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अब मोबाइल ऐप पर होगी रैगिंग की शिकायत
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Sun, 05 Jun 2016 01:28 AM IST
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- फोटो : फाइल फोटो
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शिक्षण संस्थानों में रैगिंग की बढ़ती शिकायतों पर अंकुश लगाने के लिए मानव संसाधन विकास मंत्रालय और विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने एक और सख्त कदम उठाया है। पीड़ित छात्र-छात्रा अब मोबाइल पर इसकी शिकायत कर सकेंगे। इसके लिए यूजीसी की ओर से मोबाइल ऐप लांच किया गया है। इसे मोबाइल पर डाउनलोड करके विद्यार्थी यूजीसी से शिकायत कर सकते हैं।
उच्च शिक्षण संस्थानों में रैगिंग रोकने के लिए कानून के अलावा कई अन्य कदम भी उठाए गए हैं। मंत्रालय तथा यूजीसी की वेबसाइट पर पोर्टल बनाया गया है। वहां पीड़ित छात्र-छात्रा शिकायत कर सकते हैं। इसके अलावा प्रवेश के समय विद्यार्थी के साथ अभिभावक से हलफनामा भी भरवाया जाता है। यह प्रावधान सभी शिक्षण संस्थानों में अनिवार्य कर दिया गया है। इन उपायों के बावजूद रैगिंग की शिकायतें बनी हुई हैं। इतना ही नहीं ज्यादातर मामलों में संस्थान प्रशासन की पूरी कोशिश शिकायत को दबाने की होती है। इस तरह की शिकायतें बढ़ने के बाद ऑनलाइन शिकायतों के विकल्पों की ओर ध्यान दिया गया है।
अब नियंत्रण भी यूजीसी के स्तर पर की जाने लगी है। इसी क्रम में यूजीसी की ओर से टोल फ्री एंटी रैगिंग हेल्पलाइन नंबर भी लांच किया गया है। यह 12 भाषाओं में हैं। इस पर विद्यार्थी रैगिंग के दौरान भी शिकायत कर सकते हैं। एक कदम और बढ़ते हुए अब मोबाइल ऐप लांच किया गया है। यूजीसी बोर्ड की 514वीं बैठक में सचिव जसपाल एस.संधू ने सदस्यों को मोबाइल ऐप के बारे में जानकारी दी। उन्होंने शिक्षण संस्थानों में रैगिंग की शिकायतों तथा हुई कार्रवाइयों के बारे में भी बताया।
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उच्च शिक्षण संस्थानों में रैगिंग रोकने के लिए कानून के अलावा कई अन्य कदम भी उठाए गए हैं। मंत्रालय तथा यूजीसी की वेबसाइट पर पोर्टल बनाया गया है। वहां पीड़ित छात्र-छात्रा शिकायत कर सकते हैं। इसके अलावा प्रवेश के समय विद्यार्थी के साथ अभिभावक से हलफनामा भी भरवाया जाता है। यह प्रावधान सभी शिक्षण संस्थानों में अनिवार्य कर दिया गया है। इन उपायों के बावजूद रैगिंग की शिकायतें बनी हुई हैं। इतना ही नहीं ज्यादातर मामलों में संस्थान प्रशासन की पूरी कोशिश शिकायत को दबाने की होती है। इस तरह की शिकायतें बढ़ने के बाद ऑनलाइन शिकायतों के विकल्पों की ओर ध्यान दिया गया है।
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अब नियंत्रण भी यूजीसी के स्तर पर की जाने लगी है। इसी क्रम में यूजीसी की ओर से टोल फ्री एंटी रैगिंग हेल्पलाइन नंबर भी लांच किया गया है। यह 12 भाषाओं में हैं। इस पर विद्यार्थी रैगिंग के दौरान भी शिकायत कर सकते हैं। एक कदम और बढ़ते हुए अब मोबाइल ऐप लांच किया गया है। यूजीसी बोर्ड की 514वीं बैठक में सचिव जसपाल एस.संधू ने सदस्यों को मोबाइल ऐप के बारे में जानकारी दी। उन्होंने शिक्षण संस्थानों में रैगिंग की शिकायतों तथा हुई कार्रवाइयों के बारे में भी बताया।
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