मुहुर्त : कल से एक महीने तक नहीं गूंजेगी शहनाई, खरमास के चलते 14 जनवरी 2025 तक नहीं होंगे शुभ कार्य
आचार्य डॉ.अमिताभ गौड़ के मुताबिक भगवान सूर्य वृश्चिक राशि से 15 दिसंबर को सुबह 7:40 बजे धनु राशि में प्रवेश करेंगे। वह 14 जनवरी 2025 तक सुबह 8:55 बजे तक धनु राशि में रहेंगे। इसके बाद 15 जनवरी 2025 को सूर्य का गोचर मकर राशि में होगा।
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खरमास की शुरुआत पौष मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि से होती है। 16 दिसंबर को सूर्यदेव वृश्चिक से धनु राशि में प्रवेश करेंगे। इसके साथ ही सभी मांगलिक कार्यों पर विराम लग जाएगा। आचार्य डॉ.अमिताभ गौड़ के मुताबिक भगवान सूर्य वृश्चिक राशि से 15 दिसंबर को सुबह 7:40 बजे धनु राशि में प्रवेश करेंगे। वह 14 जनवरी 2025 तक सुबह 8:55 बजे तक धनु राशि में रहेंगे। इसके बाद 15 जनवरी 2025 को सूर्य का गोचर मकर राशि में होगा।
आचार्य गोपालजी मालवीय ने बताया कि जब सूर्य गोचरवश धनु और मीन में प्रवेश करते हैं तो इसे क्रमशः धनु संक्रांति व मीन संक्रांति कहा जाता है। सूर्य किसी भी राशि में एक माह तक रहते हैं। खरमास में सभी प्रकार के शुभ कार्य जैसे विवाह, मुंडन, सगाई व गृह प्रवेश के साथ व्रत आरंभ आदि वर्जित रहते हैं।
नए साल में सिर्फ 74 दिन बजेगी शहनाई
2025 में 14 जनवरी को खरमास खत्म होगा। 16 जनवरी से विवाह समेत सभी मंगल कार्य शुरू होंगे। पंचांग के अनुसार जनवरी में 10 दिन, फरवरी में 14 दिन, मार्च में पांच दिन, अप्रैल में नौ दिन, मई में 15 दिन, जून में पांच दिन विवाह मुहूर्त हैं। इसके बाद जुलाई अगस्त, सितंबर और अक्तूबर में विवाह के मुहूर्त नहीं हैं। चार माह के लिए भगवान विष्णु शयन में चले जाते हैं। नवंबर में 13 दिन और दिसंबर 2025 में मात्र तीन दिन विवाह के शुभ मुहूर्त हैं। 2025 में सिर्फ 74 दिन ही शहनाई बजेगी।