फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   योग से ही शरीर को रख सकते हैं पूरी तरह चुस्त दुरुस्त

योग से ही शरीर को रख सकते हैं पूरी तरह चुस्त दुरुस्त

Sat, 22 Jun 2019 01:04 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 22 Jun 2019 01:04 AM IST
विज्ञापन
योग से ही शरीर को रख सकते हैं पूरी तरह चुस्त दुरुस्त
अंबेडकरनगर। योग को दिनचर्या में शामिल करने की जरूरत है। योग के माध्यम से ही हम अपने शरीर को चुस्त दुरुस्त बनाए रख सकते हैं। यह विचार अमर उजाला की अपराजिता मुहिम के तहत शुक्रवार को बीएन इंटर कॉलेज में आयोजित योग शिविर के प्रशिक्षक भारतीय योग संस्थान के जिला प्रधान आशाराम वर्मा ने प्रकट किया। कहा कि योग को लेकर आम जनमानस में जागरुकता बढ़ तो रही है, लेकिन अभी इस दिशा में बहुत कुछ किया जाना बाकी है।
विज्ञापन

युवाओं से खासतौर पर आह्वान किया कि वे योग को अपनी दिनचर्या में शामिल जरूर करें। योग करने से नकारात्मक शक्तियों का ह्रास होता है, जबकि सकारात्मक उर्जा मिलती हैै। इसी उर्जा के बल पर हम कई तरह की उपलब्धियों को आसानी से प्राप्त कर सकते हैं।
विज्ञापन

आशाराम ने अमर उजाला के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि लंबे समय से संस्थान द्वारा सामाजिक बेहतरी के लिए जो योगदान दिया जा रहा है, वह दूरगामी परिणाम वाला है।
विज्ञापन
विज्ञापन

प्रशिक्षक संदीप श्रीवास्तव व नरेंद्र तिवारी ने कहा कि युवाओं से लेकर महिलाओं तथा बुजुर्गों व बच्चों तक को योग की महत्ता समझना होगा। यह कोई एक दो दिन की प्रक्रिया नहीं है। इसे नियमित तौर पर अपनाया जाना चाहिए।


शिविर में भाग लेने पहुंचे डा. एसएन त्रिपाठी तथा व्यापारी नेता शिवकुमार वर्मा ने कहा कि अमर उजाला का यह प्रयास अत्यंत सराहनीय है। महिला सशक्तीकरण के साथ ही योग आदि को लेकर जिस तरह की मुहिम अमर उजाला ने छेड़ा है, उसके अच्छे परिणाम समाज को मिलेंगे। व्यापारी राजीव उपाध्याय ने जोर देकर कहा कि ऐसे अभियानों से ही समाज में नया परिवर्तन आएगा। हमें पूरी मजबूती से योग की महत्ता को लेकर ध्यान देना होगा।

1-तान्या, अंजलि व राप्ती ने कहा कि जिस प्रकार से बढ़ते प्रदूषण से विभिन्न प्रकार की बीमारियां उत्पन्न हो रही हैं, वह आने वाले समय के लिए अत्यंत चिंताजनक है। इन बीमारियों से बचने का सिर्फ एक ही तरीका है और वह है योग। नियमित योग करने से शरीर स्वस्थ रहता है।


2-मुतरा देवी, गायत्री व नीलम ने कहा कि योग मस्तिष्क को एकाग्र करता है। नकारात्मक सोच समाप्त होती है और सकारात्मक सोच विकसित होती है। युवाओं को चाहिए कि वे अपने जीवन में योग को अपनाएं। नियमित योग करें। इससे न सिर्फ शरीर स्वस्थ रहेगा, बल्कि भागदौड़ में उत्पन्न होने वाला मानसिक तनाव से भी राहत मिलेगी।


3-कुसुमलता, कुष्मांडी व विनीता श्रीवास्तव ने कहा कि योग से शरीर निरोग रहता है। ऐसे में विशेषकर युवाओं को चाहिए कि वे नियमित तरीके से योग करें। जब शरीर स्वस्थ व मस्जिष्क तनावमुक्त होगा, तो सफलता स्वयं कदम चूमेगी। योग सफलता की कुंजी है। ऐसे में जिस प्रकार से हम दूसरे काम करते हैं, उसी प्रकार से प्रतिदिन योग भी करना चाहिए।


4-मालती तिवारी, सुधा व समीक्षा ने कहा कि भागदौड़ की जिंदगी से न सिर्फ स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, बल्कि मानसिक तनाव भी बढ़ता है। अक्सर लोग मानसिक तनाव दूर करने के लिए धूम्रपान का सहारा लेते हैं। यह शरीर के लिए अत्यंत हानिकारक है। यदि नियमित रूप से योग किया जाए, तो इससे राहत मिलेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed