गया है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग और ठेकेदार इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग की है। उनका कहना है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद यदि योजना समय पर पूरी नहीं होती, तो यह सरकारी धन की बर्बादी साबित होगी।
गांव में जल जीवन मिशन के तहत सरकार ने जो कार्य कराया है। इसमें ठेकेदारों की लापरवाही के कारण अभी तक कार्य रुका हुआ है। अनेक बार इसके बारे में हम ठेकेदारों से शिकायत कर भी कर चुके हैं। ग्राम प्रधान बोल देते हैं कि हमारे अंडर में काम नहीं आता। अब शिकायत किससे करें।-महकार सिंह, पूरनपुर
गांव में टंकी निर्माण शुरू हुआ था तब लोगों को लगा था कि स्वच्छ जल पीने को मिलेगा, लेकिन ऐसा हुआ नहीं। ठेकेदार अपनी मर्जी से कार्य कर रहे हैं। गांव में घटिया सामग्री का प्रयोग किया जा रहा है। राहुल सैनी, पूरनपुर
करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी ग्रामीणों को आज तक पानी पीने के लिए नहीं मिला है। ऐसे धन खर्च होने का ग्रामीणों को कोई लाभ नहीं है। एक दो बार टंकी चालू भी की गई है तो लीकेज होने के कारण चल नहीं पाती। घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। गनपत सिंह, पूरनपुर
गांव में जगह-जगह लीकेज होने के कारण दिक्कत आ रही है। एक बार पानी छोड़ा गया तो पानी नहीं चल पाया। घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। जांच होनी चाहिए, अधिकारी सुनने को तैयार नहीं है।- होते राम सिंह, पूर्व प्रधान, पूरनपुर
गांव में टंकी निर्माण तो हुआ लेकिन ग्रामीणों को कोई राहत नहीं मिली। पाइपलाइन जगह-जगह लीकेज है। एक दो बार पाइपलाइन में पानी चलाया भी गया तो लीकेज के कारण बंद हो गया। ऐसा प्रतीत होता है जैसे सारा धन भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया हो। लोकेश कुमार, पूरनपुर
मैंने इसकी शिकायत अनेक बार ठेकेदारों से की है, लेकिन कोई सुनने को तैयार नहीं है। गांव को स्वच्छ पेयजल आपूर्ति की बहुत जरूरत है।निर्माण अभी अधर में लटका हुआ है। निर्माण पूरा होना चाहिए। सतवीर सिंह, ग्राम प्रधान
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जल जीवन मिशन योजना के तहत पूरनपुर में 2023 में ओवरहेड टैंक का निर्माण शुरू हुआ था, लेकिन जिम्मेदारों की लापरवाही से आज तक पूरा नहीं हो सका है। ग्रामीणों का कहना है कि जब इस योजना की शुरुआत हुई थी, तब उन्हें उम्मीद थी कि गांव में पेयजल की समस्या दूर हो जाएगी और घर-घर पानी पहुंचेगा। लेकिन दो साल बीत जाने के बाद भी यह योजना जमीन पर नहीं उतर सकी।
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ग्रामीणों के मुताबिक तीन महीनों से निर्माण कार्य बंद पड़ा है। ओवरहेड टैंक का अधूरा ढांचा खड़ा है, लेकिन न तो टैंक चालू हो पाया है और न ही पाइपलाइन के जरिये पानी की आपूर्ति शुरू हो सकी है। एक या दो बार सबमर्सिबल से सीधे पानी चलाने का प्रयास किया गया, लेकिन जगह-जगह से पाइपलाइन लीकेज होने के कारण घरों तक पानी नहीं पहुंच सका।
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गर्मी के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो गई है, क्योंकि जलस्तर गिरने से हैंडपंप भी पर्याप्त पानी नहीं दे पाते। लोगों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कई जगह पर कनेक्शन देने का काम भी अधूरा छोड़ दिया गया है और घटिया सामग्री का उपयोग किया गया है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग और ठेकेदार इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग की है। उनका कहना है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद यदि योजना समय पर पूरी नहीं होती, तो यह सरकारी धन की बर्बादी साबित होगी।
गांव में जल जीवन मिशन के तहत सरकार ने जो कार्य कराया है। इसमें ठेकेदारों की लापरवाही के कारण अभी तक कार्य रुका हुआ है। अनेक बार इसके बारे में हम ठेकेदारों से शिकायत कर भी कर चुके हैं। ग्राम प्रधान बोल देते हैं कि हमारे अंडर में काम नहीं आता। अब शिकायत किससे करें।-महकार सिंह, पूरनपुर
गांव में टंकी निर्माण शुरू हुआ था तब लोगों को लगा था कि स्वच्छ जल पीने को मिलेगा, लेकिन ऐसा हुआ नहीं। ठेकेदार अपनी मर्जी से कार्य कर रहे हैं। गांव में घटिया सामग्री का प्रयोग किया जा रहा है। राहुल सैनी, पूरनपुर
करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी ग्रामीणों को आज तक पानी पीने के लिए नहीं मिला है। ऐसे धन खर्च होने का ग्रामीणों को कोई लाभ नहीं है। एक दो बार टंकी चालू भी की गई है तो लीकेज होने के कारण चल नहीं पाती। घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। गनपत सिंह, पूरनपुर
गांव में जगह-जगह लीकेज होने के कारण दिक्कत आ रही है। एक बार पानी छोड़ा गया तो पानी नहीं चल पाया। घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया है। जांच होनी चाहिए, अधिकारी सुनने को तैयार नहीं है।- होते राम सिंह, पूर्व प्रधान, पूरनपुर
गांव में टंकी निर्माण तो हुआ लेकिन ग्रामीणों को कोई राहत नहीं मिली। पाइपलाइन जगह-जगह लीकेज है। एक दो बार पाइपलाइन में पानी चलाया भी गया तो लीकेज के कारण बंद हो गया। ऐसा प्रतीत होता है जैसे सारा धन भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया हो। लोकेश कुमार, पूरनपुर
मैंने इसकी शिकायत अनेक बार ठेकेदारों से की है, लेकिन कोई सुनने को तैयार नहीं है। गांव को स्वच्छ पेयजल आपूर्ति की बहुत जरूरत है।निर्माण अभी अधर में लटका हुआ है। निर्माण पूरा होना चाहिए। सतवीर सिंह, ग्राम प्रधान