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एक माह से गांव की बिजली बाधित
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भीटी (अंबेडकरनगर)। पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों व कर्मचारियों की मनमानी से तेजापुर के ग्रामीण करीब एक माह से बिजली से वंचित हैं। दरअसल करीब एक माह पूर्व बिजली आपूर्ति के लिए गांव में लगे तीन खंभे व ट्रांसफार्मर ट्रैक्टर-ट्रॉली की टक्कर से टूट गए थे। ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारियों से शिकायत कर पोल दुरुस्त कराने की मांग की थी, मगर अभी तक गड़बड़ी को दूर नहीं कराया जा सका। जिम्मेदारों की कार्यशैली से ग्रामीणों में रोष है।
मामला भीटी तहसील क्षेत्र के तेजापुर गांव का है। ग्रामीणों के अनुसार करीब एक माह पूर्व गन्ना लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली की टक्कर से बिजली आपूर्ति के लिए गांव में लगे तीन खंभे टूटने के साथ ट्रांसफार्मर का भी पोल क्षतिग्रस्त हो गया था। इससे करीब 500 आबादी की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। ग्रामीणों ने उसी समय इसकी शिकायत पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों व कर्मचारियों से की थी, लेकिन करीब एक माह बाद भी न तो खंभे लगे सके और न ही इस दिशा में कोई कदम ही उठाया गया। नतीजा यह है कि जहां पांच सौ आबादी एक माह से बिजली से वंचित है, वहीं पेयजल की समस्या बढ़ने के साथ मोबाइल चार्जिंग व बिजली से होने वाले कई कार्य बाधित पड़े हैं।
ग्रामीणों ने पावर कॉर्पोरेशन कर्मचारियों की मनमानी पर नाराजगी प्रकट की है। ग्रामीण योगेंद्र, अमित, हरीराम, रजत, कृष्ण चंद्र, मातादीन व रामदत्त आदि का कहना है कि विभागीय अधिकारी व कर्मचारी सिर्फ मनमानी कर रहे हैं। एक माह से गांव की बिजली आपूर्ति ठप है, लेकिन समस्या को दूर कराने की तरफ कोई ध्यान नहीं दिया गया। ग्रामीणों ने अविलंब पोल लगवाने की मांग की है। उधर, अवर अभियंता धर्मेंद्र कुमार तिवारी ने बताया कि मौजूदा समय में पोल उपलब्ध नहीं हैं। पोल आते ही समस्या का समाधान करा दिया जाएगा।
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मामला भीटी तहसील क्षेत्र के तेजापुर गांव का है। ग्रामीणों के अनुसार करीब एक माह पूर्व गन्ना लदी ट्रैक्टर-ट्रॉली की टक्कर से बिजली आपूर्ति के लिए गांव में लगे तीन खंभे टूटने के साथ ट्रांसफार्मर का भी पोल क्षतिग्रस्त हो गया था। इससे करीब 500 आबादी की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। ग्रामीणों ने उसी समय इसकी शिकायत पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों व कर्मचारियों से की थी, लेकिन करीब एक माह बाद भी न तो खंभे लगे सके और न ही इस दिशा में कोई कदम ही उठाया गया। नतीजा यह है कि जहां पांच सौ आबादी एक माह से बिजली से वंचित है, वहीं पेयजल की समस्या बढ़ने के साथ मोबाइल चार्जिंग व बिजली से होने वाले कई कार्य बाधित पड़े हैं।
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ग्रामीणों ने पावर कॉर्पोरेशन कर्मचारियों की मनमानी पर नाराजगी प्रकट की है। ग्रामीण योगेंद्र, अमित, हरीराम, रजत, कृष्ण चंद्र, मातादीन व रामदत्त आदि का कहना है कि विभागीय अधिकारी व कर्मचारी सिर्फ मनमानी कर रहे हैं। एक माह से गांव की बिजली आपूर्ति ठप है, लेकिन समस्या को दूर कराने की तरफ कोई ध्यान नहीं दिया गया। ग्रामीणों ने अविलंब पोल लगवाने की मांग की है। उधर, अवर अभियंता धर्मेंद्र कुमार तिवारी ने बताया कि मौजूदा समय में पोल उपलब्ध नहीं हैं। पोल आते ही समस्या का समाधान करा दिया जाएगा।
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