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Amethi News: मुख्यालय की राह कठिन बस सेवा से लोग वंचित

Thu, 27 Mar 2025 12:39 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी Updated Thu, 27 Mar 2025 12:39 AM IST
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The road to the headquarters is difficult, people are deprived of bus service
शाहगढ़-गौरीगंज मार्ग।
अमेठी सिटी। शाहगढ़ ब्लॉक के 36 गांवों के लोग आज तक जिला मुख्यालय से सीधे परिवहन सेवा से नहीं जुड़ पाए हैं। ऐसे में इन गांवों के लोगों को निजी व डग्गामार वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है। ग्रामीणों की परेशानी दूर करने के प्रति जिम्मेदार लापरवाह बने हुए हैं।
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जिला गठन हुए 15 साल बीतने वाला है। परिवहन सेवाओं की दशा में ज्यादा सुधार नहीं हो पाया है। जिला मुख्यालय गौरीगंज से सुल्तानपुर व रायबरेली के लिए दिन में बसों का संचालन हो रहा है, वहीं लखनऊ व प्रयागराज के लिए सुबह के समय सिर्फ एक-एक बस चलाई जा रही है, लेकिन मुख्यालय से सटे शाहगढ़ ब्लॉक क्षेत्र के 36 गांवों की करीब दो लाख से अधिक की आबादी परिवहन सेवा से वंचित है।
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आलम यह है कि गौरीगंज-मुसाफिरखाना और अमेठी-मुसाफिरखाना मार्ग के किनारे अधिकांश गांव होने के बाद भी अब तक परिवहन निगम की एक भी बस इन गांवों से संचालित नहीं हो रही है। इन गांवों के लोगों को ब्लॉक मुख्यालय, सीएचसी, बीआरसी के साथ जिला मुख्यालय आने के लिए निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ता है।
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वहीं, रामगंज बाजार से शाहगढ़ होते हुए भुसियावां मार्ग पर एक इंटर व डिग्री कॉलेज के साथ ब्लॉक मुख्यालय व अस्पताल होने के बावजूद यहां निजी वाहन भी नहीं जाते। इन मार्गों पर यात्रा करना लोगों के लिए बड़ी चुनौती है।
शाहगढ़ के पूर्व ब्लॉक प्रमुख त्रिभुवन दत्त उपाध्याय ने बताया कि परिवहन के साधन नहीं होने से काफी परेशानी हो रही है। बसों का संचालन होना चाहिए। राम सजीवन शर्मा ने कहा कि कई बार जनप्रतिनिधियों व अफसरों से मांग की गई, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला, बसें नहीं चली। सरैया गांव निवासी गिरधारी यादव ने बताया कि साइकिल व बाइक से जाना क्षेत्र के लोगों की मजबूरी है।

साधु वर्मा ने कहा कि अब ई-रिक्शा से कुछ आराम मिला है, लेकिन पैसा ज्यादा लगता है। बसों का संचालन होना चाहिए।
निकाला गया है टेंडर
एआरएम काशी प्रसाद ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों से परिवहन निगम की बसों का संचालन शुरू करने की प्रक्रिया गतिमान है। टेंडर निकाला गया है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद अनुबंधित बसों का संचालन शुरू कर ग्रामीणों को परिवहन की बेहतर सुविधाएं दी जाएंगी।
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