जाने माने कानूनविद् और राजनीति के पुरोधा कहे जाने वाले पश्चिम बंगाल के पूर्व राज्यपाल केशरीनाथ त्रिपाठी का 88 वर्ष की उम्र में रविवार सुबह पांच बजे निधन हो गया। वह पिछले कई दिनों से बीमार चल रहे थे। उनके निधन की सूचना मिलने के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना आदि नेताओं ने प्रयागराज पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने भी गहरा दुख व्यक्त किया। केशरीनाथ के पुत्र नीरज त्रिपाठी से फोन पर बात करके उन्हें ढांढस बंधाया।
UP : राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री सहित कई हस्तियों ने केसरीनाथ के निधन पर जताया शोक
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष पूर्व राज्यपाल और भाजपा के वरिष्ठ नेता केशरीनाथ त्रिपाठी के निधन से भाजपा में शोक की लहर दौड़ गई। राष्ट्रपति द्रौपदी मूर्मू, पीएम मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने शोक व्यक्त किया है।
Shri Keshari Nath Tripathi Ji was respected for his service and intellect. He was well versed in Constitutional matters. He played a key role in building BJP in UP and worked hard for the state’s progress. Pained by his demise. Condolences to his family and admirers. Om Shanti. pic.twitter.com/mQqirPTPvy
— Narendra Modi (@narendramodi) January 8, 2023
केशरी नाथ त्रिपाठी को उनकी सेवा के लिए हमेशा याद किया जाएगा। वे सांविधानिक मामलों के अच्छे जानकार थे। उन्होंने यूपी में भाजपा को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। राज्य की प्रगति के लिए भी उन्होंने कड़ी मेहनत की। उनके निधन से आहत हूं। उनके परिवार और प्रशंसकों को मेरी संवेदनाएं। ओम शांति। - नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री।
वरिष्ठ राजनेता, भाजपा परिवार के वरिष्ठ सदस्य, प. बंगाल के पूर्व राज्यपाल आदरणीय केशरी नाथ त्रिपाठी जी का निधन अत्यंत दुःखद है।
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) January 8, 2023
प्रभु श्री राम दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान व शोकाकुल परिजनों को यह दुःख सहने की शक्ति दें।
ॐ शांति!
देश-प्रदेश की राजनीति के मर्मज्ञ आदरणीय पंडित केशरी नाथ त्रिपाठी जी का निधन अपूरणीय क्षति है। प्रयागराज के हर घर से उनका गहरा रिश्ता था।
— Keshav Prasad Maurya (@kpmaurya1) January 8, 2023
बिहार, बंगाल के राज्यपाल, प्रदेश सरकार के मंत्री और विधानसभा अध्यक्ष के रूप में पंडित जी का कार्यकाल स्वर्ण अक्षरों में अंकित है। pic.twitter.com/g1JzOXJWbT
पिछले माह ही बाथरूम में गिरने की वजह से केशरीनाथ के दाहिने कंधे में फ्रैक्चर हो गया था। उसके बाद 30 दिसंबर की सुबह उन्हें सांस लेने में दिक्कत होने पर एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। उनके पुत्र नीरज त्रिपाठी ने बताया कि वर्ष 2020 में कोरोना पॉजिटिव होने के बाद से ही उनका स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता था। तब से अब तक वह चार-पांच बार कोरोना पॉजिटिव हुए। आईसीयू में एडमिट होने के बाद वह चार जनवरी को ही अस्पताल से डिस्चार्ज हुए।
घर मेें आने के बाद भी उन्हें ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया था। इस दौरान घर पर ही उनकी फिजियोथैरेपी चल रही थी। शनिवार को उनकी तबीयत एक बार फिर बिगड़ी। इस बीच चिकित्सकों ने उनकी जांच की। तय हुआ कि रविवार की सुबह उन्हें पीजीआई लखनऊ ले जाया जाएगा, लेकिन सुबह पांच बजे ही उनका निधन हो गया।
कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, नंद गोपाल गुप्ता नंदी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी, राज्यसभा सदस्य प्रमोद तिवारी आदि नेता भी उनके अंतिम दर्शन के लिए प्रयागराज पहुंचे। सभी नेताओं ने उनके निधन को अपूरणीय क्षति बताया। उनकी अंतिम यात्रा में भी लोगों की काफी भीड़ उमड़ी। उन्हें राजकीय सम्मान के साथ पूर्व राज्यपाल को विदाई दी गई।
ट्वीट कर दी श्रद्धांजलि
भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व राज्यपाल केशरीनाथ त्रिपाठी के निधन की सूचना से दुखी हूं। उत्तर प्रदेश में संगठन को मजबूत करने और गरीब एवं वंचित वर्ग के कल्याण के प्रति वे जीवन भर समर्पित रहे। ईश्वर उन्हें अपने श्री चरणों में स्थान दे। ओम शांति। - अमित शाह, गृहमंत्री
मैं पश्चिम बंगाल के पूर्व राज्यपाल केशरीनाथ त्रिपाठी के निधन पर गहरा दुख व्यक्त करती हूं। वह महान व्यक्ति थे। देश के लिए उनका योगदान हम सभी के मन में रहेगा। ईश्वर से प्रार्थना है कि उनकी आत्मा को शांति मिले। - ममता बनर्जी, मुख्यमंत्री पश्चिम बंगाल
सपा के पूर्व सांसद रेवती रमण सिंह ने दी श्रद्धांजलि
पूर्व सांसद कुंवर रेवती रमण सिंह ने पूर्व राज्यपाल केशरीनाथ त्रिपाठी जी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि यह मेरे लिए अपूर्णनीय छति हैं विपरीत विचारधारा की राजनीति के बावजूद हमारे व्यक्तिगत सम्बंध बहुत ही आत्मीय व मधुर थे।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा में बहुत सालों तक हम लोगों का साथ था विधानसभा अध्यक्ष रहतें हुए उन्होंने हमेशा मुझे सदन समय दिया हम दोनों हर सुख दुख के साथी रहे हैं।भगवान उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें तथा परिवार को इस दुख की घड़ी से उबरने की शक्ति दें।
पूर्व मंत्री उज्ज्वल रमण सिंह ने केशरीनाथ त्रिपाठी जी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि बहुत ही अल्प समय के लिए उत्तर प्रदेश सदन में उनसें कुछ सिखाने को मिला पंडित जी भारतीय संविधान व लोकतांत्रिक विषय ज्ञाता थे।उनके निधन से एक अध्याय का अन्त हो गया।
पूर्व सपा प्रदेश प्रवक्ता विनय कुशवाहा ने पंडित जी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि धीरे धीरे पूर्ण समर्पित ईमानदार राजनीति करनेवाले का आभाव होता जा रहा है अब तो मैनेजमेंट की राजनीति का दौर आ गया जिसमें धनबल हाबी हो गया जो भारतीय लोकतंत्र के लिए अच्छा नहीं है।
पंडित केशरी नाथ त्रिपाठी सौम्यता के प्रतीक थे। वे मेरे निवास क्षेत्र यानी शहर दक्षिणी के विधायक भी रहे। यह वही दौर था जब मैं उनके संपर्क में आया। यूं तो कई रोचक किस्से उनसे हुई मुलाकातों के हैं, लेकिन हर बार उनका यह पूछना कि - 'और नया का लिख रहे हो', मुझे बहुत भाता था। दरअसल वे स्वयं एक बेहतरीन रचनाकार थे। उनकी रुचि यह जानने में रहती थी कि नई पीढ़ी के लोग क्या रच रहे हैं।
कभी कभी भी शिकायती अंदाज में यह कहने से नहीं चूकते कि - 'लग रहा है आजकल मामला सन्नाटे में है, कुछ नया पढ़ने को नहीं मिल रहा है।' जब वे विधानसभा अध्यक्ष हो गए और उनकी व्यस्तता बढ़ गई। उन दिनों हम उनसे मिलने जब भी लखनऊ गए, वे तत्काल मिलने को आतुर हो जाते। एक बार त्रिपाठी जी से हमने शिकायत की कि - बहुत दिन हुआ आप क्षेत्र में आए नहीं, तो वे हंस कर बोले- तुम लोग बुलाए भी तो नहीं।
उनके इसी अंदाज के सभी कायल रहते थे। वे कवि हृदय होने के कारण बहुत ही संवेदनशील नेता थे। हर किसी की सहायता करने, उसे संबल देने और कुछ बेहतर करने को प्रेरित करना उनका प्रिय शगल रहता था। उनका जाना एक और रचनाधर्मी और संवेदनशील राजनीतिज्ञ जाना है, जिनकी इस समय हमें बहुत जरूरत है।