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जाम से निजात दिलाने को मखदूमपुर क्रॉसिंग पर 36 करोड़ से बनेगा ओवरब्रिज
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विद्युतनगर। टांडा तहसील क्षेत्र के लोगों के लिए अच्छी खबर है। मखदूमनगर रेलवे क्रॉसिंग के ऊपर दो लेन ओवरब्रिज बनाने की कवायद शुरू हो गई है। एनटीपीसी की सहमति पर 36 करोड़ का प्रस्ताव पीडब्ल्यूडी ने तैयार कर लिया है। प्रस्ताव को सेतु निगम को भेज भी भेज दिया गया है। माना जा रहा है अगले वित्तीय वर्ष से निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। इसमें होने वाला पूरा खर्च एनटीपीसी वहन करेगी। निर्माण कार्य उत्तर प्रदेश सेतु निगम करेगा। इस ओवरब्रिज के निर्माण से नगरवासियों के अलावा अयोध्या जाने व आने वालों को भी लाभ मिलेगा। अक्सर रेलवे क्रॉसिंग बंद होने की वजह से न सिर्फ नगर में जाम का संकट गहराता है बल्कि लोगों को आवागमन में भी दिक्कत होती है।
बताते चलें कि एनटीपीसी में मालगाड़ियों के आने पर टांडा-अयोध्या मार्ग पर स्थित मखदूमपुर रेलवे क्रॉसिंग बंद कर दी जाती है। इससे क्रॉसिंग के दोनों तरफ वाहनों का लंबा जाम लग जाता है। जाम सेम्हरिया गोल चौराहे से लेकर एनटीपीसी प्लांट गेट तक करीब तीन किलोमीटर की दूरी तक लगता है। इससे घंटों नागरिक इस जाम में फंसे रहते हैं। कलवारी पुल बनने के बाद से इस मार्ग पर ट्रैफिक और बढ़ चुका है। रेलवे क्रासिंग बंद होने के कारण लगने वाले जाम का सीधा असर टांडा नगर के आवागमन पर भी पड़ता है।
यहां जाम लगने के बाद नगर में भी जाम का संकट गहरा जाता है। जब मखदूमपुर रेलवे क्रासिंग खुलती है तो बड़ी संख्या में वाहन एक साथ टांडा नगर में पहुंचते हैँ। इससे नगर की भी यातायात व्यवस्था बेपटरी हो जाती है। एनटीपीसी में नए प्लांटों के शुरु होने के बाद से कोयले की खपत बढ़ गई है। इससे अब प्रतिदिन 8 से 10 मालगाड़ी कोयला लेकर एनटीपीसी आने लगी हैं। ऐसे में अब क्रासिंग को आते जाते समय कई बार बंद करना पड़ता है। फाटक बंद होने से इसका सीधा असर यातायात पर पड़ता है। आम नागरिक लंबे समय से रेलवे क्रासिंग पर ओवरब्रिज बनवाए जाने की मांग कर रहे हैं।
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आम नागरिकों की मांग पर एनटीपीसी प्रशासन ने जाम से निजात दिलाने के लिए पहल शुरू किया है। मालगाड़ियों के आवागमन के दौरान मुश्किल न हो इसके लिए करीब 36 करोड़ रुपए की लागत से 600 मीटर लंबा टू लेन ओवरब्रिज बनाने की कार्य योजना तैयार की गई है। एनटीपीसी की सहमति पर लोक निर्माण विभाग ने ओवरब्रिज निर्माण के लिए आवश्यक रिपोर्ट तैयार किया है। ओवरब्रिज निर्माण के लिए यह रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सेतु निगम को भेज दिया गया है। स्थानीय मनीष पाण्डेय, शेरबहादुर तिवारी व विजयशंकर आदि ने एनटीपीसी की इस पहल का स्वागत किया है। कहा कि क्रासिंग पर ओवरब्रिज न होने की वजह से प्रतिदिन हजारों नागरिकों को आवागमन संकट से जूझना पड़ रहा है। ब्रिज बन जाने के बाद आवागमन में काफी सुविधा मिलेगी।
एनटीपीसी के सुझाव पर मखदूमपुर रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज निर्माण की पहल शुरू की गई है। बीते दिनों इसके लिए आवश्यक रिपोर्ट तैयार कर उत्तर प्रदेश सेतु निर्माण निगम को भेज दी गई है। अन्य प्रक्रिया भी पूरी की जा रही है। ओवरब्रिज बन जाने से रेलवे क्रॉसिंग बंद होने पर लगने वाले जाम से निजात मिलेगी।
- अजीत यादव, सहायक अभियंता, पीडब्ल्यूडी, प्रांतीय खंड
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बताते चलें कि एनटीपीसी में मालगाड़ियों के आने पर टांडा-अयोध्या मार्ग पर स्थित मखदूमपुर रेलवे क्रॉसिंग बंद कर दी जाती है। इससे क्रॉसिंग के दोनों तरफ वाहनों का लंबा जाम लग जाता है। जाम सेम्हरिया गोल चौराहे से लेकर एनटीपीसी प्लांट गेट तक करीब तीन किलोमीटर की दूरी तक लगता है। इससे घंटों नागरिक इस जाम में फंसे रहते हैं। कलवारी पुल बनने के बाद से इस मार्ग पर ट्रैफिक और बढ़ चुका है। रेलवे क्रासिंग बंद होने के कारण लगने वाले जाम का सीधा असर टांडा नगर के आवागमन पर भी पड़ता है।
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यहां जाम लगने के बाद नगर में भी जाम का संकट गहरा जाता है। जब मखदूमपुर रेलवे क्रासिंग खुलती है तो बड़ी संख्या में वाहन एक साथ टांडा नगर में पहुंचते हैँ। इससे नगर की भी यातायात व्यवस्था बेपटरी हो जाती है। एनटीपीसी में नए प्लांटों के शुरु होने के बाद से कोयले की खपत बढ़ गई है। इससे अब प्रतिदिन 8 से 10 मालगाड़ी कोयला लेकर एनटीपीसी आने लगी हैं। ऐसे में अब क्रासिंग को आते जाते समय कई बार बंद करना पड़ता है। फाटक बंद होने से इसका सीधा असर यातायात पर पड़ता है। आम नागरिक लंबे समय से रेलवे क्रासिंग पर ओवरब्रिज बनवाए जाने की मांग कर रहे हैं।
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आम नागरिकों की मांग पर एनटीपीसी प्रशासन ने जाम से निजात दिलाने के लिए पहल शुरू किया है। मालगाड़ियों के आवागमन के दौरान मुश्किल न हो इसके लिए करीब 36 करोड़ रुपए की लागत से 600 मीटर लंबा टू लेन ओवरब्रिज बनाने की कार्य योजना तैयार की गई है। एनटीपीसी की सहमति पर लोक निर्माण विभाग ने ओवरब्रिज निर्माण के लिए आवश्यक रिपोर्ट तैयार किया है। ओवरब्रिज निर्माण के लिए यह रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सेतु निगम को भेज दिया गया है। स्थानीय मनीष पाण्डेय, शेरबहादुर तिवारी व विजयशंकर आदि ने एनटीपीसी की इस पहल का स्वागत किया है। कहा कि क्रासिंग पर ओवरब्रिज न होने की वजह से प्रतिदिन हजारों नागरिकों को आवागमन संकट से जूझना पड़ रहा है। ब्रिज बन जाने के बाद आवागमन में काफी सुविधा मिलेगी।
एनटीपीसी के सुझाव पर मखदूमपुर रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज निर्माण की पहल शुरू की गई है। बीते दिनों इसके लिए आवश्यक रिपोर्ट तैयार कर उत्तर प्रदेश सेतु निर्माण निगम को भेज दी गई है। अन्य प्रक्रिया भी पूरी की जा रही है। ओवरब्रिज बन जाने से रेलवे क्रॉसिंग बंद होने पर लगने वाले जाम से निजात मिलेगी।
- अजीत यादव, सहायक अभियंता, पीडब्ल्यूडी, प्रांतीय खंड