राज्य विश्वविद्यालय: विषम सेमेस्टर की परीक्षा शुरू, पहले दिन 26 नकलची पकड़े गए
विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. अविनाश कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक विश्वविद्यालय के मुख्य परिसर समेत उससे संबद्ध के चारों जिलों में (प्रयागराज, कौशांबी, फतेहपुर, प्रतापगढ़) में कुल 70 केंद्रों पर दो पालियों में परीक्षा आयोजित की गई।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय की विषम सेमेस्टर सत्र 2021-22 की परीक्षा शनिवार से प्रारंभ हो गई है। इस दौरान विवि की ओर से गठित उड़ाका दल ने अलग-अलग केंद्रों से कुल 26 परीक्षार्थियों को अनुचित साधन का प्रयोग करते हुए पकडा है। सभी की उत्तरपुस्तिका भी जब्त कर ली गई। राज्य विश्वविद्यालय प्रशासन ने
इसकी रिपोर्ट देरशाम शासन को भेज दी। दोनों पालियों में कुल 44279 ने परीक्षा दी।
विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. अविनाश कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक विश्वविद्यालय के मुख्य परिसर समेत उससे संबद्ध के चारों जिलों में (प्रयागराज, कौशांबी, फतेहपुर, प्रतापगढ़) में कुल 70 केंद्रों पर दो पालियों में परीक्षा आयोजित की गई। पहली पाली में सुबह इंटीग्रेटेड प्रोग्राम इन आर्ट (बीए और एमए), बीपीएड, बीएएसी एग्रीकल्चर,बीएएलएलबी, बीबीए, बीसीए और बायोटेक्नोलाजी की परीक्षा आफलाइन मोड में संपन्न हुई।
पहली में 15936 छात्र और 2589 छात्राओं ने परीक्षा दी। दूसरी पाली में एलएलबी, इंटीग्रेटेड प्रोग्राम इन मैनेजमेंट (बीबीए और एमबीए), बीएड, बीएससी एग्रीकल्चर, बीएएलएलबी, बीबीए, बीसीए, बीएससी बायोटेक और एलएलबी की परीक्षा हुई। इसमें 17729 छात्र और 8025 छात्राओं ने परीक्षा दी।
दोनों पालियों में कुल 430 परीक्षार्थीयों ने परीक्षा छोड़ दी है। परीक्षा के दौरान उड़ाका दल ने मंडल के अलग-अलग केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। उड़ाका दल के पहुंचने से परीक्षा केंद्रों पर अफरातफरी मच गई। तलाशी के दौरान उड़ाका दल ने विभिन्न केंद्रों कुल 26 परीक्षार्थियों को अनुचित साधन का प्रयोग करते हुए पकड़ा गया। इनकी उत्तरपुस्तिका जब्त कर कार्रवाई की जा रही है।
चौदह परीक्षार्थियों ने छोड़ी राज्य विवि की परीक्षा
राज्य विश्वविद्यालय के विषम सेमेस्टर की परीक्षा शनिवार से जिले के 15 केंद्रों पर शुरू हुई। दो पालियों में हुई परीक्षा के दौरान 14 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। प्रो. राजेंद्र सिंह रज्जू भैय्या विश्वविद्यालय ने जिले में 15 परीक्षा केंद्र बनाए हैं। विश्वविद्यालय द्वारा 9 नोडल केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा से एक घंटे पहले केंद्र के कर्मचारियों को नोडल केंद्र द्वारा प्रश्नपत्र और उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध कराई गईं। परीक्षा केंद्रों पर सुबह से ही अभिभावकों के साथ परीक्षार्थी पहुंच गए।
केंद्रों के बाहर लिखे अनुक्रमांक और कमरा नंबर का परीक्षार्थियों ने अपने प्रवेश पत्र से मिलान किया। उसके बाद शिक्षकों ने गहन तलाशी के बाद केंद्र के अंदर आधे घंटे पहले परीक्षार्थियों को प्रवेश दिया। पहली पाली की परीक्षा सुबह 9.30 से 12.30 तक हुई। जबकि दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर 2 से 5 बजे तक हुई। पहली पाली में बीसीए प्रथम सेमेस्टर तथा दूसरी पाली में बीएड प्रथम सेमेस्टर और बीसीए पंचम सेमेस्टर की परीक्षाएं हुईं।
परीक्षा समाप्त होने के बाद परीक्षा केंद्र के कर्मचारियों ने उत्तर पुस्तिकाओं को नोडल केंद्र पर जमा किया। एमडीपीजी कॉलेज के जन सूचना अधिकारी डॉ. सीएन पांडेय ने बताया कि परीक्षा केंद्र पर पहली पाली में 33 परीक्षार्थी नामांकित थे। जिनमें 30 उपस्थित तथा 3 अनुपस्थित रहे। दूसरी पाली में 927 परीक्षार्थी नामांकित थे। जिनमें 916 उपस्थित और 11 अनुपस्थित रहे।
समय से जमा करनी होगी उत्तर पुस्तिका
राज्य विश्वविद्यालय के कुलसचिव एसके शुक्ल ने बताया कि परीक्षा केंद्रों को पहली पाली की परीक्षा समाप्त होने के बाद उत्तर पुस्तिकाएं और बचे हुए प्रश्न पत्रों को नोडल केंद्र पर जमा करना होगा। इसी तरह दूसरी पाली की परीक्षा समाप्त होने के बाद उत्तर पुस्तिकाओं और बचे हुए प्रश्नपत्रों को नोडल केंद्र पर जमा करना होगा।