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देशभर में हिंदुओं की घर वापसी अभियान चलाएगी विहिप
Tue, 14 Jan 2020 02:55 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Tue, 14 Jan 2020 02:55 AM IST
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विश्व हिंदू परिषद
- फोटो : Social Media
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राम मंदिर आंदोलन एवं हिंदुत्व से जुड़े कई बड़े फैसलों का गवाह बना प्रयागराज का माघ मेला इस बार भी खासा सुर्खियों में है। मेला दस जनवरी से भले ही शुरू हो गया हो, लेकिन उसमें आकर्षण का केंद्र विहिप का शिविर ही बना हुआ है। यहां आने वाले कुछ दिनों में ऐसे तमाम निर्णय होने जा रहे हैं, जिनका प्रभाव दूरगामी होगा। विहिप शिविर में राम मंदिर निर्माण की तिथि का एलान तो होगा ही, उसके पूर्व धर्मांतरण और घर वापसी अभियान को देश भर में चलाने पर मंथन हो सकता है।
दरअसल अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद पिछले वर्ष नवंबर माह में ही विहिप काशी प्रांत की बैठक में ही संगठन की गतिविधि बढ़ाने एवं संगठन को घर-घर पहुंचाने पर विचार मंथन हुआ था। इसके बाद वनवासी क्षेत्र में विहिप पदाधिकारियों ने धर्मांतरण एवं घर वापसी का अभियान शुरू किया। अब यह अभियान देश भर में विहिप चलाएगी। इसके लिए विहिप के माघ मेला शिविर में 17 एवं 18 जनवरी को क्षेत्र चिंतन बैठक का आयोजन किया जा रहा है। विहिप का लक्ष्य है कि काशी प्रांत के प्रयागराज समेत 19 जिलों में पांच लाख हिंदुओं को संगठन के नेटवर्क से सीधा जोड़ा जाए। इसे लेकर विहिप काशी प्रांत ने दूसरे धर्म को अपना चुके हिंदुओं की घर वापसी को लेकर अपनी गतिविधियां सोनभद्र, राबर्टसगंज आदि इलाकों में शुरू भी कर दी है। विहिप इस समूचे क्षेत्र को वनवासी क्षेत्र भी मानती है। अब राष्ट्रीय स्तर पर इस अभियान को आगे कैसे बढ़ाया जाए इसके लिए विहिप की माघ मेला शिविर में क्षेत्र चिंतन की बैठक में विस्तृत चर्चा होगी। इस बैठक में केंद्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय तो शामिल होंगे ही साथ ही क्षेत्र संगठन मंत्री अंबरीश सिंह, संगठन महामंत्री विनायक राव आदि भी भाग लेंगे।
वहीं दूसरी ओर विहिप केंद्रीय मार्गदर्शक कमेटी की 20 जनवरी को होने वाली बैठक के लिए देश भर के 300 प्रमुख संतों को निमंत्रण भेजा गया है। इसमें सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नाम तो है ही, इसके अलावा पूर्व सांसद उमा भारती, बाबा रामदेव, साध्वी ऋतंभरा, जूना अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरि, स्वामी वासुदेवानंद, स्वामी जितेंद्रानंद आदि के नाम भी प्रमुख रूप से शामिल हैं। इनके अलावा सभी अखाड़ों के प्रमुख संतों को भी विहिप ने निमंत्रण भेजा है।
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सीएए को लेकर विहिप करेगी माघ मेले में जन जागरण
नागरिकता संशोधन कानून के पक्ष में हिंदुओं की लामबंदी के लिए विहिप माघ मेले में जन जागरण अभियान भी चलाएगी। विहिप के काशी प्रांत के संगठन मंत्री मुकेश कुमार बताते हैं कि सीएए के पक्ष में माघ मेले में विहिप कार्यकर्ता जन जागरण अभियान चलाएंगे। इस संबंध में काशी प्रांत की बैठक में 11 जनवरी को प्रस्ताव भी पारित किया गया। उधर चर्चा इस बात की है कि माघ मेला में विहिप से जुड़े स्वामी वासुदेवानंद, स्वामी महेशाश्रम (संरक्षक अखिल भारतीय दंडी स्वामी प्रबंधन समिति), महंत नृत्य गोपाल दास, महामंडलेश्वर सरयू दास, स्वामी राम तीर्थ दास, परमहंस प्रभाकर जी महाराज के शिविर में आने वाले लोगों को भी सीएए के बारे में बताया जाएगा। मकर संक्रांति के बाद यह अभियान शुरू हो जाएगा।
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दरअसल अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद पिछले वर्ष नवंबर माह में ही विहिप काशी प्रांत की बैठक में ही संगठन की गतिविधि बढ़ाने एवं संगठन को घर-घर पहुंचाने पर विचार मंथन हुआ था। इसके बाद वनवासी क्षेत्र में विहिप पदाधिकारियों ने धर्मांतरण एवं घर वापसी का अभियान शुरू किया। अब यह अभियान देश भर में विहिप चलाएगी। इसके लिए विहिप के माघ मेला शिविर में 17 एवं 18 जनवरी को क्षेत्र चिंतन बैठक का आयोजन किया जा रहा है। विहिप का लक्ष्य है कि काशी प्रांत के प्रयागराज समेत 19 जिलों में पांच लाख हिंदुओं को संगठन के नेटवर्क से सीधा जोड़ा जाए। इसे लेकर विहिप काशी प्रांत ने दूसरे धर्म को अपना चुके हिंदुओं की घर वापसी को लेकर अपनी गतिविधियां सोनभद्र, राबर्टसगंज आदि इलाकों में शुरू भी कर दी है। विहिप इस समूचे क्षेत्र को वनवासी क्षेत्र भी मानती है। अब राष्ट्रीय स्तर पर इस अभियान को आगे कैसे बढ़ाया जाए इसके लिए विहिप की माघ मेला शिविर में क्षेत्र चिंतन की बैठक में विस्तृत चर्चा होगी। इस बैठक में केंद्रीय उपाध्यक्ष चंपत राय तो शामिल होंगे ही साथ ही क्षेत्र संगठन मंत्री अंबरीश सिंह, संगठन महामंत्री विनायक राव आदि भी भाग लेंगे।
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वहीं दूसरी ओर विहिप केंद्रीय मार्गदर्शक कमेटी की 20 जनवरी को होने वाली बैठक के लिए देश भर के 300 प्रमुख संतों को निमंत्रण भेजा गया है। इसमें सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नाम तो है ही, इसके अलावा पूर्व सांसद उमा भारती, बाबा रामदेव, साध्वी ऋतंभरा, जूना अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर अवधेशानंद गिरि, स्वामी वासुदेवानंद, स्वामी जितेंद्रानंद आदि के नाम भी प्रमुख रूप से शामिल हैं। इनके अलावा सभी अखाड़ों के प्रमुख संतों को भी विहिप ने निमंत्रण भेजा है।
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सीएए को लेकर विहिप करेगी माघ मेले में जन जागरण
नागरिकता संशोधन कानून के पक्ष में हिंदुओं की लामबंदी के लिए विहिप माघ मेले में जन जागरण अभियान भी चलाएगी। विहिप के काशी प्रांत के संगठन मंत्री मुकेश कुमार बताते हैं कि सीएए के पक्ष में माघ मेले में विहिप कार्यकर्ता जन जागरण अभियान चलाएंगे। इस संबंध में काशी प्रांत की बैठक में 11 जनवरी को प्रस्ताव भी पारित किया गया। उधर चर्चा इस बात की है कि माघ मेला में विहिप से जुड़े स्वामी वासुदेवानंद, स्वामी महेशाश्रम (संरक्षक अखिल भारतीय दंडी स्वामी प्रबंधन समिति), महंत नृत्य गोपाल दास, महामंडलेश्वर सरयू दास, स्वामी राम तीर्थ दास, परमहंस प्रभाकर जी महाराज के शिविर में आने वाले लोगों को भी सीएए के बारे में बताया जाएगा। मकर संक्रांति के बाद यह अभियान शुरू हो जाएगा।