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इलाज में लापरवाही बरतने वाले डॉक्टर पर मुकदमा दर्ज करने का हाईकोर्ट ने दिया आदेश
Fri, 03 Sep 2021 10:15 PM IST
विनोद सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Fri, 03 Sep 2021 10:15 PM IST
सार
दो दिन बीत जाने पर भी कोई आराम नहीं हुआ। फिर कहीं और डिस्चार्ज करने के लिए कहने लगा लेकिन डॉक्टर यूएस खान ने डिस्चार्ज करने से मना किया, कहा कि शाम तक आराम मिल जाएगा।
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एफआईआर की प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
लापरवाही से इलाज करने के आरोप पर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हरेंद्र नाथ ने डॉक्टर यूएस खान पर प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश दिया है। थाना उतरांव टिकरी के रहने वाले मनोज कुमार ने न्यायालय में अर्जी देकर आरोप लगाया था कि 30 जुलाई 2018 को उसकी मां के पेट में दर्द होने पर गौसिया हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। दो दिन बीत जाने पर भी कोई आराम नहीं हुआ। फिर कहीं और डिस्चार्ज करने के लिए कहने लगा लेकिन डॉक्टर यूएस खान ने डिस्चार्ज करने से मना किया, कहा कि शाम तक आराम मिल जाएगा।
मां को आराम नहीं मिला। डिस्चार्ज के लिए कहने पर डॉक्टर ने फिर किया तो याची ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस आने पर हॉस्पिटल प्रबंधन द्वारा बताया गया कि उसकी मां की मृत्यु दोपहर में ही हो गई है। अदालत ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को घटना की जांच कर न्यायालय को रिपोर्ट देने का आदेश दिया रिपोर्ट प्राप्त होने पर प्रथम दृष्टया न्यायालय ने डॉक्टर को दोषी पाते हुए थानाध्यक्ष झूंसी को एफआईआर दर्ज कर विवेचना करने का आदेश दिया।
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मां को आराम नहीं मिला। डिस्चार्ज के लिए कहने पर डॉक्टर ने फिर किया तो याची ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस आने पर हॉस्पिटल प्रबंधन द्वारा बताया गया कि उसकी मां की मृत्यु दोपहर में ही हो गई है। अदालत ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को घटना की जांच कर न्यायालय को रिपोर्ट देने का आदेश दिया रिपोर्ट प्राप्त होने पर प्रथम दृष्टया न्यायालय ने डॉक्टर को दोषी पाते हुए थानाध्यक्ष झूंसी को एफआईआर दर्ज कर विवेचना करने का आदेश दिया।
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