{"_id":"65d5f4470ee16ee19f091387","slug":"high-court-asked-shuats-under-which-rule-a-professor-was-given-salary-of-two-posts-2024-02-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाईकोर्ट ने शुआट्स से पूछा : किस नियम के तहत एक प्रोफेसर को दिया दो पदों का वेतन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाईकोर्ट ने शुआट्स से पूछा : किस नियम के तहत एक प्रोफेसर को दिया दो पदों का वेतन
Thu, 22 Feb 2024 05:32 AM IST
विनोद सिंह
अमर उजला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 22 Feb 2024 05:32 AM IST
सार
इस मामले की विवेचना एसआईटी के इंस्पेक्टर विजय कुमार सिंह गौर कर रहे हैं। विवेचना के क्रम में उन्होंने शुआट्स प्रबंधन को एक नोटिस भेजा है। इसमें बताया गया है कि इस मुकदमे में आठ फरवरी को शुआट्स के उप कुलसचिव(प्रशासन एवं अधिष्ठान) डॉ. अमित लारकिन से फोन पर बात की गई।
विज्ञापन
इलाहाबाद हाईकोर्ट।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
शुआट्स प्रोफेसर चंद्रकांत शुक्ला पर दर्ज आय से अधिक संपत्ति के मामले की जांच तेज हो गई है। एसआईटी के विवेचक ने प्रोफेसर की आय को लेकर पूर्व में संस्थान की ओर से दिए गए जवाब को लेकर फिर सवाल-जवाब शुरू कर दिया है। इसके तहत नोटिस भी जारी किया है। इसमें पूछा गया है कि किस नियम के तहत प्राफेसर को दो पदों का वेतन भुगतान किया गया।
विज्ञापन
आरोपी प्रोफेसर शुआट्स के इलेक्टि्रकल इंजीनियरिंग विभाग में तैनात हैं। जून 2022 में उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के आरोप में एसआईटी लखनऊ थाने में मुकदमा दर्ज हुआ।इस मुकदमे का आधार वह रिपोर्ट बनी जिसे मई 2019 से अप्रैल 2022 तक हुई जांच के बाद तैयार किया गया।
विज्ञापन
रिपोर्ट के मुताबिक, शुआट्स में सरकारी अनुदान वाले पद पर तैनात प्रोफेसर चंद्रकांत ने 13 फरवरी 2008 से लेकर जून 2019 के मध्य कुल 17.90 करोड़ रुपये आय अर्जित की। हालांकि इस अवधि में उनका व्यय 29.84 करोड़ रुपये रहा। इस तरह उन्होंने अपनी आय से 66.67 फीसदी अधिक व्यय किया। इस आधार पर उनके खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया।
विज्ञापन