यूपीपीएससी : पीसीएस 2018 के अभ्यर्थियों की भी मार्कशीट फंसी
- प्रतियोगियों की मांग, मार्कशीट जारी न करने का कारण स्पष्ट करे यूपीपीएससी
- सूचना के अधिकार के तहत जवाब न मिलने से मिलने से अमसंजस में अभ्यर्थी
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पीसीएस परीक्षा में शामिल अभ्यर्थियों के प्राप्तांक एवं कटऑफ अंक भले ही उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) अपनी वेबसाइट पर जारी कर रहा हो, लेकिन तमाम अभ्यर्थियों को वेबसाइट पर मार्कशीट उपलब्ध नहीं हो पा रही है। आयोग के अफसरों का तर्क है कि जो अभ्यर्थी मुख्य परीक्षा के आवेदन के साथ अन्य जरूरी अभिलेख जमा नहीं करते हैं, उनकी मार्कशीट जारी नहीं की जाती है। वहीं, अभ्यर्थियों का कहना है कि मार्कशीट नहीं देनी है तो आयोग को कम से कम अभ्यर्थियों के प्रत्यावेदन का जवाब देना चाहिए और मार्कशीट जारी न करने का कारण भी स्पष्ट करना चहिए।
पीसीएस-2018 की मुख्य परीक्षा में शामिल हुईं सौम्या नारायण श्रीवास्तव की मार्कशीट वेबसाइट पर उपलब्ध नहीं थी। सौम्या की तरह तमाम अभ्यर्थियों की मार्कशीट वेबसाइट पर नहीं मिली। पीसीएस-2019 और पीसीएस-2020 की मुख्य परीक्षा में शामिल हुए कई अभ्यर्थियों की मार्कशीट वेबसाइट पर नहीं मिली, जबकि वेबसाइट पर मार्कशीट के लिए क्लिक करने पर अभ्यर्थियों के मोबाइल फोन पर ओटीपी नंबर आ रहा था, लेकिन ओटीपी नंबर दर्ज करने पर लिख कर आ रहा था कि मार्कशीट उपलब्ध नहीं है। अभ्यर्थियों ने आयोग में प्रत्यावेदन भी दिया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
एपीओ भर्ती के दो अभ्यर्थियों का चयन निरस्त
सहायक अभियोजन अधिकारी (एपीओ) भर्ती परीक्षा-2015 में औपबंधिक रूप से चयनित दो अभ्यर्थियों का चयन निरस्त कर दिया है। उनकी जगह श्रेष्ठताक्रम के अनुसार दो अन्य अभ्यर्थियों को चयनित किया गया है। आयोग के सचिव जगदीश के अनुसार कई चयनित अभ्यर्थियों के कार्यभार ग्रहण न करने और अन्य कारणों से शासन ने उनका चयन निरस्त कर दिया था।
आयोग ने जुलाई-अगस्त 2020 में रिक्त पदों के मुकाबले 19 अभ्यर्थियों के नाम शासन को भेजे थे। इनमें से दो अभ्यर्थियों का चयन कुछ अभिलेख न उपलब्ध न होने के कारण औपबंधिक था। वांछित अभिलेख प्रस्तुत न करने के कारण आयोग ने दोनों का अभ्यर्थन निरस्त कर दिया है और उनके स्थान पर दो अन्य अभ्यर्थियों के नाम शासन को प्रेषित किए जाने का निर्णय लिया है।