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क्या हार में क्या जीत में किंचित नहीं भयभीत मैं : स्मृति
Wed, 05 Jun 2024 01:41 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Wed, 05 Jun 2024 01:41 AM IST
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कार्यकर्ताओं से मिलतीं स्मृति
अमेठी। चुनाव परिणाम आने के बाद भाजपा प्रत्याशी स्मृति जूबिन इरानी ने भाजपा कार्यालय पर प्रेस वार्ता कर जनता का आभार जताया। कहा कि जैसे अब तक जनता की सेवा की आगे भी करती रहू़ंगी। कहा कि यहां बैठी एक पीढ़ी ऐसी है जिन्होंने 1970 के दशक में संघर्ष शुरू किया।
आज एक पीढ़ी ऐसी जो 2014 से लेकर 2024 तक हारी जीती और आज फिर संघर्ष के मोड़ पर खड़ी है। उन्होंने पूरी निष्ठा और परिश्रम के साथ क्षेत्र और पार्टी की सेवा करने वाले भाजपा के सभी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का आभार जताया।
कहा कि अमेठी के हर गांव में नाली खड़ंजा से लेकर बाईपास, मेडिकल कालेज सहित 30-30 वर्ष पुरानी मांगों को पूरा करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी की जीत पर कहा कि जो जीते उन्हें बहुत बधाई। उन्होंने दादा तेज भान सिंह, राम प्रसाद मिश्र का नाम लेते हुए कहा कि इन्होंने संघर्ष का झंडा 70 के दशक में उठाया था। कहा कि संगठन को और मजबूत करेंगे।
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पूर्व प्रधानमंत्री अटल जी की पंक्तियों का उल्लेख करते हुए कहा कि क्या हार में क्या जीत में किंचित नहीं भयभीत मैं, संघर्ष पथ पर जो मिले यह भी सही वो भी सही, वरदान.....। क्षेत्र की जनता के चरणों में उन्होंने वंदन कर अपनी बात रुंधे गले के साथ समाप्त की।
अर्थी उठने के बाद टूटता है बहन भाई का रिश्ता
अमेठी। प्रेस वार्ता के दौरान हार पर किए गए सवाल का जवाब देते हुए भाजपा प्रत्याशी स्मृति ईरानी ने कहा कि आज जनता का आभार व्यक्त करने का दिन है, जो जीते हैं उनको बधाई देने का दिन है। संगठन जीत हार का विश्लेषण करेगा।
इस क्षेत्र को मैंने अपने जीवन के दस वर्ष दिए। अमेठी और दीदी के रिश्ते के भविष्य पर उन्होंने कहा कि बहनों से रिश्ता नहीं पूछा जाता। जब बहनों की अर्थी उठती है तभी भाई-बहन का रिश्ता टूटता है।इधर, जिला मुख्यालय स्थित भाजपा कार्यालय पर मौजूद जिलाध्यक्ष राम प्रसाद मिश्र सहित सभी कार्यकर्ताओं की आंखों में आंसू थे। स्मृति ने स्वयं को संभालते हुए कार्यकर्ताओं को ढांढस बंधाया।
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आज एक पीढ़ी ऐसी जो 2014 से लेकर 2024 तक हारी जीती और आज फिर संघर्ष के मोड़ पर खड़ी है। उन्होंने पूरी निष्ठा और परिश्रम के साथ क्षेत्र और पार्टी की सेवा करने वाले भाजपा के सभी कार्यकर्ताओं और समर्थकों का आभार जताया।
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कहा कि अमेठी के हर गांव में नाली खड़ंजा से लेकर बाईपास, मेडिकल कालेज सहित 30-30 वर्ष पुरानी मांगों को पूरा करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी की जीत पर कहा कि जो जीते उन्हें बहुत बधाई। उन्होंने दादा तेज भान सिंह, राम प्रसाद मिश्र का नाम लेते हुए कहा कि इन्होंने संघर्ष का झंडा 70 के दशक में उठाया था। कहा कि संगठन को और मजबूत करेंगे।
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पूर्व प्रधानमंत्री अटल जी की पंक्तियों का उल्लेख करते हुए कहा कि क्या हार में क्या जीत में किंचित नहीं भयभीत मैं, संघर्ष पथ पर जो मिले यह भी सही वो भी सही, वरदान.....। क्षेत्र की जनता के चरणों में उन्होंने वंदन कर अपनी बात रुंधे गले के साथ समाप्त की।
अर्थी उठने के बाद टूटता है बहन भाई का रिश्ता
अमेठी। प्रेस वार्ता के दौरान हार पर किए गए सवाल का जवाब देते हुए भाजपा प्रत्याशी स्मृति ईरानी ने कहा कि आज जनता का आभार व्यक्त करने का दिन है, जो जीते हैं उनको बधाई देने का दिन है। संगठन जीत हार का विश्लेषण करेगा।
इस क्षेत्र को मैंने अपने जीवन के दस वर्ष दिए। अमेठी और दीदी के रिश्ते के भविष्य पर उन्होंने कहा कि बहनों से रिश्ता नहीं पूछा जाता। जब बहनों की अर्थी उठती है तभी भाई-बहन का रिश्ता टूटता है।इधर, जिला मुख्यालय स्थित भाजपा कार्यालय पर मौजूद जिलाध्यक्ष राम प्रसाद मिश्र सहित सभी कार्यकर्ताओं की आंखों में आंसू थे। स्मृति ने स्वयं को संभालते हुए कार्यकर्ताओं को ढांढस बंधाया।