यूपी विधानसभा चुनाव : जेल में भी बिछने लगी सियासी बिसात, जेल में बंद इन बाहुबलियों का कई विधानसभा क्षेत्रों में है वर्चस्व
माफिया की कब्जे वाली संपत्तियों पर बुलडोजर चलाने को लेकर नेताओं की बयानबाजी के बाद सियासत गरमा गई है। इनमें से कई माफिया इन दिनों जेल में भी बंद हैं। अहमदाबाद की जेल में बंद पूर्व सांसद एवं विधायक अतीक अहमद के नाम पर अभी से राजनीति शुरू हो गई है।
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विधानसभा चुनाव की तारीख घोषित होने के बाद सभी पार्टियों की गतिविधियां तेज हो गई हैं। पार्टियों के दफ्तर एवं बड़े नेताओं के आवास चुनावी दांव पेच के केंद्र बने हैं तो जेल में भी सियासी बिसात बिछती दिख रही है। कभी सियासत में अच्छा खासा रसूख रखने वाले और फिलहाल जेल में बंद दिग्गजों का अप्रत्यक्ष हस्तक्षेप भी चुनावी रण में दिखने लगा है। सियासी गलियारे में चर्चा है कि जिले की आधा दर्जन विधानसभा सीटों पर इन दिग्गजों तथा माफिया का प्रभाव रहेगा।
माफिया की कब्जे वाली संपत्तियों पर बुलडोजर चलाने को लेकर नेताओं की बयानबाजी के बाद सियासत गरमा गई है। इनमें से कई माफिया इन दिनों जेल में भी बंद हैं। अहमदाबाद की जेल में बंद पूर्व सांसद एवं विधायक अतीक अहमद के नाम पर अभी से राजनीति शुरू हो गई है।
अतीक अहमद के कब्जे से मुक्त जमीन पर आवास के लिए शिलान्यास करके मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा संदेश देने की कोशिश की है तो एआईएमआईएम प्रमुख असउद्दीन ओवैसी ने अतीक का नाम लेकर मुस्लिम मतों के ध्रुवीकरण की कोशिश की है। अतीक की पत्नी शाइस्ता परवीन का शहर पश्चिमी से चुनाव लड़ना भी तय माना जा रहा है। इसके अलावा अतीक का जिले की फूलपुर विधानसभा क्षेत्र में भी मजबूत दखल है।
उदयभान की पत्नी नीलम हैं मेजा से विधायक
नैनी जेल में बंद पूर्व विधायक उदयभान करवरिया की पत्नी मेजा से विधायक हैं। इस बार भी वह मेजा या शहर उत्तरी से भाजपा टिकट के दावेदारों में शामिल हैं। इन दोनों सीटों के अलावा बारा विधानसभा क्षेत्र में भी उदयभान तथा उनके परिवार की मजबूत पकड़ है।
ऐसे में इन तीनों विधानसभा क्षेत्रों में उदयभान तथा इनके परिवार का हस्तक्षेप होगा, जिसकी पटकथा जेल से लिखे जाने की बात कही जा रही है। आगरा जेल में बंद विजय मिश्रा भदोही से विधायक हैं।
प्रयागराज की हंडिया एवं प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र में भी विजय मिश्रा की प्रभाव है। विजय के अलावा जेल में बंद पूर्व ब्लॉक प्रमुख दिलीप मिश्रा का करछना और शहर दक्षिणी में हस्तक्षेप होने की बात कही जा रही है।
विधानसभा चुनाव की घोषणा के साथ प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है। इसी क्रम में जोन एवं सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती कर दी गई है। बुधवार को उन्हें प्रशिक्षण दिया जाएगा। विधानसभा चुनाव के मद्देनजर जिले को 47 जोन एवं 378 सेक्टर में बांटा गया है। इनमें नियुक्त जोन एवं सेक्टर मजिस्ट्रेटों को बुधवार को एमएनएनआईटी के सभागार में प्रशिक्षण दिया जाएगा। जिले की कुल 5076 बूथों पर मतदान होगा।
हर बूथ पर चार मतदान कर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी। इनके अलावा 25 फीसदी कर्मचारी आरक्षित रहेंगे। इस तरह से 25 हजार से अधिक मतदान कर्मियों की जरूरत होगी, जिनकी सूची तैयार की जा रही है। प्रभारी कार्मिक सीडीओ शिपू गिरि की ओर से इस बाबत सभी विभागों से कर्मचारियों का विवरण मांगा गया है। जल्द ही इन्हें प्रशिक्षण दिया जाएगा।
36 अफसर सुनिश्चित करेंगे आचार संहिता का पालन
जिले में चुनाव पर निगरानी के लिए विधानसभावार अफसरों की तीन सदस्यीय टीम बनाई गई है। इस तरह से चुनाव पर 36 अफसर निगरानी रहेंगे। इन पर आचार संहिता का पालन सुनिश्चित कराने की भी जिम्मेदारी होगी। चुनावी खर्च के निर्धारण एवं नियंत्रण के लिए मुख्य कोषाधिकारी कार्यालय में कंट्रोल रूम भी सक्रिय हो गया है। टेलीफोन नंबर 0532-2250640 पर किसी भी दल एवं प्रत्याशी के व्यय से संबंधित शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
डीएम, एसएसपी ने बूथों की देखी स्थिति
डीएम संजय कुमार खत्री एवं एसएसपी अजय कुमार ने सोमवार को बूथों का निरीक्षण किया। उन्होंने गोल्डेन जुबली, केएन काटजू इंटर कालेज, इलाहाबाद इंटर कॉलेज के बूथों पर सुविधाओं का जायजा लिया और आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान एडीएम प्रशासन हर्षदेव पाण्डेय समेत अनेक अफसर मौजूद रहे।