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असम से प्रयागराज डयूटी ज्वाइन करने साइकिल से पहुंचे विंग कमांडर संतोष
Sun, 10 Oct 2021 12:51 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Sun, 10 Oct 2021 12:51 AM IST
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Army officer
- फोटो : भारतीय सेना
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वायुसेना के विंग कमांडर संतोष कुमार असम से साइकिल चलाकर शनिवार को प्रयागराज ड्यूटी ज्वाइन करने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने 1540 किलोमीटर की यात्रा एक सप्ताह में पूरी की। इस यात्रा के दौरान उन्होंने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और सड़क सुरक्षा का संदेश दिया। प्रयागराज पहुंचने पर लोगों ने ढोल नगाड़ों और भारत माता की जय के उद्घोष के साथ उनका जोरदार स्वागत किया।
विंग कमांडर संतोष कुमार असम के जोरहाट में तैनात थे। हाल में ही उनका तबादला प्रयागराज के लिए हो गया। इसके बाद उन्होंने स्वच्छता, सड़क सुरक्षा और स्वच्छता का संदेश देने के लिए साइकिल से ही प्रयागराज तक की यात्रा करने का निर्णय लिया। वह दो अक्तूबर को साइकिल से जोरहाट से निकले।
इस यात्रा के दौरान विंग कमांडर संतोष असम, पश्चिम बंगाल, बिहार और उत्तर प्रदेश के कई शहरों से होकर गुजरे। यहां पहुंचने पर सुभाष चौक पर लोगों ने संतोष दुबे का भव्य स्वागत किया। पड़ोसी जनपद मिर्जापुर के कुरकुठिया गांव निवासी संतोष दो भाइयों में सबसे बड़े हैं। इस मौके पर सांसद रीता बहुगुणा जोशी, प्रेम शंकर शुक्ला, आदित्य तिवारी, अनूप तिवारी, राजेश कुमार आदि मौजूद रहे।
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रास्ते में मासूस के सवालों से जूझे कमांडर
असम से यात्रा के दौरान एक 11 वर्षीय मासूम ने साइकिल सवार विंग कमांडर संतोष कुमार के सामने सवालों की झड़ी लगा दी। जिसका उन्होंने बेहद सरलता से जवाब दिया। मासूम ने यात्रा का उद्देश्य, कब सेना में भर्ती हुए, कितने दिनों में मिलेगी मंजिल समेत कई प्रश्न किए। संतोष दुबे ने बच्चे की हर जिज्ञासा शांत की।
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विंग कमांडर संतोष कुमार असम के जोरहाट में तैनात थे। हाल में ही उनका तबादला प्रयागराज के लिए हो गया। इसके बाद उन्होंने स्वच्छता, सड़क सुरक्षा और स्वच्छता का संदेश देने के लिए साइकिल से ही प्रयागराज तक की यात्रा करने का निर्णय लिया। वह दो अक्तूबर को साइकिल से जोरहाट से निकले।
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इस यात्रा के दौरान विंग कमांडर संतोष असम, पश्चिम बंगाल, बिहार और उत्तर प्रदेश के कई शहरों से होकर गुजरे। यहां पहुंचने पर सुभाष चौक पर लोगों ने संतोष दुबे का भव्य स्वागत किया। पड़ोसी जनपद मिर्जापुर के कुरकुठिया गांव निवासी संतोष दो भाइयों में सबसे बड़े हैं। इस मौके पर सांसद रीता बहुगुणा जोशी, प्रेम शंकर शुक्ला, आदित्य तिवारी, अनूप तिवारी, राजेश कुमार आदि मौजूद रहे।
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रास्ते में मासूस के सवालों से जूझे कमांडर
असम से यात्रा के दौरान एक 11 वर्षीय मासूम ने साइकिल सवार विंग कमांडर संतोष कुमार के सामने सवालों की झड़ी लगा दी। जिसका उन्होंने बेहद सरलता से जवाब दिया। मासूम ने यात्रा का उद्देश्य, कब सेना में भर्ती हुए, कितने दिनों में मिलेगी मंजिल समेत कई प्रश्न किए। संतोष दुबे ने बच्चे की हर जिज्ञासा शांत की।