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आठ दुकानों, पादरी के मकान समेत पांच अवैध निर्माण ध्वस्त
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prayagraj development authority
- फोटो : CITY DESK
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बिना मानचित्र स्वीकृत कराए निर्माण पर पीडीए ने की कार्रवाई
प्रयागराज। पीडीए ने बृहस्पतिवार को अवैध निर्माण कराने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच स्थानों पर ध्वस्तीकरण किया। सीएनआई के पदाधिकारी रहे एक पादरी समेत अलग-अलग क्षेत्रों में निर्माण ध्वस्त किए।
पीडीए उपाध्यक्ष टीके शिबू के निर्देश पर जोनल अधिकारी आलोक कुमार पांडेय ने प्रवर्तन दल के साथ मीरापुर से कार्रवाई शुरू की। यहां निर्माणाधीन आठ दुकानों का ध्वस्तीकरण कराया। यमुना किश्चियन कॉलेज परिसर में रमेश चंद्र पांडेय के निर्मित भवन का एक हिस्सा ध्वस्त किया गया। भवन स्वामी के अनुरोध पर कार्रवाई रोक कर दस दिन का समय दिया गया।
जोनल अधिकारी के मुताबिक पादरी राजेश जोसफ के भवन में पूर्व में ध्वस्त कराए गए हिस्से को तोड़ा गया। पादरी ने कार्रवाई को अवैधानिक बताया है। वहीं अरैल नैनी में अनीता सिंह और अरुण के निर्माणधीन भवन का एक हिस्सा ध्वस्त किया गया। यहां जेसीबी मशीन खराब हो जाने के कारण अभियान स्थगित कर दिया गया।
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कार्रवाई में जोनल अधिकारी के साथ भवन निरीक्षक एसपी सिंह, अवर अभियंता डीके पांडेय, पीडीए प्रवर्तन दल, मुट्ठीगंज और अतरसुइया थाने का पुलिस बल शामिल रहा।
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प्रयागराज। पीडीए ने बृहस्पतिवार को अवैध निर्माण कराने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच स्थानों पर ध्वस्तीकरण किया। सीएनआई के पदाधिकारी रहे एक पादरी समेत अलग-अलग क्षेत्रों में निर्माण ध्वस्त किए।
पीडीए उपाध्यक्ष टीके शिबू के निर्देश पर जोनल अधिकारी आलोक कुमार पांडेय ने प्रवर्तन दल के साथ मीरापुर से कार्रवाई शुरू की। यहां निर्माणाधीन आठ दुकानों का ध्वस्तीकरण कराया। यमुना किश्चियन कॉलेज परिसर में रमेश चंद्र पांडेय के निर्मित भवन का एक हिस्सा ध्वस्त किया गया। भवन स्वामी के अनुरोध पर कार्रवाई रोक कर दस दिन का समय दिया गया।
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जोनल अधिकारी के मुताबिक पादरी राजेश जोसफ के भवन में पूर्व में ध्वस्त कराए गए हिस्से को तोड़ा गया। पादरी ने कार्रवाई को अवैधानिक बताया है। वहीं अरैल नैनी में अनीता सिंह और अरुण के निर्माणधीन भवन का एक हिस्सा ध्वस्त किया गया। यहां जेसीबी मशीन खराब हो जाने के कारण अभियान स्थगित कर दिया गया।
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कार्रवाई में जोनल अधिकारी के साथ भवन निरीक्षक एसपी सिंह, अवर अभियंता डीके पांडेय, पीडीए प्रवर्तन दल, मुट्ठीगंज और अतरसुइया थाने का पुलिस बल शामिल रहा।