मंडलायुक्त तक पहुंचा एसटीपी बांध खोदने का मामला
सलोरी एसटीपी का बांध 25 अगस्त 2013 में आई भयंकर बाढ़ के कारण टूट गया था। इसकी वजह से 29 एमएलडी का यह एसटीपी जलमग्न हो गया था। इससे अल्लापुर के भी डूबने का खतरा मंडराने लगा था लेकिन तत्कालीन डीएम राजशेखर के नेतृत्व में विभिन्न विभागों एवं स्थानीय लोगों की मदद से अल्लापुर को बचाया था। इसके बाद सेना की मदद से टूटे बांध को ठीक किया गया था। इसके बाद सिंचाई विभाग ने बांध की नए सिरे से मरम्मत कराई थी। इन दिनों यहां गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई की ओर से 14 एमएलडी के नए एसटीपी का निर्माण हो रहा है। इसके लिए काम में लगी कंपनी के ठेकेदारों ने बांध के उस हिस्से पास खोदाई करा डाली, जहां से वह तीन वर्ष पहले टूटा था। इसके लिए सिंचाई विभाग से अनुमति भी नहीं ली गई। खोदाई की वजह से बांध क्षतिग्रस्त हो गया है।
पार्षद के नेतृत्व में मंडलायुक्त से मिले प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि यदि इस बार बाढ़ आती तो पुन: एसटीपी, स्लूज गेट के लिए खतरा उत्पन्न हो जाएगा। इससे शहर की आधी आबादी भी प्रभावित होगी। प्रतिनिधिमंडल ने मंडलायुक्त से दोषी अधिकारियों, कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। इस पर मंडलायुक्त ने गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई के जीएम समेत अन्य अफसरों के साथ बृहस्पतिवार को निरीक्षण कर कार्रवाई का आश्वासन दिया।