फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   जिला अस्पताल में कुपोषित बच्ची का इलाज कराने से परिवार का इनकार

जिला अस्पताल में कुपोषित बच्ची का इलाज कराने से परिवार का इनकार

Thu, 15 Nov 2018 11:32 PM IST
Updated Thu, 15 Nov 2018 11:32 PM IST
विज्ञापन
जिला अस्पताल में कुपोषित बच्ची का इलाज कराने से परिवार का इनकार
अंबेडकरनगर। कुपोषण की शिकार बच्ची के इलाज कराने को उसका परिवार तैयार नहीं हो रहा। स्वास्थ्य विभाग व प्रशासनिक अधिकारियों की तमाम मान मनौव्वल के बाद भी परिवार के लोग बच्ची को जिला अस्पताल में भर्ती कराने के लिए राजी नहीं हैं। उनका कहना है कि वे निजी स्तर पर इलाज करा रहे हैं। इस बीच गुरुवार को प्रशासन के प्रयासों के बाद मासूम के पिता ने यह भरोसा दिया है कि वह शुक्रवार को जिला अस्पताल पहुंचकर वहां की व्यवस्था देखेगा। इसके बाद अपनी पुत्री को भर्ती कराने के बारे में निर्णय लेगा।
विज्ञापन

मामला अकबरपुर नगर क्षेत्र के सिझौली का है। स्थानीय निवासी संतोष सोनी की पांच पुत्रियां व दो पुत्र पहले से हैं। गत जून माह में संतोष की पत्नी ने छठवीं पुत्री को जन्म दिया। जन्म के समय ही वह काफी कमजोर थी। इस समय उसका कुल वजन महज 2 किलो 200 ग्राम है। स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने बच्ची में कुपोषण के लक्षण देखे। लगभग चार माह की पुत्री की इस कमजोर हालत को लेकर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने परिवारीजनों को सलाह दिया कि वह उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराएं, वहां सभी प्रकार की व्यवस्था निशुल्क हैं। सरकार की तरफ से जरूरी मदद भी की जा रही है। स्वास्थ्य कर्मचारियों की सलाह अनदेखी करने पर गुरुवार को डॉ. पीसी वर्मा, डॉ. मनीष वर्मा, डॉ. सुधा व डॉ. मनोज की टीम सिझौली गांव गई। वहां पर परिवारीजनों से मुलाकात कर बच्ची को जिला अस्पताल में भर्ती कराने की सलाह दी। काफी देर तक मानमनौव्वल के बाद भी कोई नतीजा सामने नहीं आया। अपर सीएमओ डॉ. सतीराम व डॉ. मुकुल त्रिपाठी ने भी परिवारीजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी।
विज्ञापन

इस पर एसडीएम सदर अभिषेक पाठक ने मोर्चा संभाला। उन्होंने संतोष सोनी से वार्ता कर उसे समझाया कि उसकी पुत्री की हालत ठीक नहीं है। तत्काल इलाज की जरूरत है। संतोष ने एसडीएम से कहा कि वह अपनी पुत्री का इलाज निजी स्तर पर करा रहा है। जिला अस्पताल में वह भर्ती नहीं कराएगा। वहां कई बार जरूरी व्यवस्था नहीं मिल पाती है। एसडीएम ने उसे काफी समझाया। इसके बाद उसने शुक्रवार को जिला अस्पताल आकर वहां व्यवस्था देखने तथा उसके बाद निर्णय लेने का भरोसा दिलाया। संतोष के इस आश्वासन को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने थोड़ी राहत जरूर महसूस की है, लेकिन अभी चुनौतियां समाप्त नहीं हुई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


बच्ची को मिलेगा समुचित इलाज
शुक्रवार को अस्पताल आने पर परिवारीजनों को इस बात के लिए राजी किया जाएगा कि उन्हें यहां पर समुचित व्यवस्था उपलब्ध करायी जाएगी। बच्ची समेत उसकी मां को कोई दिक्कत नहीं होगी। -डॉ. अशोक कुमार, सीएमओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed