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सुरों के संगम संग जमा जादुई रंग
अमर उजाला ब्यूरो, काैश्ाांबी
Updated Sat, 13 Jun 2015 02:29 AM IST
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इलाहाबाद। एकता संस्था के चार दिनी आयोजन ‘कलियां जो खिलकर महकें’ के दूसरे दिन शुक्रवार को प्रयाग संगीत समिति में सुरों की सरिता बही तो जादू की हैरतअंगेज और रोमांचक प्रस्तुतियां भी सभी को मंत्रमुग्ध करती रहीं। सुपरिचित गायक मनोज गुप्ता की देखरेख में प्रतिभागियों ने अलग-अलग सुरों और भावों के गीत प्रस्तुत किए। ‘देसवा है सोने के चिरइया, देसवा बचा के रखा भइया‘ गीत में जाह्नवी पांडेय, पूजा मौर्या, मोनी मिश्रा, उमा कनौजिया की ओर से समां बांधने के बाद शताक्षी, तेजस्व, रिशिका श्रीवास्तव, धुनि, निशा विधोरिया, इलिया जीशान ने ‘रंगी सारी गुलाबी चुनरिया हो, मोहे मारे नजरिया सांवरिया रे’ सुनाकर तालियां बटोरीं।
इसी क्रम में गजल ‘कैसे कह दूं कि मुलाकात नहीं होती है, रोज मिलते है मगर बात नहीं होती है’ को आंचल अग्रहरि, रक्षा श्रीवास्तव, ऊरुज मरियम, हिना इकबाल, मो.मोइन, प्रतीक्षा श्रीवास्तव, दिव्यांशी वर्मा, सोनी मिश्रा ने प्रस्तुत किया। इनके साथ सिंथेसाइजर पर शैशव गुप्ता, आक्टोपैड पर वैभव गुप्ता, तबला पर आशुतोष गुप्ता, और राजभट्ट ने ढोलक पर संगत किया। वहीं सेरेब्रल पालसी से जूझ रहे उद्देश्य ने भी सिंथेसाइजर पर सुरीले रागों से सभी का दिल जीत लिया। अभय निरखी की देखरेख में बच्चों ने एक से बढ़कर एक जादू दिखाकर सभी को चकित कर दिया। रोमा कनौजिया ने नजरबंदी, श्रेया घोष ने समाचारपत्रों को फाड़कर जोड़ने, अनमोल सक्सेना ने हवा में लड़की उड़ाना, बिना माचिस कपड़ों में आग लगाने जैसे करतब दिखए।
सांसद श्यामाचरण गुप्त, नगर आयुक्त देवेंद्र कुमार पांडेय, पं.साहित्य कुमार नाहर, डॉ.बीबी अग्रवाल, संगीत समिति सचिव अरुण कुमार ने दीप जलाकर उद्घाटन किया। संस्था अध्यक्ष रतन दीक्षित ने धन्यवाद ज्ञापन और डॉ.रंजना त्रिपाठी ने संचालन किया। कार्यक्रम में बशारत हुसैन, उमा दीक्षित, शहबाज अहमद, रमेश चंद्र, जूही पांडेय, इरम सईद, अब्दुल्ला, अश्विनी श्रीवास्तव, मो.अख्तर आदि मौजूद रहे। संस्था महासचिव जमील अहमद के मुताबिक संगीत समिति में ही 13 जून को शाम 6.30 बजे से नृत्य और फैशन शो होगा।
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इसी क्रम में गजल ‘कैसे कह दूं कि मुलाकात नहीं होती है, रोज मिलते है मगर बात नहीं होती है’ को आंचल अग्रहरि, रक्षा श्रीवास्तव, ऊरुज मरियम, हिना इकबाल, मो.मोइन, प्रतीक्षा श्रीवास्तव, दिव्यांशी वर्मा, सोनी मिश्रा ने प्रस्तुत किया। इनके साथ सिंथेसाइजर पर शैशव गुप्ता, आक्टोपैड पर वैभव गुप्ता, तबला पर आशुतोष गुप्ता, और राजभट्ट ने ढोलक पर संगत किया। वहीं सेरेब्रल पालसी से जूझ रहे उद्देश्य ने भी सिंथेसाइजर पर सुरीले रागों से सभी का दिल जीत लिया। अभय निरखी की देखरेख में बच्चों ने एक से बढ़कर एक जादू दिखाकर सभी को चकित कर दिया। रोमा कनौजिया ने नजरबंदी, श्रेया घोष ने समाचारपत्रों को फाड़कर जोड़ने, अनमोल सक्सेना ने हवा में लड़की उड़ाना, बिना माचिस कपड़ों में आग लगाने जैसे करतब दिखए।
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सांसद श्यामाचरण गुप्त, नगर आयुक्त देवेंद्र कुमार पांडेय, पं.साहित्य कुमार नाहर, डॉ.बीबी अग्रवाल, संगीत समिति सचिव अरुण कुमार ने दीप जलाकर उद्घाटन किया। संस्था अध्यक्ष रतन दीक्षित ने धन्यवाद ज्ञापन और डॉ.रंजना त्रिपाठी ने संचालन किया। कार्यक्रम में बशारत हुसैन, उमा दीक्षित, शहबाज अहमद, रमेश चंद्र, जूही पांडेय, इरम सईद, अब्दुल्ला, अश्विनी श्रीवास्तव, मो.अख्तर आदि मौजूद रहे। संस्था महासचिव जमील अहमद के मुताबिक संगीत समिति में ही 13 जून को शाम 6.30 बजे से नृत्य और फैशन शो होगा।
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