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25 दिन में सिर्फ 6 मरीजों को मिला आयुष्मान योजना से इलाज
Updated Wed, 17 Oct 2018 10:32 PM IST
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अंबेडकरनगर। जिले में प्रधानमंत्री जन आरोग्य आयुष्मान भारत योजना गति नहीं पकड़ पा रही है। अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि योजना के तहत मरीजों को सुचारु इलाज मिल सके, इसके लिए जिला अस्पताल समेत कुल पांच सरकारी अस्पतालों को चयनित किया गया था, उसके सापेक्ष मात्र जिला अस्पताल में ही इलाज शुरू हो सका है। राजकीय मेडिकल कॉलेज समेत तीन सीएचसी में अब तक योजना की शुरुआत ही नहीं हो सकी है। जिले में योजना की शुरुआत हुए 25 दिन हो गए, लेकिन जिला अस्पताल में मात्र 6 मरीजों का ही योजना के तहत इलाज हो सका है।
आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को बेहतर इलाज उपलब्ध हो सके, इसके लिए केंद्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री जन आरोग्य आयुष्मान भारत योजना का संचालन किया जा रहा है। इसके तहत वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले परिवारों को 5-5 लाख रुपये का निशुल्क इलाज का प्राविधान रखा गया। जिले में योजना का मरीजों को समुचित लाभ मिल सके, इसके लिए जिले में जिला अस्पताल के अलावा राजकीय मेडिकल कालेज सद्दरपुर, सीएचसी टांडा, सीएचसी बसखारी व सीएचसी जलालपुर को चयनित किया गया। योजना के संचालन के लिए इसके अलावा 17 निजी अस्पतालों ने भी आवेदन किया है।
वैसे तो केंद्र सरकार ने 30 अप्रैल से योजना को संचालित करने की घोषणा की थी, लेकिन जिले में इसका शुभारंभ गत 23 सितंबर को जिला अस्पताल में सांसद हरिओम पांडेय ने समारोहपूर्वक किया था। इस बीच योजना को प्रारंभ हुए 25 दिन हो चुके हैं, लेकिन अब तक मात्र जिला अस्पताल में योजना की शुरुआत हो सकी है। ऐसा तब है, जबकि योजना के तहत 1 लाख 48 हजार पात्रों को वयनित किया गया है। जिला अस्पताल में अब तक मात्र 6 मरीजों का इलाज योजना के तहत हुआ है, जबकि राजकीय मेडिकल कॉलेज समेत तीन अन्य सीएचसी में अब तक योजना की शुरुआत ही नहीं हो सकी है। ऐसे में सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि योजना को लेकर जिम्मेदार अधिकारी कितना गंभीर हैं।
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योजना को लेकर गंभीर हों अधिकारी
सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. रमाकांत मिश्र ने कहा कि सिर्फ योजना के संचालन से ही कुछ होने वाला नहीं है। इसका पात्रों को समुचित लाभ मिल सके, इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों को गंभीर होना होगा। यह अत्यंत चिंता की बात है कि सिर्फ जिला अस्पताल में ही योजना के तहत मात्र 6 मरीजों का इलाज सुनिश्चित किया जा सका है। शेष में अब तक योजना की शुरुआत ही नहीं हो सकी है।
दिए गए हैं दिशा-निर्देश
योजना के तहत पात्रों को योजना का समुचित लाभ मिल सके, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। जिन अस्पतालों में योजना की शुरुआत नहीं हो सकी है, उन्हें गत दिवस पत्र भेजकर आवश्यक प्रक्रिया शुरू करने के दिशा निर्देश दिए गए हैं। -आशुतोष सिंह, प्रभारी आयुष्मान भारत योजना
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आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को बेहतर इलाज उपलब्ध हो सके, इसके लिए केंद्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री जन आरोग्य आयुष्मान भारत योजना का संचालन किया जा रहा है। इसके तहत वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले परिवारों को 5-5 लाख रुपये का निशुल्क इलाज का प्राविधान रखा गया। जिले में योजना का मरीजों को समुचित लाभ मिल सके, इसके लिए जिले में जिला अस्पताल के अलावा राजकीय मेडिकल कालेज सद्दरपुर, सीएचसी टांडा, सीएचसी बसखारी व सीएचसी जलालपुर को चयनित किया गया। योजना के संचालन के लिए इसके अलावा 17 निजी अस्पतालों ने भी आवेदन किया है।
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वैसे तो केंद्र सरकार ने 30 अप्रैल से योजना को संचालित करने की घोषणा की थी, लेकिन जिले में इसका शुभारंभ गत 23 सितंबर को जिला अस्पताल में सांसद हरिओम पांडेय ने समारोहपूर्वक किया था। इस बीच योजना को प्रारंभ हुए 25 दिन हो चुके हैं, लेकिन अब तक मात्र जिला अस्पताल में योजना की शुरुआत हो सकी है। ऐसा तब है, जबकि योजना के तहत 1 लाख 48 हजार पात्रों को वयनित किया गया है। जिला अस्पताल में अब तक मात्र 6 मरीजों का इलाज योजना के तहत हुआ है, जबकि राजकीय मेडिकल कॉलेज समेत तीन अन्य सीएचसी में अब तक योजना की शुरुआत ही नहीं हो सकी है। ऐसे में सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि योजना को लेकर जिम्मेदार अधिकारी कितना गंभीर हैं।
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योजना को लेकर गंभीर हों अधिकारी
सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. रमाकांत मिश्र ने कहा कि सिर्फ योजना के संचालन से ही कुछ होने वाला नहीं है। इसका पात्रों को समुचित लाभ मिल सके, इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों को गंभीर होना होगा। यह अत्यंत चिंता की बात है कि सिर्फ जिला अस्पताल में ही योजना के तहत मात्र 6 मरीजों का इलाज सुनिश्चित किया जा सका है। शेष में अब तक योजना की शुरुआत ही नहीं हो सकी है।
दिए गए हैं दिशा-निर्देश
योजना के तहत पात्रों को योजना का समुचित लाभ मिल सके, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। जिन अस्पतालों में योजना की शुरुआत नहीं हो सकी है, उन्हें गत दिवस पत्र भेजकर आवश्यक प्रक्रिया शुरू करने के दिशा निर्देश दिए गए हैं। -आशुतोष सिंह, प्रभारी आयुष्मान भारत योजना