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बूचड़खाने सील, बढ़ी नाराजगी
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Tue, 21 Mar 2017 02:15 AM IST
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इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद।
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करेली के अटाला और नैनी के चकदोंदी मोहल्ले में रविवार रात पुलिस की मौजूदगी में बूचड़खानों (स्लाटर हाउस) सील किए जाने से नाराजगी बढ़ी है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम)पार्टी के पदाधिकारियों ने इस कार्रवाई की निंदा करते हुए आक्रोश जताया। सोमवार को पार्टी की बैठक में नगर निगम प्रशासन को 24 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि स्लाटर हाउस नहीं खोले गए तो आंदोलन किया जाएगा।
शहर में करेली स्थित अटाला और कीडगंज के रामबाग में दो तथा नैनी के चकदोंदी मोहल्ले में बूचड़खाने हैं। मई 2016 में नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के आदेश पर अवैध रूप से चल रहे बूचड़खानों के खिलाफ कार्रवाई की गई थी। इन बूचड़खानों को तब मानक के अनुरूप उच्चीकृत करने की बात पर खोला गया था। जहां रोज सैकड़ों जानवर काटे जाते रहे हैं। हालांकि नगर निगम के पशुधन अधिकारी डॉ. धीरज गोयल पहले से बूचड़खाने बंद होने और उन्हें रविवार को सील करने की बात कह रहे हैं।
एआईएमआईएम के महानगर अध्यक्ष अफसर महमूद ने करेली में हुई पदाधिकारियों ने सोमवार को स्लाटर हाउस बंद करने की कार्रवाई नाराजगी जताते हुए नगर निगम प्रशासन को कोसा। लोगों का कहना था कि एनजीटी के आदेश पर यदि बूचड़खाने बंद किए गए तो वहां काम कैसे हो रहा था। बैठक में कहा गया कि इस कार्रवाई से जुड़े लोगों के समक्ष रोजी रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है। करीब एक साल के भीतर स्लाटर हाउस को एनजीटी के मानक के अनुरूप बनाया जा सकता था लेकिन कुछ नहीं किया गया। बैठक में पार्टी की युवा शाखा के महानगर अध्यक्ष इफ्तेखार अहमद, दानिश अंसारी, मेराज अहमद कुरैशी, फैय्याज अहमद, दिलशाद मसूरी, सुल्तान अहमद, मो. लईक. मो. चांद कुरैशी, इमरान अहमद बख्शी, सूफी मुमताज, जीशान अहमद आदि मौजूद रहे।
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शहर में करेली स्थित अटाला और कीडगंज के रामबाग में दो तथा नैनी के चकदोंदी मोहल्ले में बूचड़खाने हैं। मई 2016 में नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के आदेश पर अवैध रूप से चल रहे बूचड़खानों के खिलाफ कार्रवाई की गई थी। इन बूचड़खानों को तब मानक के अनुरूप उच्चीकृत करने की बात पर खोला गया था। जहां रोज सैकड़ों जानवर काटे जाते रहे हैं। हालांकि नगर निगम के पशुधन अधिकारी डॉ. धीरज गोयल पहले से बूचड़खाने बंद होने और उन्हें रविवार को सील करने की बात कह रहे हैं।
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एआईएमआईएम के महानगर अध्यक्ष अफसर महमूद ने करेली में हुई पदाधिकारियों ने सोमवार को स्लाटर हाउस बंद करने की कार्रवाई नाराजगी जताते हुए नगर निगम प्रशासन को कोसा। लोगों का कहना था कि एनजीटी के आदेश पर यदि बूचड़खाने बंद किए गए तो वहां काम कैसे हो रहा था। बैठक में कहा गया कि इस कार्रवाई से जुड़े लोगों के समक्ष रोजी रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है। करीब एक साल के भीतर स्लाटर हाउस को एनजीटी के मानक के अनुरूप बनाया जा सकता था लेकिन कुछ नहीं किया गया। बैठक में पार्टी की युवा शाखा के महानगर अध्यक्ष इफ्तेखार अहमद, दानिश अंसारी, मेराज अहमद कुरैशी, फैय्याज अहमद, दिलशाद मसूरी, सुल्तान अहमद, मो. लईक. मो. चांद कुरैशी, इमरान अहमद बख्शी, सूफी मुमताज, जीशान अहमद आदि मौजूद रहे।
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