UPPSC: प्रश्नपत्रों की सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता होने के बाद ही तय होगी परीक्षा तिथि, पेपर लीक के बाद आयोग सतर्क
प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को लेकर आयोग कुछ महत्वपूर्ण कदम उठा सकता है। आयोग डिजिटल लॉक वाले ऐसे बक्से तैयार कराने की योजना बना रहा है, जिसमें प्रश्नपत्र पूरी तरह से सुरक्षित रहे और केवल आयोग के परीक्षा नियंत्रक के पास ही इसका कोड नंबर हो।
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उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) के वर्ष 2024 के कैलेंडर में एक परीक्षा निरस्त और पांच परीक्षाएं स्थगित होने के बाद आयोग के लिए अब प्रश्नपत्रों की सुरक्षा ही प्राथमिकता है। प्रश्नपत्रों की सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था होने के बाद ही आयोग निरस्त और स्थगित की गई परीक्षाओं की नई तिथियां घोषित करेगा।
समीक्षा अधिकारी (आरओ)/सहायक समीक्षा अधिकारी (एआरओ) प्रारंभिक परीक्षा-2023 में पेपर लीक की घटना आयोग के लिए बड़ा झटका साबित हुई। अभ्यर्थियों के दबाव के कारण शासन को अपने हाथ में जांच लेनी पड़ी और परीक्षा निरस्त करनी पड़ी। 11 फरवरी 2024 को हुई इस परीक्षा के बाद अगली बड़ी परीक्षा पीसीएस प्री-2024 थी, जो आयोग के कैलेंडर में 17 मार्च को प्रस्तावित थी।
जिस तरह से आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा की दोनों पालियों में परीक्षा से पहले व्हाट्सएप पर पेपर वायरल हुए थे, उसने आगामी परीक्षाओं में प्रश्न पत्रों की सुरक्षा को लेकर आयोग के लिए चुनौती बढ़ा दी। ऐसे में आयोग की प्राथमिकता अब प्रश्नपत्रों की सुरक्षा हो गई, सो यूपीपीएससी को पीसीएस प्रारंभिक परीक्षा-2024 को स्थगित करना पड़ा, जो अब जुलाई में संभावित है।
इसके अलावा आयोग ने पीसीएस प्री के बाद 22 मार्च को प्रस्तावित स्टाफ नर्स (यूनानी/आयुर्वेदिक) पुरुष/महिला प्रारंभिक परीक्षा, सात अप्रैल को प्रस्तावित सहायक नगर नियोजक प्रारंभिक परीक्षा, नौ अप्रैल को प्रस्तावित अपर निजी सचिव परीक्षा (शॉर्टहैंड/टाइपिंग) और 24 अप्रैल को प्रस्तावित स्टाफ नर्स एलोपैथी (पुरुष/महिला) मुख्य परीक्षा भी स्थगित कर दी।
आयोग ने अब तक इनमें से किसी भी परीक्षा की नई तिथि घोषित की है और न ही आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा के दोबारा आयोजन को लेकर स्थिति स्पष्ट की है। आयोग के सूत्रों का कहना है कि जब तक प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को लेकर उचित प्रबंध नहीं कर लिए जाते, तब तक नई परीक्षा तिथि घोषित किए जाने की उम्मीद कम है।
प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को लेकर आयोग कुछ महत्वपूर्ण कदम उठा सकता है। आयोग डिजिटल लॉक वाले ऐसे बक्से तैयार कराने की योजना बना रहा है, जिसमें प्रश्नपत्र पूरी तरह से सुरक्षित रहे और केवल आयोग के परीक्षा नियंत्रक के पास ही इसका कोड नंबर हो। ये बक्से जब परीक्षा केंद्रों में पहुंच जाएं, तब परीक्षा नियंत्रक की ओर से कोड नंबर बताए जाने पर केंद्रों में बक्से खोले जाएं।
उधर, एसटीएफ ने प्रयागराज के परीक्षा केंद्र बिशप जॉनसन गर्ल्स विंग से आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा के प्रश्न पत्र लीक होने का खुलासा किया है। इस खुलासे के बाद अब परीक्षा केंद्रों के निर्धारण की प्रक्रिया में भी बदलाव किए जाने की तैयारी है। साथ ही परीक्षा केंद्रों में प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को लेकर कुछ नए कदम उठाए जा सकते हैं।