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Prayagraj News: अब ड्रोन से होगी ट्रेनों की निगरानी, इन स्टेशनों पर भी रहेगी नजर
Fri, 28 Aug 2020 09:07 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Fri, 28 Aug 2020 09:07 AM IST
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ड्रोन से होगी इन रेलवे स्टेशनों की निगरानी।
- फोटो : सोशल मीडिया
उत्तर मध्य रेलवे के दो प्रमुख स्टेशनों प्रयागराज जंक्शन एवं कानपुर सेंट्रल की निगरानी अब आकाश से भी होगी। इन दोनों ही महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए एनसीआर प्रशासन ड्रोन कैमरों का इस्तेमाल करेगा।
आरपीएफ 97.52 लाख रुपये की लागत से 17 ऐसे ड्रोन खरीदने जा रहा है। दो ड्रोन एनसीआर का प्रयागराज मंडल भी खरीदेगा। इसका इस्तेमाल प्रयागराज जंक्शन एवं कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था आदि में होगा।
इन ड्रोन का इस्तेमाल सुरक्षा के लिए तो होगा ही, साथ ही इनका इस्तेमाल कूड़ा फेंके जाने, रेल परिसर में फेरी लगाने जैसे अपराधी व असामाजिक गतिविधियों पर निगरानी के लिए भी किया जा सकता है।
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इसके लिए आरपीएफ कर्मी प्रशिक्षित भी किए जाएंगे। बता दें कि जो ड्रोन लिए जाएंगे उसकी परिचालन सीमा दो किलोमीटर रहेगी। एक बार में वह 25 मिनट तक आसानी से उड़ान भर सकेगा।
दिन के समय 12803720 पिक्सल एचडी इमेज कैप्चर ड्रोन के माध्यम से की जा सकती है। इसमें रियल टाइम ट्रैकिंग, वीडियो स्ट्रीमिंग भी रहेगा। वर्ष 2019 में लगे कुंभ मेले के दौरान प्रयागराज रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा की दृष्टि से पहली बार ड्रोन का प्रयोग किया गया था।
एनसीआर के सीपीआरओ अजीत कुमार सिंह का इस बारे में कहना है कि अभी प्रयागराज मंडल में ड्रोन का इस्तेमाल आने वाले दिनों में होगा। इसके बाद झांसी एवं आगरा मंडल में भी ड्रोन का उपयोग आरपीफ करेगी।
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आरपीएफ 97.52 लाख रुपये की लागत से 17 ऐसे ड्रोन खरीदने जा रहा है। दो ड्रोन एनसीआर का प्रयागराज मंडल भी खरीदेगा। इसका इस्तेमाल प्रयागराज जंक्शन एवं कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था आदि में होगा।
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इन ड्रोन का इस्तेमाल सुरक्षा के लिए तो होगा ही, साथ ही इनका इस्तेमाल कूड़ा फेंके जाने, रेल परिसर में फेरी लगाने जैसे अपराधी व असामाजिक गतिविधियों पर निगरानी के लिए भी किया जा सकता है।
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इसके लिए आरपीएफ कर्मी प्रशिक्षित भी किए जाएंगे। बता दें कि जो ड्रोन लिए जाएंगे उसकी परिचालन सीमा दो किलोमीटर रहेगी। एक बार में वह 25 मिनट तक आसानी से उड़ान भर सकेगा।
दिन के समय 12803720 पिक्सल एचडी इमेज कैप्चर ड्रोन के माध्यम से की जा सकती है। इसमें रियल टाइम ट्रैकिंग, वीडियो स्ट्रीमिंग भी रहेगा। वर्ष 2019 में लगे कुंभ मेले के दौरान प्रयागराज रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा की दृष्टि से पहली बार ड्रोन का प्रयोग किया गया था।
एनसीआर के सीपीआरओ अजीत कुमार सिंह का इस बारे में कहना है कि अभी प्रयागराज मंडल में ड्रोन का इस्तेमाल आने वाले दिनों में होगा। इसके बाद झांसी एवं आगरा मंडल में भी ड्रोन का उपयोग आरपीफ करेगी।