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Umesh Pal Murder: एक और नया खुलासा, उमेश की हत्या के दिन गुर्गे नियाज ने की थी अतीक से बात, फोन से मिला सबूत
Thu, 04 May 2023 10:45 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: शाहरुख खान
Updated Thu, 04 May 2023 10:45 AM IST
सार
उमेश पाल हत्याकांड के बाद से रोजाना खुलासे हो रहे हैं। अब सामने आया है कि उमेश पाल की हत्या के दिन गुर्गे नियाज ने माफिया अतीक से बात की थी। फोन की पड़ताल करने पर यह जानकारी सामने आई है।
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माफिया अतीक और अशरफ (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
उमेश पाल हत्याकांड में गिरफ्तार कर जेल भेजे गए नियाज अहमद के बारे में अहम जानकारी सामने आई है। पता चला है कि उसने उमेश पाल की हत्या वाले दिन अतीक से बात की थी। उसके फोन की पड़ताल से यह खुलासा हुआ है।
नियाज 21 मार्च को गिरफ्तार किया गया था। वह उन पांच लोगों में शामिल था जो उमेश की रेकी और वारदात में शामिल असलहे ठिकाने लगाने के आरोप में जेल भेजे गए थे। इन्हीं में से अतीक के दो नौकर कैश व राकेश उर्फ नाकेश की निशानदेही पर चकिया स्थित अतीक के कार्यालय से 72.73 लाख नकद व 10 असलहे बरामद किए गए थे।
गिरफ्तारी के दौरान पांचों से मोबाइल फोन भी बरामद हुए थे। सूत्रों के मुताबिक नियाज के फोन की पड़ताल से अहम खुलासा हुआ है। यह कि उसने उमेश की हत्या वाले दिन अतीक से बात की थी। इसके अलावा लगातार शूटरों को उमेश की लोकेशन बता रहा था।
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अतीक संग कई मामलों में नामजद
नियाज अतीक संग कई मामलों में नामजद रह चुका है। 2020 में अतीक के साथ ही नियाज समेत कुल पांच लोगाें पर गैंगस्टर का मुकदमा दर्ज हुआ था। उसका भाई रियाज भी इस मामले में नामजद है। उसका पिता मटरू अतीक अहमद गैंग का सक्रिय सदस्य रह चुका है। हरवारा निवासी नियाज को अतीक का करीबी था और इसी के चलते वह धूमनगंज समेत तमाम इलाकों में अवैध गतिविधियां संचालित करता था। वह कई जगहों पर जुए-सट्टे के अड्डे भी संचालित करता था।
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नियाज 21 मार्च को गिरफ्तार किया गया था। वह उन पांच लोगों में शामिल था जो उमेश की रेकी और वारदात में शामिल असलहे ठिकाने लगाने के आरोप में जेल भेजे गए थे। इन्हीं में से अतीक के दो नौकर कैश व राकेश उर्फ नाकेश की निशानदेही पर चकिया स्थित अतीक के कार्यालय से 72.73 लाख नकद व 10 असलहे बरामद किए गए थे।
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गिरफ्तारी के दौरान पांचों से मोबाइल फोन भी बरामद हुए थे। सूत्रों के मुताबिक नियाज के फोन की पड़ताल से अहम खुलासा हुआ है। यह कि उसने उमेश की हत्या वाले दिन अतीक से बात की थी। इसके अलावा लगातार शूटरों को उमेश की लोकेशन बता रहा था।
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अतीक संग कई मामलों में नामजद
नियाज अतीक संग कई मामलों में नामजद रह चुका है। 2020 में अतीक के साथ ही नियाज समेत कुल पांच लोगाें पर गैंगस्टर का मुकदमा दर्ज हुआ था। उसका भाई रियाज भी इस मामले में नामजद है। उसका पिता मटरू अतीक अहमद गैंग का सक्रिय सदस्य रह चुका है। हरवारा निवासी नियाज को अतीक का करीबी था और इसी के चलते वह धूमनगंज समेत तमाम इलाकों में अवैध गतिविधियां संचालित करता था। वह कई जगहों पर जुए-सट्टे के अड्डे भी संचालित करता था।
उमेश को तीन दिन पहले ही खत्म करने के इरादे से पहुंचे थे शूटर
उमेशपाल हत्याकांड में अहम खुलासा हुआ है। पता चला है कि उसे तीन दिन पहले ही खत्म करने की प्लानिंग बनाई गई थी। वारदात से तीन दिन पहले यानी 21 फरवरी को भी हमलावर पीछा करते हुए उमेश के घर के पास पहुंचे थे। लेकिन अचानक उन्होंने अपना प्लान बदल दिया। यह खुलासा उस दिन के सीसीटीवी फुटेज से हुआ है।
यह फुटेज बुधवार को सामने आया। 21 फरवरी का यह फुटेज शाम 5.28 बजे का है। इसमें उमेश अपनी गाड़ी से उतरकर घर के भीतर जाते दिखाई देता है। खास बात यह है कि उमेश की गाड़ी के पीछे सफेद रंग की वही क्रेटा कार नजर आती है, जिसका इस्तेमाल 24 फरवरी को हत्याकांड में किया गया।
हालांकि, क्रेटा से कोई बाहर नहीं निकलता और कुछ देर बाद यह धूमनगंज थाने की ओर आगे बढ़ जाती है। फुटेज में पुलिस की दो गाड़ियां भी जीटी रोड से गुजरती दिखाई देती हैं। माना जा रहा है कि पुलिस की गाड़ियों को देखकर या हूटर सुनकर ही शूटरों ने अपना प्लान बदला और बिना वारदात किए वहां से चले गए।