फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Primary responsibility to prove 240 days of continuous service lies with the worker: High Court

240 दिन की निरंतर सेवा साबित करने की प्राथमिक जिम्मेदारी श्रमिक की: हाईकोर्ट

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 03 Oct 2026 02:08 AM IST
विज्ञापन
Primary responsibility to prove 240 days of continuous service lies with the worker: High Court
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि 240 दिन की निरंतर सेवा साबित करने की प्राथमिक जिम्मेदारी श्रमिक की है। इस टिप्पणी संग कोर्ट ने श्रम अदालत वाराणसी के 22 श्रमिकों की पुनर्बहाली और उन्हें दो तिहाई पिछला वेतन दिए जाने के आदेश को रद्द कर दिया है।
विज्ञापन

यह आदेश न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी की एकल पीठ ने सैम हिगिनबॉटम इंस्टीट्यूट ऑफ एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजी एंड साइंसेज की याचिका पर दिया है। श्रम अदालत ने अपने फैसले में माना था कि 22 श्रमिकों को पांच अक्तूबर 2010 को अवैध रूप से सेवा से हटा दिया गया था, जबकि वे एक वर्ष में 240 दिनों से अधिक समय से लगातार काम कर रहे थे। संस्थान ने इस आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।
विज्ञापन

संस्थान के अधिवक्ता ने दलील दी कि श्रमिकों ने ऐसा कोई लिखित साक्ष्य, मास्टर रोल या दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया, जिससे यह साबित हो सके कि उन्होंने एक साल में 240 दिन कार्य किया है। साथ ही बिना ठोस आधार के पिछला वेतन देने का आदेश भी कानून के विपरीत है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोर्ट ने कहा कि यह साबित करने की शुरुआती जिम्मेदारी श्रमिक की होती है कि उसने एक कैलेंडर वर्ष में 240 दिन लगातार काम किया है। केवल लिखित कथन या मौखिक दावों के आधार पर इसे सिद्ध नहीं माना जा सकता।

कोर्ट ने माना कि श्रम अदालत की ओर से यह निष्कर्ष निकालना कि श्रमिकों ने 240 दिन काम किया है, एक त्रुटिपूर्ण निर्णय था। इन आधारों को ध्यान में रखते हुए हाईकोर्ट ने लेबर कोर्ट के फैसलों को निरस्त करते हुए संस्थान की याचिकाओं को स्वीकार कर लिया। ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed