फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amethi News ›   Fraud: Rs 1.10 crore transferred to accounts of two firms of close associates

फर्जीवाड़ा : करीबियों की दो फर्मों के खातों में भेजे गए 1.10 करोड़ रुपये

Mon, 22 Dec 2025 11:47 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी Updated Mon, 22 Dec 2025 11:47 PM IST
विज्ञापन
Fraud: Rs 1.10 crore transferred to accounts of two firms of close associates
अमेठी सिटी। बेसिक शिक्षा विभाग में हुए 3.13 करोड़ रुपये के गबन के मामले में एक और चौंकाने वाली बात सामने आई है। भ्रष्टाचार के प्रकरण में आरोपी शिक्षक व आउटसोर्सिंग कर्मियों के बैंक खातों के अलावा दो फर्मों के खातों में भी 1.10 करोड़ रुपये भेजे गए। इनमें से एक फर्म शिक्षक तो दूसरी आउटसोर्सिंग कर्मी के रिश्तेदार के नाम है। यह बात पुलिस की जांच में सामने आई है। गबन की धनराशि 3.13 करोड़ के बजाय साढ़े पांच करोड़ बताई जा रही है। सरकारी धन की रिकवरी की बात कौन कहे, इस प्रकरण की पुलिसिया और विभागीय जांच ही नौ माह से लंबित है।
विज्ञापन

बेसिक शिक्षा परिषद व अशासकीय सहायता प्राप्त कर्मियों के अवशेष देयकों के भुगतान, जीपीएफ (सामान्य भविष्य निधि) व बीमा संबंधी भुगतान में खेल किया गया। इसमें बेसिक शिक्षा विभाग के वित्त एवं लेखा विभाग के लेखा लिपिक मनोज कुमार मालवीय, शिक्षक शैलेश चंद्र शुक्ल व श्रवण कुमार द्विवेदी, आउटसोर्सिंग कर्मी शिवम और अभिषेक का नाम सामने आया, जिन पर 21 मार्च को प्राथमिकी दर्ज कराई गई। पुलिस की जांच में सामने आया है कि सिर्फ शिक्षकों व आउटसोर्स कर्मियों के खाते में ही धनराशि नहीं भेजी गई बल्कि आउटसोर्सिंग कर्मी शिवम के करीबी रिश्तेदार के नाम संचालित एक फर्म के खाते में 60.30 लाख और शिक्षक शैलेश चंद्र शुक्ल के रिश्तेदार के खाते में 50.30 लाख रुपये भेजे गए हैं। इस गंभीर प्रकरण में विभागीय जांच भले ही सुस्त हो, लेकिन पुलिस ने चार्जशीट दाखिल करने के लिए लगभग सारी तैयारी कर ली है।
विज्ञापन

मनमाफिक रखा स्टाफ
गबन करने में कोई व्यवधान न हो, इसके लिए वित्त एंव लेखा विभाग में काम कर रहे चार शिक्षकों को हटाकर उनकी जगह शिक्षक शैलेश व श्रवण को लाया गया। इसके अलावा दो आउटसोर्सिंग कर्मी शिवम पांडेय और अभिषेक को रख लिया गया। इनमें से शिवम की तैनाती के लिए बीएसए ने लिखित आदेश जारी किया और अभिषेक को उनके मौखिक आदेश पर रखा गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

शिवम के खाते में भेजी सबसे ज्यादा धनराशि
गबन के मामले में दर्ज एफआईआर की बात करें तो आउटसोर्स कर्मी शिवम के बैंक खाते में 1,34,53,346 रुपये, अभिषेक के खाते में 54,26,273 रुपये, शिक्षक श्रवण कुमार द्विवेदी के खाते में 77,06,260 रुपये और शैलेश चंद्र शुक्ल के खाते में 47,42,520 रुपये भेजे गए। पुलिस की जांच में दो फर्मों के नाम सामने आए हैं, जिनको गबन की धनराशि भेजी गई। पुलिस के मुताबिक, पूरे खेल का मास्टरमाइंड लेखा लिपिक मनोज कुमार मालवीय है। साथ ही गबन की धनराशि भी पांच करोड़ से ज्यादा बताई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed