{"_id":"6515222ebffeb517a00656b6","slug":"shardiya-navratri-trains-going-to-maa-vaishno-devi-and-maihar-devi-dham-are-full-2023-09-28","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Shardiya Navratri 2023 : मां वैष्णो देवी और मैहर देवी धाम जाने वाली ट्रेनें फुल, 114 पहुंची प्रतीक्षा सूची","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shardiya Navratri 2023 : मां वैष्णो देवी और मैहर देवी धाम जाने वाली ट्रेनें फुल, 114 पहुंची प्रतीक्षा सूची
Thu, 28 Sep 2023 02:19 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 28 Sep 2023 02:19 PM IST
सार
Shardiya Navratri 2023 : शारदीय नवरात्र में मां वैष्णो देवी धाम और मैहर देवी धाम जाने के लिए यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। देवी धाम जाने वाली सारी ट्रेनों में नो रूम है और वैष्णों देवी जाने वाले ट्रेनों की वेटिंग लिस्ट 114 के पार पहुंच गई है जो कि अब कन्फर्म होना भी नाममुकिन है। इससे यात्रियों में काफी निराशा है। नवरात्रि में देवी धाम जाने वाले यात्रियों की संख्या काफी बढ़ जाती है।
विज्ञापन
ट्रेन।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
शारदीय नवरात्र के पूर्व प्रयागराज से मां वैष्णो देवी और मैहर जाने वाली ट्रेनें फुल हो गई हैं। इन दोनों ही देवी धाम की ओर जाने वाली ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची हो गई है। ऐसे में नवरात्र के मौके पर जिन लोगों ने खासतौर से वैष्णो देवी जाने का कार्यक्रम बनाया है वह रिजर्वेशन न मिलने की वजह से बेहद निराश हैं।
विज्ञापन
प्रयागराज से जम्मू के लिए वर्तमान समय दोे ट्रेन मुरी एक्सप्रेस और सूबदारगंज-उधमपुर एक्सप्रेस का ही संचालन हो रहा है। मुरी एक्सप्रेस हर रोज जम्मू के लिए उपलब्ध है, जबकि उधमपुर सुपरफास्ट का संचालन प्रत्येक मंगलवार एवं शनिवार को यहां से होता है। मुरी के 28.35 घंटे के मुकाबले उधमपुर 19.10 घंटे में ही प्रयागराज से जम्मूतवी की दूरी तय कर लेती है। शारदीय नवरात्र इस बार 15 अक्तूबर से शुरू हो रहे हैं, जबकि महानवमी 23 अक्तूबर एवं विजयादशमी इस बार 24 अक्तूबर को होगी। उक्त सभी तिथियों में जम्मू जाने वाली इन दोनों ही ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची है।
विज्ञापन
उधमपुर, एक्सप्रेस की बात करें तो 14 अक्तूबर को स्लीपर में 130, 17 और 21 अक्तूबर का प्रतीक्षा सूची 114 तक पहुंच गई है। ट्रेन में 31 अक्तूबर तक जगह बिल्कुल भी नहीं है। कमोवेश यही स्थित मुरी एक्सप्रेस भी है। मुरी एक्सप्रेस में अक्तूबर और नवंबर दोनों ही माह फुल है। वहीं, दूसरी ओर मैहर जाने वाली ट्रेनों में भी यात्रियों को कंफर्म रिजर्वेशन नहीं मिल पा रहा है। मुंबई रूट की तमाम ट्रेनें मैहर के रास्ते ही संचालित होती हैं, हालांकि यहां अधिकांश का स्टॉपेज नहीं है। जिनका स्टॉपेज है उसमें से अधिकांश फुल हैं।
विज्ञापन
दिल्ली से भी जम्मू की ओर चलने वाली ट्रेनें फुल
प्रयागराज ही नहीं, दिल्ली से भी जम्मू जाने वाली ट्रेनें शारदीय नवरात्र के अवसर पर फुल हैंं। लाउदर रोड के अमित श्रीवास्तव ने बताया कि प्रयागराज से कंफर्म रिजर्वेशन न मिल पाने की वजह से उन्होंने दिल्ली से चलने वाली ट्रेनों में कंफर्म बर्थ के लिए प्रयास किया, लेकिन वहां से भी किसी भी ट्रेन में कंफर्म बर्थ नहीं मिली। इसी तरह राजरूपपुर के देव सिन्हा ने बताया कि उन्होंने भी दिल्ली से कंफर्म बर्थ के लिए प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। अब दिल्ली से जम्मू वह फ्लाइट से जाएंगे।
प्रयागराज ही नहीं, दिल्ली से भी जम्मू जाने वाली ट्रेनें शारदीय नवरात्र के अवसर पर फुल हैंं। लाउदर रोड के अमित श्रीवास्तव ने बताया कि प्रयागराज से कंफर्म रिजर्वेशन न मिल पाने की वजह से उन्होंने दिल्ली से चलने वाली ट्रेनों में कंफर्म बर्थ के लिए प्रयास किया, लेकिन वहां से भी किसी भी ट्रेन में कंफर्म बर्थ नहीं मिली। इसी तरह राजरूपपुर के देव सिन्हा ने बताया कि उन्होंने भी दिल्ली से कंफर्म बर्थ के लिए प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। अब दिल्ली से जम्मू वह फ्लाइट से जाएंगे।
विभूति में बैठने को लेकर मारामारी, 26 वाली गई 27 को
प्रयागराज रामबाग रेलवे स्टेशन से हावड़ा जाने वाली विभूति एक्सप्रेस के आरक्षित कोच में बैठने को लेकर बुधवार को हंगामा हुआ। यहां 24 घंटे की देरी से 26 सितंबर वाली विभूति एक्सप्रेस को लेकर यात्रियों में असमंजस रहा। जिन यात्रियों का उसमें 27 का रिजर्वेशन था, उसमें से भी काफी स्टेशन पहुंच गए। तमाम कोच की एक ही बर्थ पर दो यात्रियों की दावेदारी को लेकर खूब शोर शराबा भी हुआ। यात्रियों के बीच आपस में भी खूब झगड़ा हुआ। बाद में रेलकर्मियों के किसी तरह से समझानेे के बाद ही यात्री शांत हुए। यहां बताया गया कि 27 वाली विभूति बृहस्पवितार की सुबह रवाना होगी।
दरअसल, वाराणसी स्टेशन के यार्ड चल रहे कार्य की वजह से विभूति एक्सप्रेस पिछले कुछ दिनों से यहां विलंब से पहुंच रही है। कुछ घंटे से शुरू हुई उसकी लेटलतीफी बुधवार को एक दिन की हो गई। 26 सितंबर को रवाना होने वाली विभूति बुधवार को आई तो उसमें वे यात्री भी सवार हो गए, जिनका रिजर्वेशन 27 का था। एक साथ दो तिथियों के यात्री पहुंचने से स्टेशन पर भी अफरातफरी मच गई। विवाद होता देख स्टेशन अधीक्षक अरविंद कुमार राय ने वहां एनाउंसमेंट करवाया कि जिन यात्रियों के 26 सितंबर वाले आरक्षित टिकट हैं वे ही इसमें सवार हों। बाद में जिन यात्रियों को जल्दी थी वे जनरल कोच में सवार हो गए।
यात्रियों का कहना था कि ट्रेन विलंब होने की सूचना उन्हें रेलवे की ओर से अगर पहले दे दी जाती तो यह समस्या न आती। झलवा निवासी विजय उपाध्याय ने बताया कि उन्हें आज पटना जाना था। स्टेशन जाने के बाद वह ट्रेन में बैठ भी गए, लेकिन बाद में मालूम पड़ा कि 26 सितंबर वाली विभूति जा रही है। विलंब होने की वजह से 27 वाली बृहस्पतिवार को रवाना होगी। गाड़ी संख्या 12333 विभूति का यहां पहुंचने का समय दोपहर 12 बजे है। यहां साफ सफाई के बाद गाड़ी संख्या 12334 हावड़ा के लिए दोपहर 3.40 बजे रवाना होती है।
प्रयागराज रामबाग रेलवे स्टेशन से हावड़ा जाने वाली विभूति एक्सप्रेस के आरक्षित कोच में बैठने को लेकर बुधवार को हंगामा हुआ। यहां 24 घंटे की देरी से 26 सितंबर वाली विभूति एक्सप्रेस को लेकर यात्रियों में असमंजस रहा। जिन यात्रियों का उसमें 27 का रिजर्वेशन था, उसमें से भी काफी स्टेशन पहुंच गए। तमाम कोच की एक ही बर्थ पर दो यात्रियों की दावेदारी को लेकर खूब शोर शराबा भी हुआ। यात्रियों के बीच आपस में भी खूब झगड़ा हुआ। बाद में रेलकर्मियों के किसी तरह से समझानेे के बाद ही यात्री शांत हुए। यहां बताया गया कि 27 वाली विभूति बृहस्पवितार की सुबह रवाना होगी।
दरअसल, वाराणसी स्टेशन के यार्ड चल रहे कार्य की वजह से विभूति एक्सप्रेस पिछले कुछ दिनों से यहां विलंब से पहुंच रही है। कुछ घंटे से शुरू हुई उसकी लेटलतीफी बुधवार को एक दिन की हो गई। 26 सितंबर को रवाना होने वाली विभूति बुधवार को आई तो उसमें वे यात्री भी सवार हो गए, जिनका रिजर्वेशन 27 का था। एक साथ दो तिथियों के यात्री पहुंचने से स्टेशन पर भी अफरातफरी मच गई। विवाद होता देख स्टेशन अधीक्षक अरविंद कुमार राय ने वहां एनाउंसमेंट करवाया कि जिन यात्रियों के 26 सितंबर वाले आरक्षित टिकट हैं वे ही इसमें सवार हों। बाद में जिन यात्रियों को जल्दी थी वे जनरल कोच में सवार हो गए।
यात्रियों का कहना था कि ट्रेन विलंब होने की सूचना उन्हें रेलवे की ओर से अगर पहले दे दी जाती तो यह समस्या न आती। झलवा निवासी विजय उपाध्याय ने बताया कि उन्हें आज पटना जाना था। स्टेशन जाने के बाद वह ट्रेन में बैठ भी गए, लेकिन बाद में मालूम पड़ा कि 26 सितंबर वाली विभूति जा रही है। विलंब होने की वजह से 27 वाली बृहस्पतिवार को रवाना होगी। गाड़ी संख्या 12333 विभूति का यहां पहुंचने का समय दोपहर 12 बजे है। यहां साफ सफाई के बाद गाड़ी संख्या 12334 हावड़ा के लिए दोपहर 3.40 बजे रवाना होती है।