फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Umesh Pal murder case: More than 800 mobile numbers put on surveillance suddenly stopped, police worried

उमेश पाल हत्याकांड : सर्विलांस पर लगाए गए 800 से अधिक मोबाइल नंबर अचानक बंद, पुलिस की चिंता बढ़ी

Fri, 21 Apr 2023 09:35 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Fri, 21 Apr 2023 09:35 PM IST
सार

पूर्व सांसद और माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की हत्या के बाद सर्विलांस पर लगाए गए 800 से अधिक नंबर बंद हो गए हैं। नंबरों के बंद होने का सिलिसला लगातार जारी है। पुलिस इसकी पड़ताल में जुटी है कि ऐसा क्यों हो रहा है।

विज्ञापन
Umesh Pal murder case: More than 800 mobile numbers put on surveillance suddenly stopped, police worried
Prayagraj News : अतीक और अशरफ। फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

पूर्व सांसद और माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की हत्या के बाद सर्विलांस पर लगाए गए 800 से अधिक नंबर बंद हो गए हैं। नंबरों के बंद होने का सिलसिला लगातार जारी है। पुलिस इसकी पड़ताल में जुटी है कि ऐसा क्यों हो रहा है। यह नंबर उमेश पाल हत्याकांड की जांच के लिए अतीक के करीबियों, रिश्तेदारों और उसके संपर्क में रहने वाले व्यापारियों के थे जिन्हें सर्विलांस पर लगाया गया था।

विज्ञापन


उमेश पाल की हत्या के बाद से ही फरार चल रही माफिया अतीक अहमद की पत्नी का अभी तक सुराग नहीं लग सका है। साथ ही हत्या में शामिल पांच लाख के इनामी बमबाज गुड्डू मुस्लिम, शूटर साबिर और अरमान भी फरार चल रहे हैं। इनकी खोजबीन के लिए पुलिस ने एड़ी चोटी का पसीना एक कर दिया है, लेकिन इनका कहीं पता नहीं चल रहा है। इन आरोपियों की खोजबीन के लिए पुलिस कई राज्यों की खाक छान चुकी है।
विज्ञापन


इनको पकड़ना तो दूर इनकी परछाईं तक पुलिस नहीं देख सकी है। पुलिस को उम्मीद थी कि  बेटे असद, पति अतीक और देवर अशरफ की मौत के बाद शाइस्ता परवीन कब्र पर जरूर आएगी, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। पुलिस जाल बिछाकर शाइस्ता को पकड़ने की तैयारी कर रही थी लेकिन सारी तैयारियों पर पानी फिर गया और शाइस्ता परवीन जनाजे में शामिल नहीं हुई। 

विज्ञापन
विज्ञापन

सर्विलांस पर डाले गए नंबरों के बंद होने पर बढ़ी चिंता

सर्विलांस पर डाले गए नंबरों के माध्यम से ही पुलिस और एसटीएफ की टीमें शूटरों और शाइस्ता के साथ ही उमेश पाल हत्याकांड में शामिल अन्य मददगारों तक पहुंचने का प्रयास कर रही थीं, लेकिन नंबरों के अचानक बंद होने के बाद पुलिस की चिंता बढ़ गई है। सूत्रों के अनुसार यह सभी नंबर अतीक और उसके परिवार के संपर्क में रहने वाले करीबियों और रिश्तेदारों और दोस्तों के थे जो हमेशा इनके पास फोन करते थे। 800 से अधिक नंबर स्वीच आफ बता रहे हैं तो कुछ नंबर नेटवर्क के बाहर तो कुछ नॉट रिचेबल बता रहे हैं। इन नंबरों का इस्तेमाल अतीक और अशरफ की हत्या के बाद से नहीं किया जा रहा है। 

जांच एजेंसियों की परेशानी बढ़ी
 

सूत्रों के मुताबिक अतीक और अशरफ की हत्या के बाद उसके करीबियों को लगने लगा है कि कहीं उन्हें भी पुलिस की पूछताछ और गिरफ्तारी का सामना न करने पड़े। इसलिए उन लोगों ने अपना मोबाइल बंद कर दिया, जो जांच एजेंसियों के लिए किसी मुसीबत से कम नहीं है। उमेश पाल की हत्या 24 फरवरी को की गई थी। 15 अप्रैल को अतीक और अशरफ की हत्या हुई, जबकि इसके पहले 13 अप्रैल को अतीक के बेटे असद को पुलिस ने झांसी में मुठभेड़ के दौरान ढेर कर दिया था।  

शाइस्ता की तलाश में छापेमारी जारी
 

उमेश पाल हत्याकांड में नाम आने के बाद माफिया अतीक अहमद की पत्नी शाइस्ता परवीन फरार चल रही है। पुलिस हेड कांस्टेबल की बेटी शाइस्ता परवीन को खोजने में पुलिस और एसटीएफ के पसीने छूट गए हैं। बुर्कानशीं होने के कारण पुलिस की परेशानी और भी बढ़ गई है। सूत्रों के अनुसार वह कौशांबी के कछारी और प्रयागराज के गंगापार इलाके में अपने परिचितों के यहां ठिकाने बदल-बदल कर रह रही है। पुलिस जब तक उस तक पहुंचती है तब तक वह लापता हो जाती है। उस पर 50 हजार का इनाम भी घोषित है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed