फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amethi News ›   Even after four days, the terror of four murders persists

चार दिन बाद भी चार हत्याओं की दहशत बरकरार

Sat, 19 Mar 2022 10:54 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 19 Mar 2022 10:54 PM IST
विज्ञापन
Even after four days, the terror of four murders persists
03 : अमेठी : मारपीट में घायल राजकुमार। -संवाद - फोटो : AMETHI
गौरीगंज (अमेठी)। 15 मार्च को गुंगवाछ के राजापुर गांव में लाठी डंडे व धारदार हथियार से एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या के चार दिन बाद भी पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा रहा। अमेठी कोतवाली क्षेत्र के गांव राजापुर मजरे गुंगवाछ में 15 मार्च की देर शाम आबादी की भूमि को लेकर एक पक्ष ने दूसरे पक्ष पर योजनाबद्ध तरीके से जानलेवा हमला बोल दिया था।
विज्ञापन

हमले में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई थी। सरेशाम हुई इस दुस्साहसिक वारदात के चार दिन बाद भी पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है। ग्रामीण इस कदर दहशत में हैं कि दिन में भी अपने घरों से बाहर निकलने में डर रहे हैं। पुलिस फोर्स की आवाजाही व उनके बूटों की धमक के अलावा पुलिस वाहनों के सायरन सन्नाटे को तोड़ रहे हैं।
विज्ञापन

मृतक के घर के साथ ही घटना स्थल तथा गांव के चारों तरफ बड़ी संख्या में पुलिस व पीएसी बल की तैनाती की गई है। फोर्स दिन रात दो शिफ्ट में ड्यूटी कर रही है। गांव की गलियां सूनी पड़ी हैं। गलियों में सिर्फ फोर्स की आवाजाही व मृतक के घर बाहर से सांत्वना देने आने वाले ही दिख रहे हैं। हर कोई इस सामूहिक हत्याकांड की निंदा कर रहा है। शनिवार को भी पूर गांव में कोई चहल-पहल नहीं देखी गई। सभी रास्तों पर सन्नाटा पसरा रहा तो लोगों के घरों के दरवाजे बंद रहे। घर से लोग पीने के लिए पानी भरने के लिए ही बाहर आ रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

पूर्व प्रधान सात फरवरी से कर रहा था शिकायत
अमेठी। पूर्व ग्राम प्रधान अमरेश यादव सात फरवरी से अपने खाते की भूमि गाटा संख्या 1297-क व 1286 पर गांव के ही राम दुलारे आदि पर जबरन निर्माण कर कब्जा करने की शिकायत कर रहा था। पूर्व प्रधान ने थाने पर सुनवाई नहीं होने के बाद डीएम के अलावा एसडीएम अमेठी संजीव कुमार मौर्य से मिलकर कई बार शिकायती पत्र दिया। लेकिन न तो एसडीएम ने प्रकरण को गंभीरता से लिया और न ही हल्का लेखपाल व कानूनगो मौके तक आए। पीड़ित ने निर्माण नहीं रुकने पर कई बार 112 पर फोन किया।
थाने की पुलिस मौके पर आकर पूर्व ग्राम प्रधान समेत उनके परिजनों को इस बीच करीब आधा दर्जन से ज्यादा बार थाने बुलाकर ले गई। पीड़ित अमरजीत के अनुसार फोन करने पर पुलिस मौके पर आकर काम बंद करवाकर उन्हें थाने ले जाते ही लॉकअप में बंद कर देती थी जबकि विरोधी राम दुलारे को ऑफिस में कुछ देर बैठाने के बाद छोड़ देती थी।
थाने से घर पहुंचते ही विरोधी काम पूरा करने में जुट जाते थे। अमरेश के अनुसार हल्का सिपाही ने उनसे कहा कि ग्राम प्रधान आशा तिवारी बहुत नाराज हो रही हैं इसलिए राम दुलारे को साहब ने छोड़ दिया। यह भी बताया कि पुलिस जबरन समझौता कराने पर अड़ी रही। घटना के दिन भी पीड़ित थाने गया था लेकिन कोई काम नहीं हुआ। इस बीच विपक्षी कई फिट ऊंची दीवार उठा चुका था।
आजिज आकर पूर्व प्रधान ने अपनी भूमि को बचाने के लिए मौरंग गिरवाया। दूसरी खेप लेकर पहुंचते ही ग्राम प्रधान आशा तिवारी, उनके पति राम शंकर तिवारी, प्रधान पुत्र नीतिन तिवारी, विपक्षी राम दुलारे ने अपने पुत्रों व कई अन्य बाहरी लोगों के साथ जानलेवा हमला बोल दिया। हमले में परिवार के चार लोगों की मौत हो गई।
सूख गए पीड़ित परिवार के आंसू
मृत पूर्व प्रधान के परिवार के साथ हुई इस जघन्य घटना ने परिवार वालों को तोड़कर रख दिया है। चार लोगों की मौत के बाद जो बचे हैं उनमें से अधिकांश का अस्पताल में इलाज चल रहा है। जो घर पर आ गए हैं उनकी भी आंखे रो-रोकर पथरा गई हैं।
पूर्व प्रधान की पत्नी धन्नू देवी का सुलतानपुर के शरण नर्सिंग होम में इलाज चल रहा है जबकि 12 वर्षीय पुत्र राजकुमार ट्रॉमा सेंटर से घर तो आ गया है लेकिन इतना सहमा है कि अकेले ही बैठा रहता है। वह भी नहीं समझ पा रहा कि यह क्या हो गया। घायल अशोक, अमरजीत व अनीता की तो मानों आंखें सूख गई हैं। अमरजीत चार दिन से पड़ा है। अशोक दरवाजे पर मौजूद रहकर आने-जाने वालों से मुलाकात कर रहा है। सबकी आंखों में खौफ झलक रहा है।
ग्राम प्रधान समेत पांच नामजद भेजे गए जेल
अमेठी। राजापुर गांव में 15 मार्च की शाम हुई चार लोगों की हत्या के बाद पुलिस ने मृत पूर्व प्रधान के भाई अमरजीत की तहरीर पर सात नामजद समेत कई अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया था। केस दर्ज करने के बाद पुलिस ने 17 मार्च को अंतू बाईपास के समीप से आरोपी ग्राम प्रधान आशा तिवारी, उसके पति रामशंकर तिवारी, राम दुलारे यादव व उसके पुत्र बृजेश यादव को गिरफ्तार कर लिया था। इनकी निशानदेही पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त एक लोहे की रॉड, एक घास काटने की तलवार तथा एक बांस की लाठी बरामद की थी।
इसके बाद पुलिस ने चारो का चालान न्यायालय भेज दिया जहां जज ने सभी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। पुलिस ने 18 मार्च को नामजद आरोपी ग्राम प्रधान के पुत्र नितिन तिवारी को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इसकी निशानदेही पर घटना स्थल के बगल झाड़ी के बीच से घटना में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद करते हुए चालान न्यायालय भेज दिया। एसएचओ उमाकांत शुक्ल ने बताया कि इन लोगों ने पूछताछ के दौरान घटना कारित करने तथा घटना को अंजाम देने में शामिल रहने की बात स्वीकार की है। कहा कि पूर्व से ही ग्राम प्रधान आशा तिवारी पर तीन, उनके पति रामशंकर पर चार तो पुत्र पर मारपीट का एक केस दर्ज है। बताया कि शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित स्थलों पर दबिश दी जा रही है। जल्द ही घटना में शामिल सभी आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे। कुछ बाहरी लोगों के भी शामिल होने का सुराग मिला है।
कई गांवों में नहीं मनाई गई होली
एक ही परिवार के चार लोगों की पीट-पीटकर हत्या से पूरे क्षेत्र में मातमी सन्नाटा पसरा है। शुक्रवार को गुंगवाछ ग्राम पंचायत के सभी 14 पुरवों के साथ ही भरेथा व हथकिला में होली नहीं मनाई गई। होली के दिन हथकिला चौराहा, राजापुर व गुंगवाछ में लोग बाहर तक नहीं निकले। गुंगवाछ के ज्यादातर घरों में तो होली पर पकवान नहीं बने। हर कोई इस घटना से गमजदा दिखा।
बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात
राजापुर गांव में हई इस घटना के बाद से बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात है। सीओ अर्पित कपूर ने बताया कि गांव में शांति व्यवस्था को देखते हुए दो प्लाटून पीएसी बल, तीन निरीक्षक, 18 उपनिरीक्षक, तीन थानाध्यक्ष, 45 आरक्षी तथा 10 महिला आरक्षी की ड्यूटी लगाई गई है। फोर्स दो शिफ्टों में रात दिन ड्यूटी कर रही है। बताया कि गांव में पूरी तरह शांति है। मृतक के घर, घटना स्थल तथा आरोपी के घर पर फोर्स की तैनाती की गई है।

सांत्वना देने वालों का लगा तांता
16 मार्च की देर शाम चार शवों का अंतिम संस्कार करने के बाद 17 मार्च से मृतक के घर सांत्वना देने वालों का तांता लगा है। बृहस्पतिवार को कांग्रेस के प्रभारी जिलाध्यक्ष प्रशांत त्रिपाठी, प्रवक्ता अरविंद चतुर्वेदी अमेठी ब्लॉक अध्यक्ष डॉ. देवमणि तिवारी का एक प्रतिनिधि मंडल मृतक के घर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त किया। इसके अलावा दो दिनों से सांत्वना देने वालों का तांता लगा है। क्षेत्र के संभ्रांत लोग उनके घर पहुंचकर पीड़ित परिवार को ढांढस बंधा रहे हैं।

02 : अमेठी : राजापुर मजरे गुंगवाछ गांव में पसरा सन्नाटा। -संवाद

02 : अमेठी : राजापुर मजरे गुंगवाछ गांव में पसरा सन्नाटा। -संवाद- फोटो : AMETHI

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed