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Amethi News: हत्या के दो दोषियों को आजीवन कारावास
Sat, 23 May 2026 12:46 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Sat, 23 May 2026 12:46 AM IST
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अमेठी सिटी। उधारी की रकम हड़पने की नीयत से युवक की हत्या कर शव छिपाने के 12 साल पुराने मामले में एडीजे पंचम सुल्तानपुर की अदालत ने फैसला सुनाया। अदालत ने आरोपी मुसाहिब अली और अरविंद सरोज को हत्या समेत अन्य धाराओं में दोषी मानते हुए आजीवन कारावास और प्रत्येक पर 30 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। वहीं सह आरोपी मो. नईम को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया।
प्रतापगढ़ के चंदुआडीह गांव निवासी खुर्शीद खान ने सात अक्तूबर 2014 की घटना बताते हुए पीपरपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार पीपरपुर के केशापट्टी निवासी मुसाहिब अली ने उनके चचेरे भाई इमरान से गाड़ी खरीदने के लिए एक लाख 35 हजार रुपये उधार लिए थे।
रकम बकरीद तक लौटाने का भरोसा दिया गया था। आरोप था कि रकम वापस न करने की नीयत से मुसाहिब अली ने अरविंद सरोज और मो. नईम के साथ साजिश रची। बकरीद के दौरान इमरान को बुलाकर धारदार हथियार से उसकी हत्या कर दी गई। बाद में शव मुसाहिब अली के घर में छिपा दिया गया।
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पुलिस जांच के बाद तीनों आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया गया। मामले की सुनवाई एडीजे पंचम राकेश यादव की अदालत में चली। साक्ष्य और गवाहों के आधार पर अदालत ने दो आरोपियों को दोषी मानते हुए सजा सुनाई, जबकि एक आरोपी को बरी कर दिया।
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प्रतापगढ़ के चंदुआडीह गांव निवासी खुर्शीद खान ने सात अक्तूबर 2014 की घटना बताते हुए पीपरपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार पीपरपुर के केशापट्टी निवासी मुसाहिब अली ने उनके चचेरे भाई इमरान से गाड़ी खरीदने के लिए एक लाख 35 हजार रुपये उधार लिए थे।
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रकम बकरीद तक लौटाने का भरोसा दिया गया था। आरोप था कि रकम वापस न करने की नीयत से मुसाहिब अली ने अरविंद सरोज और मो. नईम के साथ साजिश रची। बकरीद के दौरान इमरान को बुलाकर धारदार हथियार से उसकी हत्या कर दी गई। बाद में शव मुसाहिब अली के घर में छिपा दिया गया।
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पुलिस जांच के बाद तीनों आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया गया। मामले की सुनवाई एडीजे पंचम राकेश यादव की अदालत में चली। साक्ष्य और गवाहों के आधार पर अदालत ने दो आरोपियों को दोषी मानते हुए सजा सुनाई, जबकि एक आरोपी को बरी कर दिया।