{"_id":"68c1c8423080a96b370dbbf4","slug":"three-accused-of-culpable-homicide-sentenced-to-10-years-rigorous-imprisonmen-ambedkar-nagar-news-c-91-1-brp1007-141786-2025-09-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambedkar Nagar News: गैर इरादतन हत्या के तीन दोषियों को 10 साल का सश्रम कारावास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambedkar Nagar News: गैर इरादतन हत्या के तीन दोषियों को 10 साल का सश्रम कारावास
Thu, 11 Sep 2025 12:19 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
Updated Thu, 11 Sep 2025 12:19 AM IST
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश रीता कौशिक ने बुधवार को गैर इरादतन हत्या के केस की सुनवाई के दौरान दोषियों सतीश, राजू और रवि को 10-10 साल की सजा सुनाई है। वहीं, दूसरे पक्ष से मारपीट के मामले में दो को दोषी ठहराते को परिवीक्षा की सजा सुनाई है।
टांडा के मुबारकपुर निवासी रामरीत उर्फ मखंचू 14 सितंबर 2015 रात 9 बजे अपने घर के बाहर खड़े थे। गांव के तुलसीराम, राजू, रवि व सतीश सड़क पर अपने घर के सामने खड़े होकर गाली गलौज कर रहे थे। विरोध करने पर रामरीत की लाठी डंडे व बांके से पिटाई की थी। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। घायल अवस्था में उसे सीएचसी टांडा भेजा गया था। जहां हालत गंभीर देख चिकित्सकों में जिला अस्पताल अकबरपुर रेफर कर दिया था लेकिन रास्ते में ही मौत हो गई थी। इसके बाद पुलिस ने मृतक के पिता लक्ष्मी प्रसाद की शिकायत पर चारों के खिलाफ गैरइरादन हत्या का केस दर्ज किया था। बुधवार को कोर्ट में सुनवाई के दौरान तीन अभियुक्तों को सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही तीनों पर 12-12 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। मुकदमे के विचारण के दौरान आरोपी तुलसीराम की मौत हो चुकी है। जिला जज रीता कौशिक ने रामजीत व रामस्वरूप को दोषी करार देते हुए 50,000 के दो व्यक्तिगत मुचलके व इसी राशि के दो-दो प्रतिभू प्रस्तुत करने का आदेश दिया गया। आरोपी लक्ष्मी प्रसाद का पूर्व में निधन हो चुका है।
विज्ञापन
टांडा के मुबारकपुर निवासी रामरीत उर्फ मखंचू 14 सितंबर 2015 रात 9 बजे अपने घर के बाहर खड़े थे। गांव के तुलसीराम, राजू, रवि व सतीश सड़क पर अपने घर के सामने खड़े होकर गाली गलौज कर रहे थे। विरोध करने पर रामरीत की लाठी डंडे व बांके से पिटाई की थी। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। घायल अवस्था में उसे सीएचसी टांडा भेजा गया था। जहां हालत गंभीर देख चिकित्सकों में जिला अस्पताल अकबरपुर रेफर कर दिया था लेकिन रास्ते में ही मौत हो गई थी। इसके बाद पुलिस ने मृतक के पिता लक्ष्मी प्रसाद की शिकायत पर चारों के खिलाफ गैरइरादन हत्या का केस दर्ज किया था। बुधवार को कोर्ट में सुनवाई के दौरान तीन अभियुक्तों को सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही तीनों पर 12-12 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। मुकदमे के विचारण के दौरान आरोपी तुलसीराम की मौत हो चुकी है। जिला जज रीता कौशिक ने रामजीत व रामस्वरूप को दोषी करार देते हुए 50,000 के दो व्यक्तिगत मुचलके व इसी राशि के दो-दो प्रतिभू प्रस्तुत करने का आदेश दिया गया। आरोपी लक्ष्मी प्रसाद का पूर्व में निधन हो चुका है।
विज्ञापन