{"_id":"5f5a3c19f1c6415b037e1755","slug":"high-court-seeks-response-from-the-government-on-the-petition-for-arranging-online-nominations-in-the-panchayat-elections-to-be-held-in-up","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाईकोर्ट : यूपी में होने वाले पंचायत चुनावों में आनलाइन नामांकन की व्यवस्था करने की याचिका पर सरकार से मांगा जवाब ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाईकोर्ट : यूपी में होने वाले पंचायत चुनावों में आनलाइन नामांकन की व्यवस्था करने की याचिका पर सरकार से मांगा जवाब
Thu, 10 Sep 2020 08:15 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 10 Sep 2020 08:15 PM IST
विज्ञापन
election 2020
- फोटो : amar ujala
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने यूपी में होने वाले त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों में आनलाइन नामांकन की व्यवस्था का प्रावधान नियमावली में करने की मांग में दाखिल जनहित याचिका पर प्रदेश सरकार से दो सप्ताह में संक्षिप्त जवाब मांगा है ।
यह आदेश जस्टिस शशिकान्त गुप्ता व जस्टिस शमीम अहमद की खंडपीठ ने गोपाल कृष्ण पांडेय की जनहित याचिका पर दिया है। याचिकाकर्ता के अधिवक्ता भरत प्रताप सिंह का कहना था कि प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव दिसम्बर 2020 अथवा उसके तुरंत बाद से शुरू होने की सम्भावना है। सरकार चुनाव की तैयारी में जुट गयी है। परन्तु कोरोना वायरस महामारी के चलते लोगों को बाहर निकलने व चुनाव प्रक्रिया में शामिल होने में परेशानी हो सकती है।
बाहर निकलने से वायरस महामारी फैलने का भय हमेशा लगा रहने की सम्भावना रहेगी। ऐसे में यूपी क्षेत्र पंचायत व जिला पंचायत ( निर्वाचन) नियमावली 1994 में आवश्यक संशोधन किए जाने की आवश्यकता है, ताकि लोग आनलाइन नामांकन कर सकें। कहा गया कि आनलाइन नामांकन की व्यवस्था तभी संभव होगा जब चुनाव नियमावली में इस आशय का जरूरी संशोधन प्रदेश सरकार करे ।
विज्ञापन
हाईकोर्ट ने मामले की गम्भीरता को देखते हुए इस जनहित याचिका को स्वीकार करते हुए सरकार की तरफ से कोर्ट में हाजिर अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल से दो सप्ताह में सरकार का संक्षिप्त जवाब मांगा है। कोर्ट ने इस जनहित याचिका पर अगली सुनवाई के लिए 22 सितम्बर की तिथि नियत की है । इस केस की सुनवाई के लिए कोर्ट ने इसे फ्रेश केस के रूप में कोर्ट में सूचीबद्ध किए जाने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
यह आदेश जस्टिस शशिकान्त गुप्ता व जस्टिस शमीम अहमद की खंडपीठ ने गोपाल कृष्ण पांडेय की जनहित याचिका पर दिया है। याचिकाकर्ता के अधिवक्ता भरत प्रताप सिंह का कहना था कि प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव दिसम्बर 2020 अथवा उसके तुरंत बाद से शुरू होने की सम्भावना है। सरकार चुनाव की तैयारी में जुट गयी है। परन्तु कोरोना वायरस महामारी के चलते लोगों को बाहर निकलने व चुनाव प्रक्रिया में शामिल होने में परेशानी हो सकती है।
विज्ञापन
बाहर निकलने से वायरस महामारी फैलने का भय हमेशा लगा रहने की सम्भावना रहेगी। ऐसे में यूपी क्षेत्र पंचायत व जिला पंचायत ( निर्वाचन) नियमावली 1994 में आवश्यक संशोधन किए जाने की आवश्यकता है, ताकि लोग आनलाइन नामांकन कर सकें। कहा गया कि आनलाइन नामांकन की व्यवस्था तभी संभव होगा जब चुनाव नियमावली में इस आशय का जरूरी संशोधन प्रदेश सरकार करे ।
विज्ञापन
हाईकोर्ट ने मामले की गम्भीरता को देखते हुए इस जनहित याचिका को स्वीकार करते हुए सरकार की तरफ से कोर्ट में हाजिर अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल से दो सप्ताह में सरकार का संक्षिप्त जवाब मांगा है। कोर्ट ने इस जनहित याचिका पर अगली सुनवाई के लिए 22 सितम्बर की तिथि नियत की है । इस केस की सुनवाई के लिए कोर्ट ने इसे फ्रेश केस के रूप में कोर्ट में सूचीबद्ध किए जाने का निर्देश दिया है।