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मचल देखा होली मोहल्ला मोहल्ला...

Thu, 01 Mar 2018 02:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Thu, 01 Mar 2018 02:14 AM IST
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Maula saw Holi Mohalla Mohalla ...
इलाहाबाद - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
शब्द रंग -2018 में बृहस्पतिवार को पश्चिम बंगाल के राज्यपाल पं. केसरीनाथ त्रिपाठी ने कविताएं पढ़ीं। उनके माइक संभालते ही तालियों की गड़गड़ाहट के साथ जयकारे गूंजने लगे। बतौर मुख्य अतिथि पश्चिम बंगाल के राज्यपाल ने अपनी कविताओं से जहां श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया, वहीं रंगों के त्योहार पर आपसी प्रेम-भाईचारा प्रगाढ़ करने का संदेश दिया। जॉर्ज टाउन क्लब की ओर से होली मिलन के उपलक्ष्य में यह कवि सम्मेलन किया गया था।  
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कवि सम्मेलन का शुभारंभ कवियत्री प्रीता बाजपेयी की वाणी वंदना से हुआ। उन्होंने अपनी कविता के माध्यम से रंग-बिरंगी होली का मोहक वर्णन किया। पंक्तियां इस प्रकार थीं- रंगों में रंग रंगों में नई रंगत एक तेरे न आने से / ए काश तुम आ जाओ होली के बहाने से....। इनके बाद कवियत्री डॉ. आभा श्रीवास्तव ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं का दिल जीत लिया। पंक्तियां इस तरह थीं- मुल्कों को तोड़ा है कुछ फिरकापरस्तों ने /यहां कुछ हैं गद्दार तो क्यों उनकी वकालत की जाए...। हास्य कवि लालजी सिंह देहाती ने कहा कि बेशर्मी की हद अहे कि क्या उखाड़ लिहिन ...। अमित जौनपुरी ने अपनी रचनाओं से खूब गुदगुदाया। उन्होंने पढ़ा- लगते फगुनवा करें लोग हल्ला/ मचल देखा होली मोहल्ला मोहल्ला...। शायर डॉ नया बलियावी ने पढ़ा कि -न टूट सकेगा हिंदुस्तान न टूट सकेगा हिंदुस्तान...। 
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संचालन कर रहे गीतकार शैलेंद्र मधुर ने अपने गीतों से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। उनकी पंक्तियां थीं- योगी है रंग रंग में मोदी गुलाल में वोटर उलझ  के रह गए रंगीन जाल में...। शायर शाहिद सफर ने पढ़ा कि -ए सियासत हिंदू मुस्लिम की जलाकर राख कर देना...। नजर इलाहाबादी ने दर्शकों को खूब हंसाया। सारे गड्ढे भर जाएंगे बरसात तो आने दो...। प्रख्यात शायर जावेद शोहरत ने अपनी रचनाओं से लोगों को भाव विभोर कर डाला उन्होंने पड़ा अब वक्त कहां है कि समेटोगे  बदन को/ पहले तो ये होता हुआ बिखराव संभालो...। बार काउंसिल ऑफ  उत्तर प्रदेश के पूर्व चेयरमैन अमरिंदर सिंह ने कहा कि रचनाकारों के माध्यम से देश एवं समाज को नई दिशा मिलती है।उन्होंने आगतों का स्वागत करते हुए कहा कि एकता एवं सद्भाव के साथ लोग खुशी से होली का पर्व मनाएं।
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