{"_id":"6ad28ed1c19b81c73f0ea8bf","slug":"mothers-court-decorated-with-flowers-and-jewellery-on-saptami-there-will-be-darshan-of-kaalratri-form-allahabad-news-c-3-ald1034-999397-2026-10-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Prayagraj News: फूलों और आभूषणों से सजा मां का दरबार, सप्तमी पर कालरात्रि स्वरूप के होंगे दर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Prayagraj News: फूलों और आभूषणों से सजा मां का दरबार, सप्तमी पर कालरात्रि स्वरूप के होंगे दर्शन
Sat, 17 Oct 2026 02:23 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रयागराज
Updated Sat, 17 Oct 2026 02:23 AM IST
विज्ञापन
नवरात्रि ललिता देवी मंदिर में पूजन करते श्रद्धालु। अमर उजाला
शारदीय नवरात्र की षष्ठी पर शुक्रवार को शक्तिपीठ मां कल्याणी देवी और मां ललिता देवी मंदिर में मां कात्यायनी के दिव्य स्वरूप का दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। फूलों और आभूषणों से सजे मां के अलौकिक स्वरूप ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।
कल्याणी देवी मंदिर में मां का बहुरंगी पुष्पों और विविध आभूषणों से भव्य शृंगार किया गया। मां सिंह पर विराजमान थीं और उनकी गोद में बालिका बैठी थी। सुबह 5:15 बजे पूजन के बाद मंगला आरती हुई।
मीरापुर स्थित प्राचीन राजराजेश्वरी त्रिपुर सुंदरी सिद्धपीठ मां ललिता देवी मंदिर में बेला, गेंदा और गुलाब के फूलों से दरबार सजाया गया। 11 ब्राह्मणों ने दुर्गा सप्तशती का सस्वर पाठ किया। मुख्य यजमान संजीव अग्रवाल रहे और आचार्य पं. शिव मूरत मिश्रा ने नेतृत्व किया। शयन आरती के बाद भंडारे में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
विज्ञापन
आज कालरात्रि स्वरूप में दर्शन देंगी मां
नवरात्र की सप्तमी पर शनिवार को दोनों मंदिरों में मां कालरात्रि का विशेष शृंगार होगा। मां ललिता देवी का दरबार गुलाब-गुड़हल के फूलों और देशी घी के मिट्टी के दीयों से सजाया जाएगा। वहीं, मां कल्याणी देवी मुंडमाला धारण किए और हाथों में खड्ग, खप्पर व मुंड लिए भक्तों को दर्शन देंगी।
विज्ञापन
कल्याणी देवी मंदिर में मां का बहुरंगी पुष्पों और विविध आभूषणों से भव्य शृंगार किया गया। मां सिंह पर विराजमान थीं और उनकी गोद में बालिका बैठी थी। सुबह 5:15 बजे पूजन के बाद मंगला आरती हुई।
विज्ञापन
मीरापुर स्थित प्राचीन राजराजेश्वरी त्रिपुर सुंदरी सिद्धपीठ मां ललिता देवी मंदिर में बेला, गेंदा और गुलाब के फूलों से दरबार सजाया गया। 11 ब्राह्मणों ने दुर्गा सप्तशती का सस्वर पाठ किया। मुख्य यजमान संजीव अग्रवाल रहे और आचार्य पं. शिव मूरत मिश्रा ने नेतृत्व किया। शयन आरती के बाद भंडारे में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
विज्ञापन
आज कालरात्रि स्वरूप में दर्शन देंगी मां
नवरात्र की सप्तमी पर शनिवार को दोनों मंदिरों में मां कालरात्रि का विशेष शृंगार होगा। मां ललिता देवी का दरबार गुलाब-गुड़हल के फूलों और देशी घी के मिट्टी के दीयों से सजाया जाएगा। वहीं, मां कल्याणी देवी मुंडमाला धारण किए और हाथों में खड्ग, खप्पर व मुंड लिए भक्तों को दर्शन देंगी।

नवरात्रि ललिता देवी मंदिर में पूजन करते श्रद्धालु। अमर उजाला