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अजान पर रोक मामले में फैसला सुरक्षित
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प्रयागराज। मस्जिदों से अजान देने पर रोक के खिलाफ दाखिल जनहित याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दोनो पक्षों की बहस सुनने के बाद फैसला सुरक्षित कर लिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति शशिकान्त गुप्ता तथा न्यायमूर्ति अजित कुमार की खंडपीठ ने गाजीपुर के सांसद अफजाल अंसारी एवं अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार एसोसिएशन गाजीपुर की जनहित याचिकाओं पर दिया है।
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याचिका में कहा गया है कि जिलाधिकारी ने मौखिक आदेश से अजान देने पर रोक लगा दी है। जो धार्मिक स्वतंत्रता के मूल अधिकारों का उल्लंघन है। सभी लाक डाउन का पालन कर रहे हैं। लोगों को नमाज के वक्त की जानकारी देने के लिये अजान जरूरी है। सरकार मूल अधिकारों पर रोक नहीं लगा सकती। जबकि राज्य सरकार का कहना है कि कोरोना महामारी से निपटने के लिए केंद्र सरकार द्वारा देश व्यापी लाक डाउन के कारण सभी प्रकार के आयोजनों, सामूहिक रूप से इकट्ठा होने पर रोक लगायी गयी है। किसी के साध भेदभाव नहीं किया गया है। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन के तहत एहतियाती कदम उठाये गये हैं। वीडियो कान्फ्रेन्सिंग से बहस की गयी।सुनने के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित कर लिया है ।
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