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सपा-भाजपा दोनों को सत्ता में आने से रोकना है : मायावती

Sun, 20 Feb 2022 12:11 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sun, 20 Feb 2022 12:11 AM IST
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Both SP-BJP have to be stopped from coming to power: Mayawati
अंबेडकरनगर के शिवबाबा प्रांगण में आयोजित जनसभा में भीड़ का अभिवादन करतीं बसपा सुप्रीमों मायावत - फोटो : AMBEDKAR NAGAR
अंबेडकरनगर। बसपा सुप्रीमो मायावती ने शनिवार को कहा कि सपा व भाजपा दोनों को सत्ता में आने से रोकना है। दोनों ही दलाें के नेतृत्व में दलितों, महिलाओं, युवाओं व किसानों समेत मजदूरों का भला नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कांग्रेस को भी आड़े हाथों लेते हुए कहा कि सिर्फ वोट के लिए वह तरह तरह का नाटक करती है। वे शनिवार को अकबरपुर नगर के निकट शिवबाबा में बसपा प्रत्याशियों के पक्ष में आयोजित मंडल स्तरीय जनसभा को संबोधित कर रहीं थीं।
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पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने भीड़ भरी जनसभा में कांग्रेस, भाजपा व सपा पर खूब हमला बोला। कहा कि आजादी के बाद केंद्र व राज्यों की सत्ता में ज्यादातर समय रही कांग्रेस ने दलितों व आम नागरिकों के भले की तरफ ध्यान नहीं दिया। मंडल कमीशन की रिपोर्ट को लागू करने का काम भी तब हो पाया, जब बसपा ने संघर्ष किया। कांग्रेस के दलितों व महिलाओं के प्रति अभियान पर व्यंग्य करते हुए कहा कि कांग्रेस के जब अच्छे दिन होते हैं, तब उसे दलित व महिलाओं की याद नहीं आती है।
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सपा पर हमलावर होते हुए कहा कि उसकी सरकार में गुंडों का बोलबाला होता है। दलितों व अन्य पिछड़े वर्गों की खूब उपेक्षा हुुई। संसद में एससी-एसटी का बिल फाड़ देने का आरोप लगाते हुए कहा कि एससी एसटी के खिलाफ सपा सरकार ने खूब फैसले किए। दलित व कमजोर वर्गों से जुड़े तमाम महापुरुषों के नाम पर बनाए गए जिलों के नाम सपा सरकार ने बदल डाले थे। अनुसूूचित जाति व जनजाति के छात्र-छात्राओं की शिक्षा के लिए जो सुविधाएं बसपा ने शुरू की थीं, उसे रोकने का काम सपा ने किया।
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मायावती ने कहा कि इसके बाद आई बीजेपी भी पिछली सरकार की तरह ही निकली। बीजेपी सरकार में भी जातिवादी मानसिकता झलकती रही। सपा व भाजपा दोनों को सत्ता में आने से रोकने का आह्वान करते हुए कहा कि भाजपा की सोच पूंजीवादी व आरएसएस के संकीर्ण एजेंडे वाली है। इस सरकार में भी कमजोर व वंचित वर्गों का सही से उत्थान नहीं हो पा रहा है। धर्म के नाम पर तनाव का वातावरण है।
दलितों, महिलाओं व मुस्लिमों के साथ न्याय होना मुश्किल हो गया है। दलितों व पिछड़ों को आरक्षण का पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। मुस्लिम समाज के साथ ही उन्होंने ब्राह्मण समाज की भी उपेक्षा का आरोप लगाया। मायावती ने सरकार आने पर कानून व्यवस्था को बेहतर करने, जाति व धर्म के आधार पर शोषण न होने देने, गुंडों को जल भेजने, जिन्हें गलत फंसाया गया है, उनकी जांच कर न्याय दिलाने का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि दूसरी पार्टियों ने हवा हवाई घोषणापत्र जारी किए हैं। हम कहने में नहीं, करने में विश्वास करते हैं। इसलिए हम काम कर के दिखाएंगे। विरोधयिों के तमाम हथकंडों से सावधान रहते हुए कहा कि सुबह पहुंचकर मतदान करना है।
बेरोजगारों व कर्मचारियों का खास जिक्र
पूर्व सीएम ने बेरोजगारों का उल्लेख खासतौर पर किया। कहा कि हमने पिछले कार्यकाल में युवाओं की तरफ ध्यान दिया था। इस बार सरकार बनने पर रोजगार की तरफ और ध्यान देंगे। बेरोजगारों के रोटी रोटी के लिए पलायन नहीं करना पड़ेगा। किसानों को निराश नहीं होने देने का जिक्र करने के साथ ही उन्होंने कहा कि आजादी के बाद से सही ध्यान दिया गया होता, तो यहां के युवाओं को रोजी रोटी के लिए पलायन करने की मजबूरी न उठानी पड़ती। उन्होंने विभिन्न विभागों के कर्मचारियों का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी मांगों के निपटारे के लिए एक आयोग का गठन किया जाएगा। पुरानी पेंशन लागू करने का भी भरोसा उन्होंने दिया।
जिले का करेंगे सर्वाधिक विकास
उन्होंने कहा कि सरकार बनने पर हम अंबेडकरनगर जिले का खूब विकास करेंगे। सरकार बनने पर यूं तो पूरे अयोध्या मण्डल का विकास होगा, लेकिन अंबेडकरनगर के विकास पर विशेष ध्यान देंगे। आपने ही मुझे यहां से सांसद बनाया था। हम सरकार बनने के बाद आपके भरोसे को कामय रखेंगे।
बागी व निष्कासित नेताओं पर साधा निशाना
मायावती ने नाम लिए बगैर पूर्व सांसद त्रिभुवनदत्त तथा पूर्व मंत्रियों लालजी वर्मा व रामअचल राजभर पर निशाना साधा। कहा कि इन नेताओं ने जिले में पार्टी को तीन ग्रुप में बांट दिया था। इससे नुकसान हो रहा था। चेयरमैन बनाने का मौका नहीं मिल पाया। आगे और भी नुकसान हो सकता था। इसलिए निर्णय लेना पड़ा। कहा कि इन तीनों की चौकड़ी सपा में कितने दिन रहेगी, यह देखने वाली बात होगी। यह तीनों जरूर हारेंगे। उन्होंने बसपा छोड़ने वाले पूर्व सांसद राकेश पाण्डेय का नाम लिए बगैर कहा कि जलालपुर वाले का जवाब भी सही समय पर मिल जाएगा।

मायावती ने की इनसे चुनाव पर चर्चा
दौरे पर आईं पूर्व सीएम मायावती ने राष्ट्रीय महासचिव मुनकाद अली, मुख्य सेक्टर प्रभारी घनश्यामचंद्र खरवार व दिनेशचंद्रा, जिलाध्यक्ष अरविंद गौतम, पूर्व विधायक पवन पांडेय, बसपा नेता गौस अशरफ, अकबरपुर प्रत्याशी चंद्रप्रकाश वर्मा, कटेहरी प्रत्याशी प्रतीक पांडेय, जलालपुर प्रत्याशी राजेश सिंह, टांडा प्रत्याशी शबाना खातून व आलापुर प्रत्याशी केडी गौतम से चुनाव का फीडबैक लिया। मायावती ने सभी प्रत्याशियों की पीठ थपथपाई और उन्हें जीत का आशीर्वाद दिया।
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