फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Swami Swarupananda's petition withdrawn in the allocation of land

जमीन आवंटन मामले में स्वामी स्वरूपानंद ने वापस ली याचिका

Tue, 30 Jan 2018 11:31 PM IST
इलाहाबाद ब्यूरो
इलाहाबाद ब्यूरो Updated Tue, 30 Jan 2018 11:31 PM IST
विज्ञापन
Swami Swarupananda's petition withdrawn in the allocation of land
शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती
माघ मेला प्रयाग में ज्योतिष्पीठ शंकराचार्य के नाम जमीन आवंटन के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट में दाखिल याचिका स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने वापस ले ली है। मेला बीत जाने के कारण याचिका अर्थहीन होने के आधार पर वापस करने की मांग की। कोर्ट ने इसे स्वीकार करते हुए याचिका खारिज कर दी। यह आदेश न्यायमूर्ति तरुण अग्रवाल तथा न्यायमूर्ति एसडी सिंह की खण्डपीठ ने दिया है। याचिका पर वरिष्ठ अधिवक्ता एमडी सिंह शेखर, भारत धर्म महामण्डल के अधिवक्ता अशोक पांडेय व राज्य सरकार के अपर महाधिवक्ता अजीत कुमार सिंह ने पक्ष रखा।
विज्ञापन


द्वारिका पीठ के शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने स्वयं को ज्योतिष्पीठ का शंकराचार्य चुने जाने के दावे के साथ माघ मेले में ज्योतिष्पीठ की सुविधाओं सहित जमीन आवंटित करने की मेला प्रशासन से मांग की। मेला प्रशासन ने यह कहते हुए मांग खारिज कर दी कि न्यायालय ने याची को ज्योतिष्पीठ का शंकराचार्य नहीं माना है। स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती और स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती के बीच ज्योतिष्पीठ शंकराचार्य पद के विवाद को लेकर दाखिल अपील तय करते हुए दोनों को वैध नहीं माना और भारत धर्म महामण्डल व काशी विद्वत परिषद को मठामनाय के तहत नया शंकराचार्य चुनने का आदेश दिया है। वहीं याची का कहना था कि वह ज्योतिष्पीठ शंकराचार्य चुन लिए गए हैं। कोर्ट ने याचिका पर सरकार से जवाब मांगते हुए कहा था कि इस वर्ष नहीं, वरन अगले साल जमीन देने के मुद्दे पर सुनवाई हो सकती है। इसके बाद याची ने याचिका वापस ले ली।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed