अमेठी हत्याकांड: छेड़छाड़ का केस दर्ज कराने पर चलाई ताबड़तोड़ गोलियां, नौ खोके और एक जिंदा कारतूस बरामद
Murder of family in Amethi: अमेठी में शिक्षक परिवार के चारों सदस्यों को हमलावरों ने गोलियों से भून दिया। अब इस हत्याकांड का एक सुराग मिलता हुआ दिख रहा है।
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विस्तार
शिवरतनगंज थाना क्षेत्र के अहोरवा भवानी कस्बे के मुख्य चौराहे पर किराए के मकान में शिक्षक सुनील कुमार (35) अपनी पत्नी, दो बच्चों के साथ रहते थे। सुनील पीएमश्री विद्यालय पन्हौना में सहायक अध्यापक थे। बृहस्पतिवार की शाम कुछ असलहाधारी लोग उनके आवास पर पहुंचे। बदमाशों ने सुनील कुमार को निशाना बनाते हुए फायरिंग कर दी। बचाव में आईं उनकी पत्नी व दो बच्चे भी गोली का शिकार हो गया।
चारों लोगों को सीएचसी सिंहपुर ले जाया गया जहां चिकित्सकों ने सबको मृत घोषित कर दिया। सूचना पर एसपी अनूप कुमार सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचा। एएसपी हरेंद्र प्रताप ने बताया कि गोलीकांड में शिक्षक सुनील कुमार, उनकी पत्नी पूनम भारती(30) और दोनों बेटियों दृष्टि (6) और लाडो (2) की मौत हो गई। शिक्षक मूलत: रायबरेली के जगतपुर थानाक्षेत्र के सुदामापुरी के रहने वाले हैं। बीते 18 अगस्त को शिक्षक सुनील कुमार ने रायबरेली में ही चंदन वर्मा नामक युवक पर एससीएसटी के तहत छेड़छाड़ का केस दर्ज कराया था। पुलिस इसी बिंदु पर जांच कर रही है।
...मुकदमा दर्ज कराना शिक्षक परिवार को पड़ा भारी
चंद मिनटों में ही उजड़ गया शिक्षक का परिवार
शिक्षक परिवार पर जब गोलियां चलाई गईं तो अंधेरा हो चुका था। बताया जाता है कि करीब सात बजे की घटना है। एकाएक कई राउंड फायरिंग हुई। लोग जब तक कुछ समझ पाए, तब तक हमलावर घटना अंजाम देकर निकल गए। कुछ लोगों का कहना है कि करीब 10 से 15 मिनट तक गोलियों की आवाज सुनाई दी। उसके बाद सन्नाटा पसर गया। जब पुलिस पहुंची तब पता चला कि इतनी बड़ी घटना हो गई।
हमलावरों ने बेरहमी से चलाईं गोलियां
शिवरतनगंज के अहोरवा भवानी कस्बे में शिक्षक, उनकी पत्नी व दो मासूम बेटियों को मौत की नींद सुलाने वाले कातिलों ने अधाधुंध कई राउंड फायरिंग कर वाारदात अंजाम दी है। मौके से बरामद नौ खोखा व एक जिंदा कारतूस इसकी गवाही दे रही हैं। हालांकि हत्यारे कितने और किस वाहन से घटना अंजाम देने आए थे, इसके सिर्फ कयास लगाए जा रहे हैं। हत्यारे इतने शातिर निकले,कि वारदात की किसी को भनक तक नहीं लग पाई। पुलिस भी अभी हाथ मलती नजर आ रही है।
अहोरवा भवानी कस्बे के जिस मकान में शिक्षक परिवार रहता था। उसके आसपास कई दुकानें हैं। लेकिन कोई घटना को लेकर कोई कुछ बताने को तैयार नहीं है। पड़ोस में अमित मेडिकल स्टोर संचालित करने वाले राम मनोहन ने बताया कि उन्हें कुछ समझ में नहीं आया। गोलियों की आवाज सुनाई दी। तब वह चौकन्ना हुए। आसपास के लोग भी निकल आए। जिसके बाद इन लोगों ने पुलिस को सूचना दी।
दावा किया जा रहा है कि इस बीच ताबड़तोड़ फायरिंग हुई। जब पुलिस मौके पर पहुंची तब पता चला कि शिक्षक के परिवार को निशाना बना कर हमला किया गया है। कुछ लोगों ने बताया कि बाइक से कुछ लोग आए थे। वह संदिग्ध नजर आ रहे थे। लेकिन ज्यादा उनके बारे में कुछ पता नहीं चला। उसी के बाद यह घटना हुई है। दावा किया जा रहा है कि वारदात अंजाम देने में तीन से चार लोग हो सकते हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक मौके से नौ कारतूस खोखा बरामद हुए हैं। एक जिंदा कारतूस भी मिली है। जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि वारदात अंजाम देने वाले तीन से अधिक हो सकते हैं। हत्या में पिस्टल के इस्तेमाल का कयास लगाया है। हालांकि इस घटना को लेकर पुलिस भी बहुत कुछ बताने की स्थिति में नहीं है।