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आठ मोहल्लों में पानी के लिए हाहाकार
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Mon, 02 Apr 2018 01:19 AM IST
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इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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शहर के अल्लापुर, मम्फोर्डगंज और खुल्दाबाद में पेयजल संकट से लोगों को निजात नहीं मिल रही है। इन इलाकों के आठ मोहल्लों में तीसरे दिन रविवार को भी पानी के लिए हाहाकार मचा रहा। कई बस्तियों में दूषित जलापूर्ति भी लोगों की परेशानी का कारण बनी है। पाइप टूटने से सड़क पर पानी बह रहा है, वहीं लोग पानी के लिए बाल्टी लेकर घूम रहे हैं। अल्लापुर में पानी के दो टैंकर भेजे गए, जो लोगों की जरूरत पूरी नहीं कर सके।
अल्लापुर के नेता चौराहा, सोहबतियाबाग, न्यू सोहबतियाबाग, रामानंद नगर, सर्वोदय नगर, पूरा दलेल, पुलिस चौकी के पास रहने वाले सैकड़ों घरों में सुबह से ही जलापूर्ति नहीं हुई। अमिताभ बच्चन रोड पर पाइप की मरम्मत कर दी गई लेकिन चंद्रशेखर स्कूल के पास सड़क खोदाई के दौरान टूटी बड़ी पाइप जस की तस पड़ी है। वहां गहरे गड्ढे में भरा पानी बह रहा है और लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं। मौके पर पहुंचे गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के अफसरों ने रविवार रात क्षतिग्रस्त पाइप को बदलवाने का दावा किया है।
अल्लापुर नेता चौराहे के पास रहने वाले राजा शुक्ला, सुशील मिश्रा आदि का कहना है कि गंगा प्रदूषण का काम करने वाले ठेकेदार जल्दबाजी में न तो जनता की सुविधा का ध्यान रख रहे हैं और न ही गुणवत्ता का। पाइप आदि टूटने की स्थिति में तकनीकी कर्मचारी मौजूद नहीं होते, परेशानी इसीलिए हो रही है। कई बार शिकायत के बाद भी क्षतिग्रस्त पाइप की मरम्मत नहीं की जा रही है। सूचना पर जलकल विभाग ने रविवार को पानी के दो टैंकर भेजे। पानी भरने के लिए मौके पर होड़ मची रही। टैंकरों का पानी लोगों की जरूरत पूरी करने के लिए नाकाफी रहा। पूर्व पार्षद शिव सेवक सिंह ने इस संबंध में जल निगम के मुख्य अभियंता और इकाई के महाप्रबंधक को सूचना दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
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वहीं मम्फोर्डगंज इलाके में कॉलोनी के साथ बलरामपुर हाउस आदि मोहल्लों में पेयजल संकट चौथे दिन भी बना रहा। जलकल विभाग ने नलकूप दुरुस्त करने का दावा किया लेकिन पेयजल संकट बरकरार रहा। वहीं खुल्दाबाद सब्जी मंडी इलाके में भी लो प्रेशर और दूषित जलापूर्ति की दिक्कत रही। स्थानीय लोगों के मुताबिक करीब चार महीने से लोग परेशान हैं, उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। अव्यवस्था से नाराज लोगों ने शनिवार को जलकल मुख्यालय में धरना प्रदर्शन किया था। साउथ मलाका के आजाद नगर में भी रविवार को लो प्रेशर के कारण लोग परेशान रहे। जलकल कर्मियों से इसकी शिकायत की गई है।
गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के शहर भर में कराए जा रहे सीवरेज के काम लोगों के लिए मुसीबत बने हैं। वरिष्ठ पार्षद रतन दीक्षित और पूर्व पार्षद शिवशेवक सिंह का आरोप है कि इकाई के अफसर कार्यों की देखरेख सही तरीके से नहीं कर रहे हैं। अनियोजित तरीके से किए जा रहे कार्यों के दौरान गुणवत्ता का भी ध्यान नहीं रखा जा रहा है। अनुभवहीन पेटी कॉन्ट्रैक्टरों के काम करने से शहरियों की परेशानी बढ़ रही है। सीवरेज कार्य के दौरान मानक का पालन नहीं किया जा रहा है। पार्षद रतन दीक्षित के मुताबिक सोमवार को इसकी शिकायत नगर विकास मंत्री से की जाएगी।
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अल्लापुर के नेता चौराहा, सोहबतियाबाग, न्यू सोहबतियाबाग, रामानंद नगर, सर्वोदय नगर, पूरा दलेल, पुलिस चौकी के पास रहने वाले सैकड़ों घरों में सुबह से ही जलापूर्ति नहीं हुई। अमिताभ बच्चन रोड पर पाइप की मरम्मत कर दी गई लेकिन चंद्रशेखर स्कूल के पास सड़क खोदाई के दौरान टूटी बड़ी पाइप जस की तस पड़ी है। वहां गहरे गड्ढे में भरा पानी बह रहा है और लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं। मौके पर पहुंचे गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के अफसरों ने रविवार रात क्षतिग्रस्त पाइप को बदलवाने का दावा किया है।
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अल्लापुर नेता चौराहे के पास रहने वाले राजा शुक्ला, सुशील मिश्रा आदि का कहना है कि गंगा प्रदूषण का काम करने वाले ठेकेदार जल्दबाजी में न तो जनता की सुविधा का ध्यान रख रहे हैं और न ही गुणवत्ता का। पाइप आदि टूटने की स्थिति में तकनीकी कर्मचारी मौजूद नहीं होते, परेशानी इसीलिए हो रही है। कई बार शिकायत के बाद भी क्षतिग्रस्त पाइप की मरम्मत नहीं की जा रही है। सूचना पर जलकल विभाग ने रविवार को पानी के दो टैंकर भेजे। पानी भरने के लिए मौके पर होड़ मची रही। टैंकरों का पानी लोगों की जरूरत पूरी करने के लिए नाकाफी रहा। पूर्व पार्षद शिव सेवक सिंह ने इस संबंध में जल निगम के मुख्य अभियंता और इकाई के महाप्रबंधक को सूचना दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।
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वहीं मम्फोर्डगंज इलाके में कॉलोनी के साथ बलरामपुर हाउस आदि मोहल्लों में पेयजल संकट चौथे दिन भी बना रहा। जलकल विभाग ने नलकूप दुरुस्त करने का दावा किया लेकिन पेयजल संकट बरकरार रहा। वहीं खुल्दाबाद सब्जी मंडी इलाके में भी लो प्रेशर और दूषित जलापूर्ति की दिक्कत रही। स्थानीय लोगों के मुताबिक करीब चार महीने से लोग परेशान हैं, उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। अव्यवस्था से नाराज लोगों ने शनिवार को जलकल मुख्यालय में धरना प्रदर्शन किया था। साउथ मलाका के आजाद नगर में भी रविवार को लो प्रेशर के कारण लोग परेशान रहे। जलकल कर्मियों से इसकी शिकायत की गई है।
गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के शहर भर में कराए जा रहे सीवरेज के काम लोगों के लिए मुसीबत बने हैं। वरिष्ठ पार्षद रतन दीक्षित और पूर्व पार्षद शिवशेवक सिंह का आरोप है कि इकाई के अफसर कार्यों की देखरेख सही तरीके से नहीं कर रहे हैं। अनियोजित तरीके से किए जा रहे कार्यों के दौरान गुणवत्ता का भी ध्यान नहीं रखा जा रहा है। अनुभवहीन पेटी कॉन्ट्रैक्टरों के काम करने से शहरियों की परेशानी बढ़ रही है। सीवरेज कार्य के दौरान मानक का पालन नहीं किया जा रहा है। पार्षद रतन दीक्षित के मुताबिक सोमवार को इसकी शिकायत नगर विकास मंत्री से की जाएगी।