हाईकोर्ट : प्रेमी की हत्या की आरोपी महिला की सशर्त जमानत मंजूर
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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पुत्री से प्रेम संबंध के चलते प्रेमी की हत्या की आरोपी गाजियाबाद, साहिबाबाद की सुलेखा की सशर्त जमानत मंजूर कर ली है। यह आदेश न्यायमूर्ति राजीव जोशी ने दिया है। अर्जी पर अधिवक्ता दिलीप कुमार पांडेय ने बहस की। इनका कहना था कि मृतक अपने कमरे से याची के घर जाते हुए देखा गया और लौटा नहीं। उसकी लाश सह अभियुक्त मुन्ना उर्फ हरिओम के घर के बेसमेंट से बरामद हुई। अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई। पंचनामा के समय याची, उसके पति मुन्ना उर्फ हरिओम व पुत्री अंकिता का नाम दिया गया।
पुलिस ने चार्जशीट दाखिल कर दी है। याची चार नवंबर 2019 से जेल में बंद हैं। महिला हैं।उ सके खिलाफ हत्या में शामिल होने का कोई साक्ष्य नहीं है। गवाह व सीसीटीवी फुटेज में मृतक अपने कमरे से याची के घर जाते हुए देखा गया है। हत्या याची ने की है, इसका कोई सबूत नहीं है। उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। सह अभियुक्त पर आरोप है।
कोर्ट ने दाताराम केस के दिशा-निर्देशों के आधार पर कहा कि याची जमानत पर रिहा होने की हकदार हैं।